Himachal News: हिमाचल ने पंजाब, हरियाणा से उठाया जल उपकर का मामला, मुख्य सचिव ने BBMB में मांगा प्रतिनिधित्व
शुक्रवार देर शाम को हुई उत्तर क्षेत्रीय परिषद की स्थायी समिति की 21वीं बैठक में हिमाचल सरकार ने जल उपकर का मामला उठाया।
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हिमाचल प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को चंडीगढ़ में पंजाब और हरियाणा के अधिकारियों के साथ वार्ता कर जल उपकर का मामला उठाया। चंडीगढ़ में गृह मंत्रालय के अंतर राज्य परिषद सचिवालय की ओर से शुक्रवार देर शाम को हुई उत्तर क्षेत्रीय परिषद की स्थायी समिति की 21वीं बैठक में मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना ने बीबीएमबी में प्रदेश के लिए प्रतिनिधित्व मांगा। उन्होंने कहा कि भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड में हिमाचल प्रदेश का स्थायी सदस्य नियुक्त होना चाहिए। बैठक में वनों से जुड़े मामलों में स्वीकृतियों में देरी होने को लेकर भी चर्चा हुई। हिमाचल के ग्रामीण क्षेत्रों में हो रहे विद्युतीकरण की बैठक में खूब सराहना हुई। दूसरे राज्यों को भी इस तरह से कार्य करने के लिए कहा गया।
बैठक के दौरान जल उपकर के मामले में कहा गया कि राज्य के पास जल संसाधन है। प्रदेश को जल पर उपकर देने के लिए पड़ोसी राज्यों को समझना चाहिए। मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना ने कहा कि भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड में हिमाचल प्रदेश का स्थायी सदस्य नियुक्त होना चाहिए। बीबीएमबी की अधिकांश परियोजना प्रदेश में है। उससे जुड़े मामले समय-समय पर उठते रहते हैं और जन शिकायतों का निवारण करने के लिए बीबीएमबी में हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व होना आवश्यक है। कालका-शिमला रेल लाइन में कई स्थानों पर भूस्खलन के कारण पैदा हुई स्थिति पर रेलवे और एनएचएआई के अधिकारियों को भी बैठक में कई दिशा निर्देश दिए गए। बैठक में प्रधान सचिव देवेश कुमार, मुख्यमंत्री के निजी प्रधान सचिव विवेक भाटिया, सचिव आशीष सिंघमार और संयुक्त सचिव प्रवीण टॉक भी शामिल हुए।