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Solan News: एक साल बाद भी तैयार नहीं हो सका कीतरपुर पुल
Fri, 07 Jun 2024 11:30 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
Updated Fri, 07 Jun 2024 11:30 PM IST
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बद्दी-पिंजौर सड़क पर कीतरपुर का पुल की फाउंडेशन तैयार। संवाद
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अभी तक चल रहा है पुल की फाउंडेशन का ही कार्य
पुल तैयार होने में अभी भी लग सकता है एक साल
बद्दी-पिंजौर मार्ग पर स्थित है कीतरपुर का पुल
संवाद न्यूज एजेंसी
बद्दी(सोलन)। प्रदेश के सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्र बद्दी को जोड़ने वाबा कीतरपुर पुल एक साल बाद भी तैयार नहीं हो सका। यह पुल पिछली बरसात में सबसे पहले टूटा था। इस पुल के टूटने से बीबीएन औद्योगिक क्षेत्र को काफी नुकसान हुआ था। बरसात आने को एक माह का समय रह गया है। ऐसे में पुल ठीक न होने से लोग सवाल उठा रहे हैं।
बद्दी-पिंजौर मार्ग पर जुलाई व अगस्त में लगातार तीन पुल टूटे थे। जिससे औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन की कमर तोड़ कर रख दी थी। यह तीनों पुल 10 किमी के दायरे में है। इन पुलों के टूटने से पिंजौर का संपर्क बद्दी व नालागढ़ से पुरी तरह से टूट गया था। बद्दी को जाने वाले वाले वाहन वाया सिसवां होकर बद्दी जाते थे या ढेरोंवाल से हो कर बीबीएन पहुंचते थे। ढेरोंवाल होकर जाने से उद्योगपतियों को अतिरिक्त भाड़ा देना पड़ता था। मई में बद्दी के बादल खड्ड पर बना पुल चालू हो गया है। मंडावाला पुल भी 15 से 20 दिन में चालू हो जाएगा। लेकिन कीतरपुर का पुल अभी एक साल और समय लेगा। इस पुल की वर्तमान में नींव पक्की करने का काम चल रहा है।
भाजपा के जिला इकाई के सदस्य कृष्ण कौशल, जेजीपी हरियाणा के प्रदेश प्रवक्ता भाग सिंह दमदमा ने कहा कि फोरलेन का निर्माण कर रही पटेल कंपनी को इस पुल को तैयार करने के लिए एक साल का समय दिया था लेकिन इतनी धीमी गति से कार्य हुआ कि एक साल बीत जाने के बाद भी इस पुल की अब फाउंडेशन भरी जा रही है। यहां पर पटेल कंपनी ने कॉज वे बना रखा है लेकिन इस रास्ते का ग्रेड सही नहीं है। भारी ट्रक इस चढ़ाई में रुक जाते हैं जिससे आए दिन यहां पर जाम लगा रहता है। एक माह बाद बारिश होनी शुरू हो जाएगी अगर पिछले साल की तरह बरसात हुई तो इस वर्ष भी दोबारा ट्रकों को पहिये थम जाएंगे। कालका से जो रास्ता है वह बहुत ही संकरा है उसमें बड़े ट्रक नहीं जा सकते हैं। इसलिए दिल्ली जाने वाली ट्रकों को 50 किमी अतिरिक्त घूम कर पड़ रहा है।
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एनएचएआई के इंजीनियर व प्रोजेक्ट प्रभारी ई. असलम खान ने बताया कि कीरतपुर में पुल का कार्य चल रहा है। फिलहाल यहां पर कॉजवे बनाया गया है। उसमें जो पाइप डाले गए है वह डेढ़ मीटर डाई के हैं। अगर पानी इसके ऊपर से भी जाता है तो पुल को कुछ नुकसान नहीं होगा। इसमें वाहन निकल सकते हैं।
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पुल तैयार होने में अभी भी लग सकता है एक साल
बद्दी-पिंजौर मार्ग पर स्थित है कीतरपुर का पुल
संवाद न्यूज एजेंसी
बद्दी(सोलन)। प्रदेश के सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्र बद्दी को जोड़ने वाबा कीतरपुर पुल एक साल बाद भी तैयार नहीं हो सका। यह पुल पिछली बरसात में सबसे पहले टूटा था। इस पुल के टूटने से बीबीएन औद्योगिक क्षेत्र को काफी नुकसान हुआ था। बरसात आने को एक माह का समय रह गया है। ऐसे में पुल ठीक न होने से लोग सवाल उठा रहे हैं।
बद्दी-पिंजौर मार्ग पर जुलाई व अगस्त में लगातार तीन पुल टूटे थे। जिससे औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन की कमर तोड़ कर रख दी थी। यह तीनों पुल 10 किमी के दायरे में है। इन पुलों के टूटने से पिंजौर का संपर्क बद्दी व नालागढ़ से पुरी तरह से टूट गया था। बद्दी को जाने वाले वाले वाहन वाया सिसवां होकर बद्दी जाते थे या ढेरोंवाल से हो कर बीबीएन पहुंचते थे। ढेरोंवाल होकर जाने से उद्योगपतियों को अतिरिक्त भाड़ा देना पड़ता था। मई में बद्दी के बादल खड्ड पर बना पुल चालू हो गया है। मंडावाला पुल भी 15 से 20 दिन में चालू हो जाएगा। लेकिन कीतरपुर का पुल अभी एक साल और समय लेगा। इस पुल की वर्तमान में नींव पक्की करने का काम चल रहा है।
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भाजपा के जिला इकाई के सदस्य कृष्ण कौशल, जेजीपी हरियाणा के प्रदेश प्रवक्ता भाग सिंह दमदमा ने कहा कि फोरलेन का निर्माण कर रही पटेल कंपनी को इस पुल को तैयार करने के लिए एक साल का समय दिया था लेकिन इतनी धीमी गति से कार्य हुआ कि एक साल बीत जाने के बाद भी इस पुल की अब फाउंडेशन भरी जा रही है। यहां पर पटेल कंपनी ने कॉज वे बना रखा है लेकिन इस रास्ते का ग्रेड सही नहीं है। भारी ट्रक इस चढ़ाई में रुक जाते हैं जिससे आए दिन यहां पर जाम लगा रहता है। एक माह बाद बारिश होनी शुरू हो जाएगी अगर पिछले साल की तरह बरसात हुई तो इस वर्ष भी दोबारा ट्रकों को पहिये थम जाएंगे। कालका से जो रास्ता है वह बहुत ही संकरा है उसमें बड़े ट्रक नहीं जा सकते हैं। इसलिए दिल्ली जाने वाली ट्रकों को 50 किमी अतिरिक्त घूम कर पड़ रहा है।
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एनएचएआई के इंजीनियर व प्रोजेक्ट प्रभारी ई. असलम खान ने बताया कि कीरतपुर में पुल का कार्य चल रहा है। फिलहाल यहां पर कॉजवे बनाया गया है। उसमें जो पाइप डाले गए है वह डेढ़ मीटर डाई के हैं। अगर पानी इसके ऊपर से भी जाता है तो पुल को कुछ नुकसान नहीं होगा। इसमें वाहन निकल सकते हैं।