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Solan News: देहूंघाट में महिलाओं को मिलेगी वन स्टॉप सेंटर की सुविधा
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महिला एवं बाल विकास विभाग 59 लाख रुपये से करवा रहा भवन का निर्माण
पांच महिलाओं के रहने की सुविधा और 13 स्टाफ सदस्य होंगे तैनात
घरेलू हिंसा, बेघर और अन्य उत्पीड़न से पीड़ित महिलाओं को मिलेगा सहारा
पुलिस, चिकित्सा सुविधा और देखभाल एक ही स्थान पर उपलब्ध होगी
निशिल मेहता
सोलन। सोलन शहर के नजदीकी देहूंघाट में घरेलू हिंसा से पीड़ित महिलाओं के लिए एक नए वन स्टॉप सेंटर का निर्माण कार्य चल रहा है। इसके लिए महिला एवं बाल विकास विभाग 59 लाख रुपये खर्च कर रहा है। इस सेंटर के बनने के बाद, महिलाएं एक ही स्थान पर रहने, पुलिस सहायता और चिकित्सा सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगी। वर्तमान में यह सेंटर सोलन के क्षेत्रीय अस्पताल के पास एक किराये के भवन में संचालित हो रहा है, लेकिन नए भवन के तैयार होने के बाद इसे बेहतर सुविधाओं के साथ संचालित किया जाएगा। नए वन स्टॉप सेंटर में पांच महिलाओं के रहने की सुविधा होगी, साथ ही 13 स्टाफ सदस्य उनकी मदद और देखभाल के लिए उपलब्ध होंगे। इस सेंटर में घरेलू हिंसा के अलावा बेघर और अन्य प्रकार के उत्पीड़न से पीड़ित महिलाओं को भी सहायता मिलेगी। विभाग का मुख्य उद्देश्य इन महिलाओं को सुरक्षित आश्रय, चिकित्सा उपचार और पुलिस सहायता प्रदान करना है। यदि किसी महिला को सड़क पर या फुटपाथ पर देखा जाता है, तो उसे भी इस सेंटर में भेजकर उपचार और देखभाल की जाती है। सेंटर में महिलाओं की देखभाल के लिए महिला डॉक्टरों का स्टाफ भी मौजूद रहेगा। घरेलू हिंसा की शिकायतों पर पुलिस भी तुरंत कार्रवाई करेगी। महिलाएं इस सेंटर में पांच दिन तक रह सकती हैं, जहां उन्हें पूरी तरह से रहने और देखभाल की सुविधा दी जाएगी। विभाग की ओर से इन सेंटरों के बारे में समय-समय पर जागरूकता शिविर भी आयोजित किए जाते हैं।
कोट
महिलाओं की मदद करना उद्देश्य
महिला एवं बाल विकास विभाग का उद्देश्य वन स्टॉप सेंटर के सहारे घरेलू हिंसा और अन्य समस्याओं से जूझ रही बेसहारा महिलाओं की मदद करना है। पुराना वन स्टॉप सेंटर किराये के भवन में चलाया जा रहा है, जिसे अब नए भवन में शिफ्ट किया जाएगा। इससे सेंटर में आने वाली महिलाओं को बेहतर सुविधा मिल सकेगी।
- पद्म देव शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी
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पांच महिलाओं के रहने की सुविधा और 13 स्टाफ सदस्य होंगे तैनात
घरेलू हिंसा, बेघर और अन्य उत्पीड़न से पीड़ित महिलाओं को मिलेगा सहारा
पुलिस, चिकित्सा सुविधा और देखभाल एक ही स्थान पर उपलब्ध होगी
निशिल मेहता
सोलन। सोलन शहर के नजदीकी देहूंघाट में घरेलू हिंसा से पीड़ित महिलाओं के लिए एक नए वन स्टॉप सेंटर का निर्माण कार्य चल रहा है। इसके लिए महिला एवं बाल विकास विभाग 59 लाख रुपये खर्च कर रहा है। इस सेंटर के बनने के बाद, महिलाएं एक ही स्थान पर रहने, पुलिस सहायता और चिकित्सा सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगी। वर्तमान में यह सेंटर सोलन के क्षेत्रीय अस्पताल के पास एक किराये के भवन में संचालित हो रहा है, लेकिन नए भवन के तैयार होने के बाद इसे बेहतर सुविधाओं के साथ संचालित किया जाएगा। नए वन स्टॉप सेंटर में पांच महिलाओं के रहने की सुविधा होगी, साथ ही 13 स्टाफ सदस्य उनकी मदद और देखभाल के लिए उपलब्ध होंगे। इस सेंटर में घरेलू हिंसा के अलावा बेघर और अन्य प्रकार के उत्पीड़न से पीड़ित महिलाओं को भी सहायता मिलेगी। विभाग का मुख्य उद्देश्य इन महिलाओं को सुरक्षित आश्रय, चिकित्सा उपचार और पुलिस सहायता प्रदान करना है। यदि किसी महिला को सड़क पर या फुटपाथ पर देखा जाता है, तो उसे भी इस सेंटर में भेजकर उपचार और देखभाल की जाती है। सेंटर में महिलाओं की देखभाल के लिए महिला डॉक्टरों का स्टाफ भी मौजूद रहेगा। घरेलू हिंसा की शिकायतों पर पुलिस भी तुरंत कार्रवाई करेगी। महिलाएं इस सेंटर में पांच दिन तक रह सकती हैं, जहां उन्हें पूरी तरह से रहने और देखभाल की सुविधा दी जाएगी। विभाग की ओर से इन सेंटरों के बारे में समय-समय पर जागरूकता शिविर भी आयोजित किए जाते हैं।
कोट
महिलाओं की मदद करना उद्देश्य
महिला एवं बाल विकास विभाग का उद्देश्य वन स्टॉप सेंटर के सहारे घरेलू हिंसा और अन्य समस्याओं से जूझ रही बेसहारा महिलाओं की मदद करना है। पुराना वन स्टॉप सेंटर किराये के भवन में चलाया जा रहा है, जिसे अब नए भवन में शिफ्ट किया जाएगा। इससे सेंटर में आने वाली महिलाओं को बेहतर सुविधा मिल सकेगी।
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- पद्म देव शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी