फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   CM Sukhu presiding over the International Disaster Reduction Day Samarth program at Gaiety Theater

Himachal CM: 'पालमपुर में खुलेगा SDRF का प्रशिक्षण संस्थान, आपदा के लिए 800 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट'

Mon, 14 Oct 2024 09:56 PM IST
अंकेश डोगरा संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला।
संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला। Published by: अंकेश डोगरा Updated Mon, 14 Oct 2024 09:56 PM IST
सार

मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने पालमपुर में मुख्य एसडीआरएफ प्रशिक्षण संस्थान स्थापित करने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने गेयटी थियेटर में अंतरराष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण दिवस समर्थ कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यह बात कही। 

विज्ञापन
CM Sukhu presiding over the International Disaster Reduction Day Samarth program at Gaiety Theater
मुख्यमंत्री सुक्खू अंतरराष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण दिवस समर्थ कार्यक्रम के दौरान संबोधित करते हुए। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि पालमपुर में एसडीआरएफ का प्रशिक्षण संस्थान खोला जाएगा। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन के कारण आपदा की घटनाओं में वृद्धि हुई है, इसलिए आपदाओं का बेहतर प्रबंधन जरूरी है। आपदा की चुनौतियों का सामना करने के लिए प्राधिकरण को सदैव तैयार रहना चाहिए। इस दिशा में फ्रांस की एजेंसी एएफडी के सहयोग से 800 करोड़ रुपये की परियोजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है और मिटिगेशन फंड से 500 करोड़ रुपये व्यय किए जा रहे हैं।

विज्ञापन


मुख्यमंत्री ने गेयटी थियेटर में अंतरराष्ट्रीय आपदा न्यूनीकरण दिवस समर्थ कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यह बात कही। सीएम ने राज्य आपदा न्यूनीकरण निधि पोर्टल का शुभारंभ किया। वहीं, हिमाचल में महत्वपूर्ण भवनों के लिए भूकंप रेट्रोफिटिंग कार्यक्रम की शुरुआत भी की। सरकार की पहल को सीबीआरआई रुड़की, एनआईटीटीटीआर चंडीगढ़ और एनआईटी हमीरपुर की तकनीकी विशेषज्ञता का सहयोग मिलेगा। बाल रक्षा भारत और जी एंटरप्राइजेज लिमिटेड के सहयोग से सोलन की ग्राम पंचायत बवासनी में रेजिलिएंट मॉडल विलेज विकसित करने के लिए री-बिल्डिंग लाइव नामक कार्यक्रम भी शुरू किया।
विज्ञापन


मुख्यमंत्री की उपस्थिति में हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने प्रदेश में इंजीनियरों, वास्तुकारों, बिल्डरों और राज मिस्त्रियों के कौशल उन्नयन के लिए सीबीआरआई रुड़की के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। समझौते के तहत कांगड़ा जिले के रैत में एएफडी कार्यक्रम के लक्ष्यों के अनुरूप प्रशिक्षण और प्रदर्शन इकाई स्थापित की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 1905 में प्रदेश के कांगड़ा जिले में भूकंप के कारण 20,000 से अधिक लोगों की मृत्यु हुई थी। पिछले वर्ष मानसून में 500 से अधिक लोगों की मौतें हुईं और 10,000 करोड़ की सार्वजनिक और निजी संपत्ति का नुकसान हुआ। केंद्र से किसी प्रकार की वित्तीय सहायता न मिलने के बावजूद राज्य सरकार ने 23,000 प्रभावित परिवारों का पुनर्वास किया और 4,500 करोड़ का आपदा राहत पैकेज लागू किया है। पैकेज के तहत पूरी तरह से नष्ट हो चुके घरों के लिए मुआवजे की राशि 1.30 लाख से बढ़ाकर सात लाख की गई।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय भवन अनुसंधान रूड़की के वैज्ञानिकों की ओर से तैयार प्रकाशन कवच-1 और कवच-2 का विमोचन किया। उन्होंने विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता बच्चों को सम्मानित किया। वहीं, मानसून में समेज, बागीपुल, राजबन में बादल फटने की घटनाओं के दौरान किए गए असाधारण राहत कार्यों के लिए विभिन्न व्यक्तियों को सम्मानित भी किया। मुख्यमंत्री ने आपदा तैयारी और प्रतिक्रिया के लिए युवा स्वयंसेवियों की टास्क फोर्स के लिए जिला कांगड़ा और चंबा को सर्वोत्तम प्रदर्शन करने वाले जिला के पुरस्कार से सम्मानित किया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed