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Kullu News: सामूहिक हड़ताल पर रहे चिकित्सक, नहीं किया उपचार
Sat, 27 Dec 2025 10:32 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
Updated Sat, 27 Dec 2025 10:32 PM IST
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प्राथमिक से लेकर कुल्लू अस्पताल तक मरीज परेशान
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिले में चिकित्सकों ने प्रदेश चिकित्सक संघ के आह्वान पर सामूहिक हड़ताल की। एक दिन के सामूहिक अवकाश के बाद चिकित्सक हड़ताल पर रहे।
इसका प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, नागरिक अस्पतालों से लेकर क्षेत्रीय अस्पताल तक असर देखने को मिला। गत शुक्रवार की तरह शनिवार को भी चिकित्सकों ने ओपीडी में सेवाएं नहीं दीं। चिकित्सकों की हड़ताल का कारण इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आईजीएमसी) के सीनियर रेजिडेंट डॉ. राघव निरुला के पक्ष में उतरना रहा।
चिकित्सक संघ के जिलाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र कोहली ने कहा कि आईजीएमसी में मरीज और चिकित्सक मामले में राज्य सरकार ने पल्मोनरी मेडिसिन विभाग में तैनात सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं। यह गलत है। सरकार मामले की निष्पक्ष जांच करे। उन्होंने कहा कि भले ही चिकित्सक हड़ताल पर रहे हैं लेकिन ओपीडी के बजाय सभी आवश्यक और आपातकालीन सेवाएं जारी रखी गईं। चिकित्सकों ने आपातकालीन ओपीडी में मरीजों का उपचार किया। कुल्लू अस्पताल में शनिवार को मेडिकल बोर्ड का आयोजन हुआ। उसमें भी दिव्यांगजनों की दिव्यांगता पात्रता और दस्तावेजों का सत्यापन चिकित्सकों ने किया।
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संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिले में चिकित्सकों ने प्रदेश चिकित्सक संघ के आह्वान पर सामूहिक हड़ताल की। एक दिन के सामूहिक अवकाश के बाद चिकित्सक हड़ताल पर रहे।
इसका प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, नागरिक अस्पतालों से लेकर क्षेत्रीय अस्पताल तक असर देखने को मिला। गत शुक्रवार की तरह शनिवार को भी चिकित्सकों ने ओपीडी में सेवाएं नहीं दीं। चिकित्सकों की हड़ताल का कारण इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आईजीएमसी) के सीनियर रेजिडेंट डॉ. राघव निरुला के पक्ष में उतरना रहा।
चिकित्सक संघ के जिलाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र कोहली ने कहा कि आईजीएमसी में मरीज और चिकित्सक मामले में राज्य सरकार ने पल्मोनरी मेडिसिन विभाग में तैनात सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं। यह गलत है। सरकार मामले की निष्पक्ष जांच करे। उन्होंने कहा कि भले ही चिकित्सक हड़ताल पर रहे हैं लेकिन ओपीडी के बजाय सभी आवश्यक और आपातकालीन सेवाएं जारी रखी गईं। चिकित्सकों ने आपातकालीन ओपीडी में मरीजों का उपचार किया। कुल्लू अस्पताल में शनिवार को मेडिकल बोर्ड का आयोजन हुआ। उसमें भी दिव्यांगजनों की दिव्यांगता पात्रता और दस्तावेजों का सत्यापन चिकित्सकों ने किया।
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