{"_id":"660a6ef7ad0e6c9095005447","slug":"himachal-entangled-in-fra-jammu-laid-network-of-roads-on-border-area-chamba-news-c-88-1-ssml1004-121591-2024-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: एफआरए के फेर में उलझा हिमाचल, जम्मू ने सीमा क्षेत्र पर बिछाया सड़कों का जाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: एफआरए के फेर में उलझा हिमाचल, जम्मू ने सीमा क्षेत्र पर बिछाया सड़कों का जाल
Mon, 01 Apr 2024 01:53 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 01 Apr 2024 01:53 PM IST
विज्ञापन
एफआरए के फेर में उलझा हिमाचल, जम्मू ने सीमा क्षेत्र पर बिछाया सड़कों का जाल
तेलका के व्यापारी बोले- गर्झिंडू से सकोटी तक सड़क नहीं बनने के कारण उठाना पड़ रहा है नुकसान
आरोप, पड़ोसी राज्य ने किया ह हिमाचल की जमीन पर कब्जा, प्रधान सचिव भी कर चुके हैं निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
तेलका (चंबा)। पड़ोसी राज्य जम्मू-कश्मीर ने युद्धस्तर पर काम चलाकर अपनी जमीन पर सड़क बना ली है, जबकि चंबा से गर्झिंडू से सकोटी सड़क एफआरए की अनुमति में उलझकर रह गई है। पिछले पांच साल से सड़क के निर्माण के लिए एफआरए की अनुमति नहीं मिल पाई है। वन विभाग का कहना है कि कुछ त्रुटियां होने के कारण एफआरए की फाइल वापस लोक निर्माण विभाग को भेजी गई है। जैसे ही त्रुटियां हटाई जाती हैं, एफआरए की कार्रवाई शुरू की जाएगी। तेलका के व्यापारियों का कहना है कि जम्मू-कश्मीर की ओर से हिमाचल सीमा से सटे क्षेत्रों में सड़कों का जाल बिछा दिया गया है, जबकि हिमाचल सरकार इस दिशा में कोई कदम नहीं उठा रही है। व्यापारियों ने यह भी आरोप लगाया कि जम्मू-कश्मीर ने पधरी में हिमाचल की जमीन पर कब्जा कर रखा है।
उधर, बीते दिनों प्रधान सचिव भी पड़ोसी राज्य के साथ लगते चंबा के सीमावर्ती क्षेत्र पधरी जोत का निरीक्षण करने के लिए पहुंचे थे। उन्होंने वन विभाग को रकबे तैयार करने, लोक निर्माण विभाग को अपनी जमीन पर सड़क बनाने और उसे पक्का करने समेत संबंधित पंचायत को कार्य शुरू करने के निर्देश दिए थे, लेकिन अभी तक गर्झिंडू से सकोटी सड़क की एफआरए की फाइल नहीं बन पाई है।
व्यापारियों ने कहा कि सड़कों का जाल बिछाने के कारण जम्मू के साथ लगते हिमाचल के लोग उसी सड़क से जम्मू (बनी) की ओर जाते हैं। जम्मू से ही सामान लाते हैं। इससे तेलका के दुकानदारों को नुकसान हो रहा है। जब से जम्मू कश्मीर ने बनी से डुगाल सड़क बनी है, तब से क्षेत्र में व्यापार ठप हो गया है। टैक्सी चालकों का काम भी मंदा है।
विज्ञापन
व्यापारियों विपिन कुमार, चमरू लाल, राकेश कुमार, दर्शन लाल, मनोज शर्मा, करम सिंह, नजीर मोहम्मद, महबूब खान, सुनील कुमार, विनोद शर्मा, संदीप कुमार, दीपक कुमार ने सरकार से गर्झिंडू से हाला नाला तक सड़क पहुंचाने की मांग की है।
उधर, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता कुमुद उपाध्याय ने कहा कि गर्झिंडू से सकोटी सड़क की एफआरए फाइल क्लीयर होने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी। वन मंडल अधिकारी सलूणी सुशील कुमार गुलरिया ने कहा कि एफआरए की फाइल में कुछ त्रुटियां थीं। इस कारण फाइल वापस लोक निर्माण विभाग को भेजी है। फाइल से त्रुटियां हटते ही एफआरए की कार्रवाई शुरू की जाएगी।
--
विज्ञापन
तेलका के व्यापारी बोले- गर्झिंडू से सकोटी तक सड़क नहीं बनने के कारण उठाना पड़ रहा है नुकसान
आरोप, पड़ोसी राज्य ने किया ह हिमाचल की जमीन पर कब्जा, प्रधान सचिव भी कर चुके हैं निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
तेलका (चंबा)। पड़ोसी राज्य जम्मू-कश्मीर ने युद्धस्तर पर काम चलाकर अपनी जमीन पर सड़क बना ली है, जबकि चंबा से गर्झिंडू से सकोटी सड़क एफआरए की अनुमति में उलझकर रह गई है। पिछले पांच साल से सड़क के निर्माण के लिए एफआरए की अनुमति नहीं मिल पाई है। वन विभाग का कहना है कि कुछ त्रुटियां होने के कारण एफआरए की फाइल वापस लोक निर्माण विभाग को भेजी गई है। जैसे ही त्रुटियां हटाई जाती हैं, एफआरए की कार्रवाई शुरू की जाएगी। तेलका के व्यापारियों का कहना है कि जम्मू-कश्मीर की ओर से हिमाचल सीमा से सटे क्षेत्रों में सड़कों का जाल बिछा दिया गया है, जबकि हिमाचल सरकार इस दिशा में कोई कदम नहीं उठा रही है। व्यापारियों ने यह भी आरोप लगाया कि जम्मू-कश्मीर ने पधरी में हिमाचल की जमीन पर कब्जा कर रखा है।
उधर, बीते दिनों प्रधान सचिव भी पड़ोसी राज्य के साथ लगते चंबा के सीमावर्ती क्षेत्र पधरी जोत का निरीक्षण करने के लिए पहुंचे थे। उन्होंने वन विभाग को रकबे तैयार करने, लोक निर्माण विभाग को अपनी जमीन पर सड़क बनाने और उसे पक्का करने समेत संबंधित पंचायत को कार्य शुरू करने के निर्देश दिए थे, लेकिन अभी तक गर्झिंडू से सकोटी सड़क की एफआरए की फाइल नहीं बन पाई है।
विज्ञापन
व्यापारियों ने कहा कि सड़कों का जाल बिछाने के कारण जम्मू के साथ लगते हिमाचल के लोग उसी सड़क से जम्मू (बनी) की ओर जाते हैं। जम्मू से ही सामान लाते हैं। इससे तेलका के दुकानदारों को नुकसान हो रहा है। जब से जम्मू कश्मीर ने बनी से डुगाल सड़क बनी है, तब से क्षेत्र में व्यापार ठप हो गया है। टैक्सी चालकों का काम भी मंदा है।
विज्ञापन
व्यापारियों विपिन कुमार, चमरू लाल, राकेश कुमार, दर्शन लाल, मनोज शर्मा, करम सिंह, नजीर मोहम्मद, महबूब खान, सुनील कुमार, विनोद शर्मा, संदीप कुमार, दीपक कुमार ने सरकार से गर्झिंडू से हाला नाला तक सड़क पहुंचाने की मांग की है।
उधर, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता कुमुद उपाध्याय ने कहा कि गर्झिंडू से सकोटी सड़क की एफआरए फाइल क्लीयर होने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी। वन मंडल अधिकारी सलूणी सुशील कुमार गुलरिया ने कहा कि एफआरए की फाइल में कुछ त्रुटियां थीं। इस कारण फाइल वापस लोक निर्माण विभाग को भेजी है। फाइल से त्रुटियां हटते ही एफआरए की कार्रवाई शुरू की जाएगी।