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किसानों को और रुलाएगा शुष्क मौसम, पांच दिन तक नहीं बदलेगा मौसम

Tue, 28 Nov 2017 07:08 PM IST
Updated Tue, 28 Nov 2017 07:08 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो

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सोलन।
जिले में अगले पांच दिनों तक मौसम में कोई बदलाव नहीं होगा। मौसम वैज्ञानिकों ने मौसम इसके शुष्क रहने की भविष्यवाणी की है। इससे किसानों के चेहरे पर चिंता और बढ़ गई है। पूरी तरह से बारिश पर निर्भर किसानों को इस सप्ताह कुछ राहत की उम्मीद थी। लेकिन मौसम में बदलाव न होने की वजह से अब वे अपनी गेहूं की फसलें नहीं बीज पाएंगे।
नौणी विवि के विशेषज्ञों डॉ. मोहन सिंह जागड़ा और डॉ. सतीश भारद्वाज ने बताया कि फिलहाल मौसम में बदलाव नहीं होगा। आगामी पांच दिनों तक हालात ऐसे ही बने रहने की संभावना है। उन्होंने बताया कि शुष्क मौसम के बावजूद तापमान में गिरावट दर्ज हो रही है। सोमवार रात और मंगलवार सुबह सोलन में 3 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया है। जो शिमला समेत आसपास के पांच जिलों में सबसे कम है। उन्होंने बताया कि आने वाले दिनों में दिन और रात के तापमान में 1-2 डिग्री सेल्सियस की कमी होने की संभावना है।
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हवा पूर्वी-उतर-पूर्वी दिशा से 5 से 8 किमी. प्रति घंटा की गति से चलने तथा औसतन सापेक्षित आर्द्रता 33-78 प्रतिशत तक होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि बटन खुंब खाद में बीज 1 किलोग्राम में 10 किलोग्राम खाद मिलाएं तथा थैलों को हल्का सा दबा दें। इसके बाद थैलों के ऊपरी भाग को मोड़ दें तथा सुतली से बांध दें। थैले के चारों तरफ 15-20 छेद कर दें तथा थैलों को खुंब उत्पादन कक्ष में रखें दें।
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लहसुन की निराई-गुड़ाई करें
विशेषज्ञों के अनुसार लहसुन में निराई-गुड़ाई और हल्की सिंचाई करें। पालक, मूली और शलजम की बीजाई पूरी करें और खाद डालें। मटर में बिल्ट की रोकथाम के लिए बीज की बीजाई से पहले बैविस्टिन 0.5 ग्राम एक लीटर पानी में 2 घंटे उपचारित करने के बाद बीजाई करें। प्याज की तैयार पनीरी को खेत में 15 गुणा 10 सेंटीमीटर की दूरी पर रोपाई करें।


मौनवंशों को मैदानी क्षेत्र में स्थानांतरण करें
विदेशी मधुमक्खी एपिस मैलीफेरा के मौनवंशों को ऐसे मैदानी क्षेत्रों में स्थानांतरण करें जहां पर्याप्त मात्रा में मौनचर उपलब्ध हो। इन क्षेत्रों में तोरिया, सरसों, सफेदा और बरसीम से शहद प्राप्त किया जा सकता है। मौनवंशों में पर्याप्त खुराक सुनिश्चित करें। मौनवंशों में भीतरी पैकिंग लगाएं। भीतरी पैकिंग तुड़ी या थर्मोकोल की दें जो डेढ़ ईंच मोटी हो।

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