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4 वर्ष से नहीं हुई सड़कों की मरम्मत
ब्यूरो /अमर उजाला, डगशाई (सोलन)
Updated Sun, 17 Jan 2016 07:38 PM IST
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डगशाई क्षेत्र की सड़कों की मरम्मत का मसला दो विभागों के बीच लटका हुआ है। न तो छावनी परिषद और न ही सेना का एमईएस सड़क को दुरुस्त करने की जिम्मेदारी ले रहा है। नतीजतन सड़कें 4 वर्षों से मरम्मत के अभाव में खस्ताहाल हो चुकी हैं। इसका खामियाजा स्थानीय लोगों को भुगतना पड़ रहा है। छावनी परिषद के निर्वाचित सदस्यों ने सड़कों की मरम्मत की मांग जोर शोर से उठाई है।
डगशाई मार्ग पर बड़े-बड़े गड्ढे व धूल-मिट्टी से वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दुर्घटना का भय भी बना रहता है। बारिश होने पर मार्ग की हालत और भी दयनीय हो जाती है। छावनी परिषद की मुख्य सड़कें एमईएस के अधीन आती हैं। छावनी परिषद इन सड़कों को अपने अधीन न होने को कह रही है। छावनी परिषद के उपाध्यक्ष चिंतरजन स्याल से बात की तो उन्होंने कहा कि इन सड़कों को स्थानीय बोर्ड के अधीन लेने की मांग उठाते रहे हैं। लेकिन, यह एमईएस के अधीन हैं। वह कुछ नहीं कर सकते। पूर्व बोर्ड अध्यक्ष ब्रिगेडियर पीबीएस लांबा ने कहा कि एमईएस से एनओसी ली जाएगी, ताकि सड़कों का मरम्मत कार्य बोर्ड कर सके। बोर्ड के पास इसके लिए बजट है।
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डगशाई मार्ग पर बड़े-बड़े गड्ढे व धूल-मिट्टी से वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दुर्घटना का भय भी बना रहता है। बारिश होने पर मार्ग की हालत और भी दयनीय हो जाती है। छावनी परिषद की मुख्य सड़कें एमईएस के अधीन आती हैं। छावनी परिषद इन सड़कों को अपने अधीन न होने को कह रही है। छावनी परिषद के उपाध्यक्ष चिंतरजन स्याल से बात की तो उन्होंने कहा कि इन सड़कों को स्थानीय बोर्ड के अधीन लेने की मांग उठाते रहे हैं। लेकिन, यह एमईएस के अधीन हैं। वह कुछ नहीं कर सकते। पूर्व बोर्ड अध्यक्ष ब्रिगेडियर पीबीएस लांबा ने कहा कि एमईएस से एनओसी ली जाएगी, ताकि सड़कों का मरम्मत कार्य बोर्ड कर सके। बोर्ड के पास इसके लिए बजट है।
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