{"_id":"6ad3c377553c0763550e5a54","slug":"academic-pressure-and-exam-anxiety-can-harm-mental-health-bilaspur-news-c-92-1-ssml1001-170101-2026-10-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: पढ़ाई का दबाव और परीक्षा की चिंता बिगाड़ सकती है मानसिक सेहत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: पढ़ाई का दबाव और परीक्षा की चिंता बिगाड़ सकती है मानसिक सेहत
विज्ञापन
दसलेहड़ा स्कूल में आयोजित स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम में मौजूद विद्यार्थी। स्रोत: स्कूल प्रबं
दसलेहड़ा स्कूल में विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर विद्यार्थियों को किया जागरूक
संवाद न्यूज एजेंसी
झंडूता (बिलासपुर)। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के खंड झंडूता की ओर से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दसलेहड़ा में विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्कूल प्रधानाचार्य अंजना ने की। कार्यक्रम खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अतुल भारद्वाज के निर्देशानुसार आयोजित किया गया। स्वास्थ्य शिक्षक कमल कुमार ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के महत्व, तनाव प्रबंधन और मानसिक समस्याओं के लक्षणों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पढ़ाई का दबाव, परीक्षा की चिंता और बदलती जीवनशैली किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। ऐसे में मानसिक परेशानी के लक्षणों को समय रहते पहचानकर सहायता लेना जरूरी है। उन्होंने बताया कि लगातार उदासी या निराशा, अत्यधिक चिंता, चिड़चिड़ापन, नींद और भूख में बदलाव, किसी काम में मन न लगना, थकान और एकाग्रता में कमी मानसिक परेशानी के संकेत हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में प्रभावित व्यक्ति के प्रति सकारात्मक और सहयोगात्मक रवैया अपनाना चाहिए। जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय सलाह भी लेनी चाहिए। कमल कुमार ने विद्यार्थियों को नियमित व्यायाम और योग करने, पर्याप्त नींद लेने, ध्यान एवं गहरी सांसों का अभ्यास करने और मोबाइल का सीमित उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि अपनी परेशानियों को परिवार, मित्रों और शिक्षकों के साथ साझा करने से तनाव से निपटने में मदद मिल सकती है। मानसिक परेशानी को छिपाने के बजाय समय रहते सहायता लेना जरूरी है।
उन्होंने भारत सरकार की टेली-मानस मानसिक स्वास्थ्य हेल्पलाइन 14416 की जानकारी भी दी। बताया कि मानसिक तनाव, चिंता, अवसाद और अन्य मानसिक समस्याओं के लिए इस टोल फ्री नंबर पर निशुल्क सहायता और परामर्श लिया जा सकता है।
भाषण प्रतियोगिता में अंशिका प्रथम
कार्यक्रम के दौरान भाषण प्रतियोगिता भी करवाई गई। इसमें अंशिका ने प्रथम, डिंपल ने द्वितीय और हिमांशी ने तृतीय स्थान हासिल किया। अंत में सभी प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरित किए गए। इस अवसर पर महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता मंजू ठाकुर, कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर रमन और आशा कार्यकर्ता संतोष व अनीता मौजूद रहीं। कार्यक्रम में स्कूल के 205 शिक्षक और विद्यार्थियों ने भाग लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
झंडूता (बिलासपुर)। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के खंड झंडूता की ओर से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दसलेहड़ा में विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्कूल प्रधानाचार्य अंजना ने की। कार्यक्रम खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. अतुल भारद्वाज के निर्देशानुसार आयोजित किया गया। स्वास्थ्य शिक्षक कमल कुमार ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के महत्व, तनाव प्रबंधन और मानसिक समस्याओं के लक्षणों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पढ़ाई का दबाव, परीक्षा की चिंता और बदलती जीवनशैली किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। ऐसे में मानसिक परेशानी के लक्षणों को समय रहते पहचानकर सहायता लेना जरूरी है। उन्होंने बताया कि लगातार उदासी या निराशा, अत्यधिक चिंता, चिड़चिड़ापन, नींद और भूख में बदलाव, किसी काम में मन न लगना, थकान और एकाग्रता में कमी मानसिक परेशानी के संकेत हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में प्रभावित व्यक्ति के प्रति सकारात्मक और सहयोगात्मक रवैया अपनाना चाहिए। जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय सलाह भी लेनी चाहिए। कमल कुमार ने विद्यार्थियों को नियमित व्यायाम और योग करने, पर्याप्त नींद लेने, ध्यान एवं गहरी सांसों का अभ्यास करने और मोबाइल का सीमित उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि अपनी परेशानियों को परिवार, मित्रों और शिक्षकों के साथ साझा करने से तनाव से निपटने में मदद मिल सकती है। मानसिक परेशानी को छिपाने के बजाय समय रहते सहायता लेना जरूरी है।
उन्होंने भारत सरकार की टेली-मानस मानसिक स्वास्थ्य हेल्पलाइन 14416 की जानकारी भी दी। बताया कि मानसिक तनाव, चिंता, अवसाद और अन्य मानसिक समस्याओं के लिए इस टोल फ्री नंबर पर निशुल्क सहायता और परामर्श लिया जा सकता है।
विज्ञापन
भाषण प्रतियोगिता में अंशिका प्रथम
कार्यक्रम के दौरान भाषण प्रतियोगिता भी करवाई गई। इसमें अंशिका ने प्रथम, डिंपल ने द्वितीय और हिमांशी ने तृतीय स्थान हासिल किया। अंत में सभी प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरित किए गए। इस अवसर पर महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता मंजू ठाकुर, कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर रमन और आशा कार्यकर्ता संतोष व अनीता मौजूद रहीं। कार्यक्रम में स्कूल के 205 शिक्षक और विद्यार्थियों ने भाग लिया।
विज्ञापन