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ग्रामीणों ने की स्वां तटीकरण के कार्य को बढ़ाने की मांग

Sat, 13 Jul 2019 04:36 PM IST
Shimla	 Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sat, 13 Jul 2019 04:36 PM IST
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ग्रामीणों ने की स्वां तटीकरण के कार्य को बढ़ाने की मांग
पंचायत घर तक किया जाए स्वां का तटीकरण
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नंगल जरियाला अपर के वार्ड नंबर चार में हो रही दिक्कत
बरसात में स्कूल, पोस्ट ऑफिस, पंचायत घर नहीं पहुंच पाते
कहा-स्वां तटीकरण को पंचायत कार्यालय तक पहुंचाए
अमर उजाला ब्यूरो
दौलतपुर चौक (ऊना)। निकटवर्ती नंगल जरियाला अपर गांव के वार्ड चार के लोग रास्ता न होने से परेशान हैं। बरसात के दिनों में घरों के दोनों तरफ पानी भरने से कुछ घर गांव से अलग-थलग हो जाते हैं। अगर इन घरों में कोई बीमार भी पड़ जाए तो इमरजेंसी में अस्पताल पहुंचाने में भी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
इसके साथ-साथ बरसात में खड्ड के उफान पर होने से गांव के मध्य में स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, डाकघर, पंचायत घर, लक्ष्मी नारायण मंदिर और कुछ मोहल्लों से सड़क संपर्क टूट जाता है। लोगों को आवागमन में दिक्कत आती है। इन मोहल्लों में गाड़ी तो दूर पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। नरेंद्र सिंह, जगदेव सिंह, अशोक कुमार, दिलबाग सिंह, कल्याण सिंह, राहुल, साहिल, संदीप कुमार, सुरेश कुमार, विपन कुमार, सुदेश कुमारी, विमला देवी, ऊषा रानी, कृष्णा देवी, मंजू बाला, नीलम कुमारी और अनु बाला का कहना है कि इस रास्ते का पहले तटीकरण (धुसी) हुआ था लेकिन बरसात के कारण बह गया। उन्होंने बताया कि अब गांव में जो तटीकरण का कार्य चला है वह भी इन घरों से कुछ दूरी पर ही खत्म हो रहा है। इसकी वजह से स्कूल, पंचायत घर, पोस्ट ऑफिस और बाजार आने जाने का भी कोई रास्ता नहीं है। उन्होंने बताया कि इस बाबत उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों को भी कई बार अवगत करवाया है। लोगों ने प्रशासन एवं विधायक से अपील की कि तटीकरण का कार्य कम से कम पंचायत घर तक किया जाए, ताकि यह सारी आबादी गांव के साथ जुड़ सके।
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पंचायत प्रधान संतोष कुमारी और उपप्रधान सेवानिवृत्त कैप्टन सुशील जरियाल ने कहा कि खड्ड के किनारे धुस्सी शीघ्रातिशीघ्र बनाई जाए, ताकि लोगों को बरसात में आवागमन में दिक्कत न आए। कनिष्ठ अभियंता संजीव पठानिया का कहना है कि नंगल जरियाला खड्ड पर 2700-2700 मीटर दोनों तरफ धुस्सी स्वीकृत है और अगर जनता की मांग आती है तो आगे भी धुस्सी निर्माण के कार्य को उच्चाधिकारियों के समक्ष उठाया जाएगा।
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