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HP High Court : साल 2022 के बाद नियमित अनुबंध, कर्मियों को मिलेगा संशोधित वेतनमान
Fri, 12 Sep 2025 05:00 AM IST
अंकेश डोगरा
भारती मेहता, संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला
भारती मेहता, संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Fri, 12 Sep 2025 05:00 AM IST
सार
अदालत ने हिमाचल सरकार के उस आदेश को रद्द कर दिया है, जिसमें याचिकाकर्ता के दावे को इस आधार पर खारिज कर दिया था कि उन्होंने 30 सितंबर 2021 तक दो साल की अनुबंध सेवा पूरी नहीं की थी। जानें पूरा मामला...
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हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विस्तार
हिमाचल हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि वर्ष 2022 के बाद नियमित हुए अनुबंध कर्मचारी भी संशोधित वेतनमान के हकदार हैं। अदालत ने सरकार के उस आदेश को रद्द कर दिया है, जिसमें याचिकाकर्ता के दावे को इस आधार पर खारिज कर दिया था कि उन्होंने 30 सितंबर 2021 तक दो साल की अनुबंध सेवा पूरी नहीं की थी। सरकार ने तर्क दिया था कि 2022 के संशोधित वेतनमान नियम केवल उन्हीं कर्मचारियों पर लागू होते हैं, जिन्हें 30 सितंबर 2021 तक नियमित नियुक्त किया था। इसके साथ ही अदालत ने आदेश का पालन करने में देरी और लापरवाही के लिए प्रतिवादी संयुक्त सचिव जनजातीय विभाग को 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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न्यायाधीश ज्योत्सना रिवाल दुआ की अदालत ने जुर्माना राशि मुख्य न्यायाधीश आपदा राहत कोष 2025 में जमा करने के आदेश दिए। अदालत ने संबंधित अधिकारी को तीन हफ्ते में याचिकाकर्ता के मामले पर दोबारा विचार करने और लाभ देने के आदेश भी दिए। अदालत ने यह फैसला प्रभजोत सिंह की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया। न्यायालय ने कहा कि सरकार ने मोहित शर्मा के मामले में दिए फैसले को गलत समझा है। मामले में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि अनुबंध कर्मचारी को नियमित होने के बाद नियमित कर्मचारियों के समान माना जाता है। संशोधित वेतन नियम 2022 का लाभ उन कर्मचारियों को भी मिलेगा, जो इन नियमों के लागू होने के बाद नियमित हुए हैं। कोर्ट ने कहा कि एक ही पद के लिए दो अलग-अलग वेतनमान नहीं हो सकते।
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