{"_id":"6706b235cd7a55446e062317","slug":"bmo-is-not-joining-chamba-even-on-government-orders-chamba-news-c-88-1-ssml1006-134763-2024-10-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: सरकार के आदेश पर भी चंबा में ज्वाइन नहीं कर रहे बीएमओ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: सरकार के आदेश पर भी चंबा में ज्वाइन नहीं कर रहे बीएमओ
Wed, 09 Oct 2024 10:11 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Wed, 09 Oct 2024 10:11 PM IST
विज्ञापन
चंबा। प्रदेश सरकार के आदेशों के बाद भी आकांक्षी जिले में डॉक्टर नौकरी करने के लिए तैयार नहीं हैं। न डॉक्टर चंबा में नौकरी करने के लिए आ रहे हैं और न ही अन्य स्वास्थ्य कर्मी सरकार के आदेशों का पालन कर रहे हैं।
कुछ दिन पहले चंबा में सरकार ने चार खंड चिकित्सा अधिकारियों के तैनाती के आदेश निकाले थे। किसी भी खंड चिकित्सा अधिकारी ने चंबा में ज्वाइन नहीं किया है। इससे साबित होता है कि सरकार ने भले ही चंबा को आकांक्षी जिले में शामिल किया है, लेकिन इस जिले में कोई भी सरकारी कर्मचारी नौकरी करने के लिए तैयार नहीं है। स्वास्थ्य विभाग में जिले में ऐसा कोई सरकारी स्वास्थ्य संस्थान नहीं होगा, जहां डॉक्टर और अन्य स्टाफ की कमी नहीं होगी, लेकिन सरकार इस कमी को चाहकर भी दूर नहीं कर पा रही है।
स्वास्थ्य खंड में खंड चिकित्सा अधिकारी का पद काफी अहम होता है। वह अपने स्वास्थ्य खंड के स्वास्थ्य संस्थानों में सभी व्यवस्थाओं पर नजर रखता है। सरकार के समक्ष कमियों को भी पहुंचाता है। चंबा जिले के चार स्वास्थ्य खंड ऐसे हैं, जहां कई वर्षों से खंड चिकित्सा अधिकारी के पद खाली हैं। स्वास्थ्य खंड भरमौर, चूड़ी, किहार और तीसा में कार्यकारी खंड चिकित्सा अधिकारी कार्यभार संभाल रहे हैं। ये ओपीडी देखने के साथ प्रबंधन का कार्य भी देख रहे हैं। इससे कहीं न कहीं इन स्वास्थ्य खंडों में स्वास्थ्य सेवाओं पर भी बुरा असर पड़ रहा है। इसलिए सरकार को समय रहते इन खाली पड़े पदों पर खंड चिकित्सा अधिकारियों की तैनाती करनी चाहिए।
विज्ञापन
उधर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर बिपन ठाकुर ने बताया कि अभी तक जिले में किसी भी खंड चिकित्सा अधिकारी ने ज्वाइन नहीं किया है। सरकार को खंड चिकित्सा अधिकारियों की चल रही कमी के बारे में अवगत करवा दिया गया है।
--
विज्ञापन
कुछ दिन पहले चंबा में सरकार ने चार खंड चिकित्सा अधिकारियों के तैनाती के आदेश निकाले थे। किसी भी खंड चिकित्सा अधिकारी ने चंबा में ज्वाइन नहीं किया है। इससे साबित होता है कि सरकार ने भले ही चंबा को आकांक्षी जिले में शामिल किया है, लेकिन इस जिले में कोई भी सरकारी कर्मचारी नौकरी करने के लिए तैयार नहीं है। स्वास्थ्य विभाग में जिले में ऐसा कोई सरकारी स्वास्थ्य संस्थान नहीं होगा, जहां डॉक्टर और अन्य स्टाफ की कमी नहीं होगी, लेकिन सरकार इस कमी को चाहकर भी दूर नहीं कर पा रही है।
विज्ञापन
स्वास्थ्य खंड में खंड चिकित्सा अधिकारी का पद काफी अहम होता है। वह अपने स्वास्थ्य खंड के स्वास्थ्य संस्थानों में सभी व्यवस्थाओं पर नजर रखता है। सरकार के समक्ष कमियों को भी पहुंचाता है। चंबा जिले के चार स्वास्थ्य खंड ऐसे हैं, जहां कई वर्षों से खंड चिकित्सा अधिकारी के पद खाली हैं। स्वास्थ्य खंड भरमौर, चूड़ी, किहार और तीसा में कार्यकारी खंड चिकित्सा अधिकारी कार्यभार संभाल रहे हैं। ये ओपीडी देखने के साथ प्रबंधन का कार्य भी देख रहे हैं। इससे कहीं न कहीं इन स्वास्थ्य खंडों में स्वास्थ्य सेवाओं पर भी बुरा असर पड़ रहा है। इसलिए सरकार को समय रहते इन खाली पड़े पदों पर खंड चिकित्सा अधिकारियों की तैनाती करनी चाहिए।
विज्ञापन
उधर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर बिपन ठाकुर ने बताया कि अभी तक जिले में किसी भी खंड चिकित्सा अधिकारी ने ज्वाइन नहीं किया है। सरकार को खंड चिकित्सा अधिकारियों की चल रही कमी के बारे में अवगत करवा दिया गया है।