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Yamuna Nagar News: शराब की बरामदगी में सेल्स मैनेजर गिरफ्तार, मास्टरमाइंड की तलाश
Mon, 24 Jun 2024 04:48 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Mon, 24 Jun 2024 04:48 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। सीआईए वन की टीम ने नेशनल हाईवे 344 पर पिरथी का माजरा गांव के पास देसी शराब 1200 पेटी से भरा कैंटर के मामले में कार्रवाई करते हुए एमएच एनवी इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड का सेल्स मैनेजर मनोज महाजन को गिरफ्तार किया है। वहीं मामले में पुलिस ने कैंटर चालक राम अवतार और गोदाम के मुंशी को शुक्रवार को ही काबू कर लिया था। दोनों रिमांड पर चल रहे हैं। पूरे खेल का मास्टर माइंड की तलाश के लिए पुलिस हर बारीकी एंगल से मामले की तफ्तीश में जुटी है।
सीआईए वन इंचार्ज इंचार्ज यादविंद्र सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि शराब से भरा एक कैंटर नेशनल हाईवे 344 से होता हुआ उत्तर प्रदेश की तरफ जाएगा। इस सूचना पर उनकी टीम ने पिरथी का माजरा के पास नाकाबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की। देर शाम अंबाला की तरफ से एक कैंटर आता दिखाई।
उनकी टीम ने कैंटर को रोककर जांच की तो उसके अंदर से भारी मात्रा में देशी शराब से भरी पेटियां लदी हुई मिली। मामले की सूचना आबकारी विभाग को दी गई। जिसके बाद आबकारी निरीक्षक जगाधरी मोहन सिंह राणा अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उनके समक्ष कैंटर चालक से शराब के दस्तावेज मांगे गए। आरोपी ने गाड़ी में 1200 पेटी देशी शराब होने का परमिट दिखाया।
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यह परमिट 20 जून को शाम पांच बजकर 32 मिनट पर एमएच एनवी इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड बढौली अंबाला से जारी किया हुआ दिखाया गया। इस परमिट की वैधता 21 जून को दोपहर दो बजे तक की थी। परमिट के अनुसार यह शराब एमएस स्कोच स्टेशन वाइन जगाधरी को पहुंचाई जानी थी। उनकी टीम ने पेटियों को उतार कर जांच की। जांच के दौरान पेटियों पर लगे बार कोड को ट्रैक एंड ट्रेस के माध्यम से स्कैन किया गया।
जिन पेटियों को स्कैन किया गया वह शराब की पेटियां एमएस स्कोच स्टेशन वाइन जगाधरी में पहले से स्टॉक इन दिखाई गई। इसके अलावा गाड़ी के अंदर से एक दूसरे नंबर की भी प्लेट मिली है। माना जा रहा है कि आरोपी गाड़ी की नंबर प्लेट बदलकर भी तस्करी करते है। जांच में सामने आया कि आरोपी वैधता खत्म होने पर भी परमिट पर शराब की सप्लाई कर रहे थे। अब सप्लाई देने और लेने वाले गोदाम संचालकों पर भी गाज गिर सकती है।
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यमुनानगर। सीआईए वन की टीम ने नेशनल हाईवे 344 पर पिरथी का माजरा गांव के पास देसी शराब 1200 पेटी से भरा कैंटर के मामले में कार्रवाई करते हुए एमएच एनवी इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड का सेल्स मैनेजर मनोज महाजन को गिरफ्तार किया है। वहीं मामले में पुलिस ने कैंटर चालक राम अवतार और गोदाम के मुंशी को शुक्रवार को ही काबू कर लिया था। दोनों रिमांड पर चल रहे हैं। पूरे खेल का मास्टर माइंड की तलाश के लिए पुलिस हर बारीकी एंगल से मामले की तफ्तीश में जुटी है।
सीआईए वन इंचार्ज इंचार्ज यादविंद्र सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि शराब से भरा एक कैंटर नेशनल हाईवे 344 से होता हुआ उत्तर प्रदेश की तरफ जाएगा। इस सूचना पर उनकी टीम ने पिरथी का माजरा के पास नाकाबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की। देर शाम अंबाला की तरफ से एक कैंटर आता दिखाई।
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उनकी टीम ने कैंटर को रोककर जांच की तो उसके अंदर से भारी मात्रा में देशी शराब से भरी पेटियां लदी हुई मिली। मामले की सूचना आबकारी विभाग को दी गई। जिसके बाद आबकारी निरीक्षक जगाधरी मोहन सिंह राणा अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उनके समक्ष कैंटर चालक से शराब के दस्तावेज मांगे गए। आरोपी ने गाड़ी में 1200 पेटी देशी शराब होने का परमिट दिखाया।
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यह परमिट 20 जून को शाम पांच बजकर 32 मिनट पर एमएच एनवी इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड बढौली अंबाला से जारी किया हुआ दिखाया गया। इस परमिट की वैधता 21 जून को दोपहर दो बजे तक की थी। परमिट के अनुसार यह शराब एमएस स्कोच स्टेशन वाइन जगाधरी को पहुंचाई जानी थी। उनकी टीम ने पेटियों को उतार कर जांच की। जांच के दौरान पेटियों पर लगे बार कोड को ट्रैक एंड ट्रेस के माध्यम से स्कैन किया गया।
जिन पेटियों को स्कैन किया गया वह शराब की पेटियां एमएस स्कोच स्टेशन वाइन जगाधरी में पहले से स्टॉक इन दिखाई गई। इसके अलावा गाड़ी के अंदर से एक दूसरे नंबर की भी प्लेट मिली है। माना जा रहा है कि आरोपी गाड़ी की नंबर प्लेट बदलकर भी तस्करी करते है। जांच में सामने आया कि आरोपी वैधता खत्म होने पर भी परमिट पर शराब की सप्लाई कर रहे थे। अब सप्लाई देने और लेने वाले गोदाम संचालकों पर भी गाज गिर सकती है।