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पहली ही बारिश में खुली निगम ईओ के दावों की पोल, कई कॉलोनियों में हुआ जलभराव
Updated Sun, 10 Jun 2018 12:17 AM IST
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पहली ही बारिश में खुली निगम ईओ के दावों की पोल, कई कॉलोनियों में हुआ जलभराव
12 एमएम बारिश से तपिश उडन छूं, जलभराव देख कॉलोनी वासियों के माथे पर आया पसीना
शुक्रवार को हुई बैठक में ईओ ने बारिश में दिक्कत न होने की कहीं थी बात, बोले थे सभी नालों की हो रही सफाई
नालों की सफाई न होने के चलते ही बारशि से हुआ जलभराव
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। शुक्रवार को हुई हाउस की मीटिंग में ईओ ने दावा किया था अधिकतर नाले साफ हो गए, इस बार किसी को डूबने नहीं देंगे, लेकिन शनिवार सुबह हुई प्री मानसून की पहली ही बारिश में ईओ के दावों की पोल खोलकर रख दी। जिलेभर में औसतन हुई 12 एमएम बारिश से शहर की कई कॉलोनियों में डेढ़ से दो फुट पानी जमा हो गया। बारिश से हालांकि कई दिनों लोगों को झुलसा देने वाले गर्मी व तपिश तो उडन छूं हो गई। लेकिन गलियों में जलभराव देखकर कॉलोनी वासियों के माथे पर पसीना आ गया। लोगों को दिनभर दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
शनिवार अलसुबह करीब छह बजे आसमान से बारिश शुरू हुई। जो नौ बजे तक होती रही। इस बीच सुबह आठ बजे से साढे आठ बजे जोरदार बारिश हुई। इससे ट्विनसिटी की जल निकासी की कुछ ही देर में पोल खुल गई। इससे निचली कॉलोनियों में जलभराव हो गया। वहीं, सीवरेज चोक होने के चलते कई कॉलोनियों में सीवरेज की गंदगी सड़क पर फैल गई। सबसे खराब हाल जगाधरी की पत्थरो वाला बाजार, झंडा चौक, शहर की लाजपत नगर, टैगोर गार्डन, विजय कॉलोनी व मिश्रा कॉलोनी व अन्य निचली कॉलोनियों में देखने को मिला। इस बारिश में कॉलोनियों के लोग सहम उठे हैं। गौरतलब है कि पिछले मानसून में बारिश के दौरान इन कॉलोनियों के सैकड़ों घरों में बरसाती व कॉलोनी से गुजरने वाले नाले का पानी घुस गया था, जिससे लोगों का लाखों रुपये का घरेलू सामान खराब हो गया था।
बॉक्स
जगाधरी से आने वाले नाले कॉलोनियों में आता है गंदा पानी :
जगाधरी से गंदे पानी का नाला हुडा सेक्टर 17 से होते हुए, प्रोफेसर कॉलोनी, माडल टाउन, सरोजनी कॉलोनी से होते हुए टैगोर गार्डन, लाजपत नगर, विजय कॉलोनी व मिश्रा कॉलोनी होकर पश्चिमी यमुना नहर में जाता है। नाले पर कई स्थानों पर लोगों ने कब्जा किया हुआ है। इससे बरसात होने पर नाला ओवरफ्लो हो जाता है। इसका गंदा पानी उसके आसपास लगती कॉलोनियों में जाता है। इससे पाशश् कॉलोनियों में शुमार प्रोफेसर कॉलोनी में भी पानी जमा हो जाता है।
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-पांच फुट गहरे नाले में तीन फुट गाद, कमीश्रर से की शिकायत-
बारिश के बाद प्रोफेसर कॉलोनी वासी कुलवंत सिंह भाटिया, सुदेश शर्मा, राहुल शर्मा, राजीव, सुशील व संजय ने बताया कि इस नाले की गहराई करीब पांच फुट है। अब तक नाले की सफाई नहीं की गई है। नाले में अभी भी तीन फुट तक गाद भरी हुई है। ऐसे में भारी बास्त्ररिश हतोने पर जल निकासी नहीं हो पाएगी, जिससे उनकी कॉलोनी के घरों में पिछले साल की तरह तीन से चार फुट पानी आ जाएगा। लोगों ने शिकायत की कि एक प्रभावशाली व्यक्ति ने पुलिया के नजदीक नाले पर लैंटर डाल दिया है। निगम प्रशासन भी नाले पर डाले गए लैंटर की अनदेखी कर रहा है।
बॉक्स
सीवरेज ब्लॉक होने से हाईवे पर फैला गंदा पानी :
बारिश के बाद सहारनपुर कुरुक्षेत्र स्टेट हाईवे पर कैंप के नजदीक सिवरेज ब्लॉक हो गया। इससे हाईवे पर गंदा पानी फैलने लगा। लोगों ने सीवरेज में कोई वाहन गिरकर क्षतिग्रस्त न हो जाए, इसके लिए उसके पास एक बाइक व टेबल रख दिया गया। वाहन चालकों को हाईवे से निकलने में परेशानी हुई।
बाक्स-
गन्ने, धान की पौध व चारे की फसल को फायदा :
शनिवार सुबह हुई बारिश से जहां लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है। वहीं, किसानों का फसलों का लाभ मिला। किसान कंवरपाल, महिंद्र, महीपाल, अनिल कुमार, संजय कुमार, गुरदयाल सिंह ने बताया कि बारिश से गन्ने, ज्वार, धान की पौध व अन्य फसल को लाभ मिला है। बारिश होने से इन फसलों की पैदावार बढ़ेगी। पशुओं के लिए चारे की फसल में अब प्रतिदिन बढोत्तरी होगी।
वर्जन
नालों की सफाई का कार्य चल रहा है। बारिश के चलते जहां तक वाटर लॉकिंग की समस्या थी, वहां पर कर्मचारियों को तुरंत भेज समस्या का हल किया गया। ताकि लोगों को दिक्कत न हो। 15 जून तक सभी नालों की सफाई हो जाएगी। इसके बाद वाटर लॉकिंग की दिक्कत नहीं आएगी।
- अनिल नैन, चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर, नगर रानगम यमुनानगर-जगाधरी।
फोटो - 36 से 40
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12 एमएम बारिश से तपिश उडन छूं, जलभराव देख कॉलोनी वासियों के माथे पर आया पसीना
शुक्रवार को हुई बैठक में ईओ ने बारिश में दिक्कत न होने की कहीं थी बात, बोले थे सभी नालों की हो रही सफाई
नालों की सफाई न होने के चलते ही बारशि से हुआ जलभराव
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। शुक्रवार को हुई हाउस की मीटिंग में ईओ ने दावा किया था अधिकतर नाले साफ हो गए, इस बार किसी को डूबने नहीं देंगे, लेकिन शनिवार सुबह हुई प्री मानसून की पहली ही बारिश में ईओ के दावों की पोल खोलकर रख दी। जिलेभर में औसतन हुई 12 एमएम बारिश से शहर की कई कॉलोनियों में डेढ़ से दो फुट पानी जमा हो गया। बारिश से हालांकि कई दिनों लोगों को झुलसा देने वाले गर्मी व तपिश तो उडन छूं हो गई। लेकिन गलियों में जलभराव देखकर कॉलोनी वासियों के माथे पर पसीना आ गया। लोगों को दिनभर दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
शनिवार अलसुबह करीब छह बजे आसमान से बारिश शुरू हुई। जो नौ बजे तक होती रही। इस बीच सुबह आठ बजे से साढे आठ बजे जोरदार बारिश हुई। इससे ट्विनसिटी की जल निकासी की कुछ ही देर में पोल खुल गई। इससे निचली कॉलोनियों में जलभराव हो गया। वहीं, सीवरेज चोक होने के चलते कई कॉलोनियों में सीवरेज की गंदगी सड़क पर फैल गई। सबसे खराब हाल जगाधरी की पत्थरो वाला बाजार, झंडा चौक, शहर की लाजपत नगर, टैगोर गार्डन, विजय कॉलोनी व मिश्रा कॉलोनी व अन्य निचली कॉलोनियों में देखने को मिला। इस बारिश में कॉलोनियों के लोग सहम उठे हैं। गौरतलब है कि पिछले मानसून में बारिश के दौरान इन कॉलोनियों के सैकड़ों घरों में बरसाती व कॉलोनी से गुजरने वाले नाले का पानी घुस गया था, जिससे लोगों का लाखों रुपये का घरेलू सामान खराब हो गया था।
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जगाधरी से आने वाले नाले कॉलोनियों में आता है गंदा पानी :
जगाधरी से गंदे पानी का नाला हुडा सेक्टर 17 से होते हुए, प्रोफेसर कॉलोनी, माडल टाउन, सरोजनी कॉलोनी से होते हुए टैगोर गार्डन, लाजपत नगर, विजय कॉलोनी व मिश्रा कॉलोनी होकर पश्चिमी यमुना नहर में जाता है। नाले पर कई स्थानों पर लोगों ने कब्जा किया हुआ है। इससे बरसात होने पर नाला ओवरफ्लो हो जाता है। इसका गंदा पानी उसके आसपास लगती कॉलोनियों में जाता है। इससे पाशश् कॉलोनियों में शुमार प्रोफेसर कॉलोनी में भी पानी जमा हो जाता है।
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-पांच फुट गहरे नाले में तीन फुट गाद, कमीश्रर से की शिकायत-
बारिश के बाद प्रोफेसर कॉलोनी वासी कुलवंत सिंह भाटिया, सुदेश शर्मा, राहुल शर्मा, राजीव, सुशील व संजय ने बताया कि इस नाले की गहराई करीब पांच फुट है। अब तक नाले की सफाई नहीं की गई है। नाले में अभी भी तीन फुट तक गाद भरी हुई है। ऐसे में भारी बास्त्ररिश हतोने पर जल निकासी नहीं हो पाएगी, जिससे उनकी कॉलोनी के घरों में पिछले साल की तरह तीन से चार फुट पानी आ जाएगा। लोगों ने शिकायत की कि एक प्रभावशाली व्यक्ति ने पुलिया के नजदीक नाले पर लैंटर डाल दिया है। निगम प्रशासन भी नाले पर डाले गए लैंटर की अनदेखी कर रहा है।
बॉक्स
सीवरेज ब्लॉक होने से हाईवे पर फैला गंदा पानी :
बारिश के बाद सहारनपुर कुरुक्षेत्र स्टेट हाईवे पर कैंप के नजदीक सिवरेज ब्लॉक हो गया। इससे हाईवे पर गंदा पानी फैलने लगा। लोगों ने सीवरेज में कोई वाहन गिरकर क्षतिग्रस्त न हो जाए, इसके लिए उसके पास एक बाइक व टेबल रख दिया गया। वाहन चालकों को हाईवे से निकलने में परेशानी हुई।
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गन्ने, धान की पौध व चारे की फसल को फायदा :
शनिवार सुबह हुई बारिश से जहां लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है। वहीं, किसानों का फसलों का लाभ मिला। किसान कंवरपाल, महिंद्र, महीपाल, अनिल कुमार, संजय कुमार, गुरदयाल सिंह ने बताया कि बारिश से गन्ने, ज्वार, धान की पौध व अन्य फसल को लाभ मिला है। बारिश होने से इन फसलों की पैदावार बढ़ेगी। पशुओं के लिए चारे की फसल में अब प्रतिदिन बढोत्तरी होगी।
वर्जन
नालों की सफाई का कार्य चल रहा है। बारिश के चलते जहां तक वाटर लॉकिंग की समस्या थी, वहां पर कर्मचारियों को तुरंत भेज समस्या का हल किया गया। ताकि लोगों को दिक्कत न हो। 15 जून तक सभी नालों की सफाई हो जाएगी। इसके बाद वाटर लॉकिंग की दिक्कत नहीं आएगी।
- अनिल नैन, चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर, नगर रानगम यमुनानगर-जगाधरी।
फोटो - 36 से 40