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संस्थागत से होम क्वारंटीन में भेजने के लिए जिला नियंत्रण कक्ष से होंगे आदेश
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हमीरपुर। उपायुक्त हरिकेश मीणा की अध्यक्षता में वीरवार को सभी उपमंडलाधिकारियों (नागरिक), खंड चिकित्सा अधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों, तहसीलदार, सेक्टर मजिस्ट्रेट के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक आयोजित की गई। इसमें क्वारंटीन स्थलों के बेहतर प्रबंधन और निगरानी को और अधिक सुदृढ़ करने पर चर्चा की गई। उपायुक्त ने कहा कि संगरोध में रखे गए व्यक्तियों के नमूनों की जांच रिपोर्ट खंड एवं जिला सर्विलांस अधिकारी के माध्यम से जिला नियंत्रण कक्ष में प्रेषित की जाती है और इनका समुचित मिलान और बेहतर ढंग से सुनिश्चित किया जाए। रिपोर्ट निगेटिव होने पर ऐसे व्यक्तियों को संस्थागत संगरोध सुविधा स्थलों से छोड़ने के आदेश अब उपमंडल स्तर के बजाय जिला स्तर पर होंगे और सर्विलांस टीम को जिला नियंत्रण कक्ष में इसकी सूचना देनी होगी। निगेटिव मामलों में रिपोर्ट प्राप्त होने के एक दिन के भीतर इसकी सूचना संबंधित व्यक्ति को देना सुनिश्चित करें।
बैठक में स्कूलों में बनाए गए संस्थागत संगरोध स्थलों के विकल्प के बारे में भी चर्चा की गई। इसके लिए एक सप्ताह के भीतर विश्राम गृहों, हॉस्टल तथा होटलों इत्यादि को चिह्नित कर इनमें क्षमताएं बढ़ाने के निर्देश दिए गए। होटलों में भुगतान के आधार पर लोगों को संस्थागत संगरोध की व्यवस्था की जा रही है। इसके अतिरिक्त पिछले एक माह में बाहरी राज्यों से आए लोगों को संस्थागत एवं गृह संगरोध में रखने एवं इनके प्रबंधन, रेड जोन से आए लोगों के नमूने लेने की प्रक्रिया इत्यादि पर भी चर्चा की गई।
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बैठक में स्कूलों में बनाए गए संस्थागत संगरोध स्थलों के विकल्प के बारे में भी चर्चा की गई। इसके लिए एक सप्ताह के भीतर विश्राम गृहों, हॉस्टल तथा होटलों इत्यादि को चिह्नित कर इनमें क्षमताएं बढ़ाने के निर्देश दिए गए। होटलों में भुगतान के आधार पर लोगों को संस्थागत संगरोध की व्यवस्था की जा रही है। इसके अतिरिक्त पिछले एक माह में बाहरी राज्यों से आए लोगों को संस्थागत एवं गृह संगरोध में रखने एवं इनके प्रबंधन, रेड जोन से आए लोगों के नमूने लेने की प्रक्रिया इत्यादि पर भी चर्चा की गई।
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