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दादूपुर-नलवी नहर रद करना उतरी हरियाणा के किसानों से धोखा: सुरजेवाला
Updated Mon, 02 Oct 2017 12:23 AM IST
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खट्टर सरकार से लड़ेंगे लड़ाई, कांग्रेस सरकार बनने पर बहाल करेंगे नहर परियोजना: सुरजेवाला
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। दादुपुर-नलवी नहर परियोजना को डिनोटिफाई किए जाने के राज्य सरकार के फैसले के बाद फिर राजनीति गर्मा गई है। एक तरफ जगाधरी अनाज मंडी गेट पर किसान अपने हक के लिए प्रदर्शन कर रहे हैं। 41वें दिन भी उनका धरना जारी रहा, दूसरी तरफ धरना स्थल पर राजनीतिक लोगों का आना-जाना बढ़ गया है। रविवार को राष्ट्रीय कांग्रेस के मीडिया प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला धरनास्थल पर पहुंचे और किसानों को अपना समर्थन दिया। इस दरम्यान भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। कहा कि, किसानों के हक और दादुपुर नहर परियोजना के लिए खट्टर सरकार से संघर्ष करेंगे और कांग्रेस सरकार बनी तो नहर परियोजना को जरूर बहाल करेंगे।
सुरजेवाला ने किसानों से कहा कि दादुपुर-नलवी नहर परियोजना उत्तर हरियाणा की जीवनरेखा है। इसे बंद करना, उत्तर हरियाणा के किसानों के साथ धोखा है। अब मिलकर खट्टर सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए निर्णायक युद्ध लड़ेंगे। कहा कि, कांग्रेस पार्टी इस लड़ाई में किसान के साथ कंधे से कंधा मिलाकर संघर्ष करेगी। सरकार के इस तुगलकी फैसले से अंबाला, यमुनानगर और कुरुक्षेत्र जिलों के 225 गांवों की लगभग एक लाख हेक्टेयर जमीन को सिंचाई से वंचित होना पड़ेगा। कहा कि, भाजपा सरकार किसान से पूरी मुआवजा राशि 15 प्रतिशत ब्याज सहित लेने की तैयारी में है। इसे देने के लिए किसान को या तो अपनी बाकी की जमीन बेचनी पड़ेगी या फिर सरकार उसकी संपत्ति की कुर्की कर लेगी। दुर्भाग्य से सरकार को यह भी मालूम नहीं कि अधिग्रहण की गई भूमि पर सड़क और राष्ट्रीय राजमार्ग के पुल भी बन चुके हैं। इस दौरान शाहबाद के पूर्व विधायक अनिल धंतोड़ी और यमुनानगर से किसान कांग्रेस अध्यक्ष सतीश सांगवान, अग्रणी किसान नेता बलविंद्र संधाय, भारतीय किसान यूनियन के नेताओं में हरपाल सिंह, राजेश दहिया, बाबूराम, सुखवीर, अर्जुन ने भी संबोधित किया। विरोध-प्रदर्शन में कुरुक्षेत्र, यमुनानगर और अंबाला जिले से आए सैकड़ों किसानों ने हिस्सा लिया।
ये रहे मौजूद
विरोध प्रदर्शन को पूर्व मंत्री बचन सिंह आर्य, पूर्व विधायक रमेश गुप्ता, पूर्व विधायक फूल सिंह खेड़ी, पूर्व विधायक पवन दीवान, पूर्व विधायक राधेश्याम शर्मा, महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष सुमित्रा चौहान, प्रदेश कांग्रेस महासचिव, वीरेंद्र राठौर, संजय छोकर, सुरेश यूनिसपुर और नाहर सिंह संधू व रमेश चौधरी व सतबीर भाणा, हरियाणा किसान खेत मजदूर किसान कांग्रेस के अध्यक्ष भूपेंद्र फोगाट, हरियाणा कृषक समाज के अध्यक्ष ईश्वर दनौदा, परमजीत राणा, रुद्र प्रताप, सचिन, महावीर गुर्जर, उषा कमल, राकेश साढौरा, गोविंद साढौरा, लकी रादौर, नरेश वाल्मीकि, शिवचरण, नरेंद्रपाल मोंटी, राजेश चौधरी, रंजीता मेहता, रणधीर राणा, अमन चीमा, वीरेंद्र जागलान, सुरेश रोड आदि मौजूद रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। दादुपुर-नलवी नहर परियोजना को डिनोटिफाई किए जाने के राज्य सरकार के फैसले के बाद फिर राजनीति गर्मा गई है। एक तरफ जगाधरी अनाज मंडी गेट पर किसान अपने हक के लिए प्रदर्शन कर रहे हैं। 41वें दिन भी उनका धरना जारी रहा, दूसरी तरफ धरना स्थल पर राजनीतिक लोगों का आना-जाना बढ़ गया है। रविवार को राष्ट्रीय कांग्रेस के मीडिया प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला धरनास्थल पर पहुंचे और किसानों को अपना समर्थन दिया। इस दरम्यान भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। कहा कि, किसानों के हक और दादुपुर नहर परियोजना के लिए खट्टर सरकार से संघर्ष करेंगे और कांग्रेस सरकार बनी तो नहर परियोजना को जरूर बहाल करेंगे।
सुरजेवाला ने किसानों से कहा कि दादुपुर-नलवी नहर परियोजना उत्तर हरियाणा की जीवनरेखा है। इसे बंद करना, उत्तर हरियाणा के किसानों के साथ धोखा है। अब मिलकर खट्टर सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए निर्णायक युद्ध लड़ेंगे। कहा कि, कांग्रेस पार्टी इस लड़ाई में किसान के साथ कंधे से कंधा मिलाकर संघर्ष करेगी। सरकार के इस तुगलकी फैसले से अंबाला, यमुनानगर और कुरुक्षेत्र जिलों के 225 गांवों की लगभग एक लाख हेक्टेयर जमीन को सिंचाई से वंचित होना पड़ेगा। कहा कि, भाजपा सरकार किसान से पूरी मुआवजा राशि 15 प्रतिशत ब्याज सहित लेने की तैयारी में है। इसे देने के लिए किसान को या तो अपनी बाकी की जमीन बेचनी पड़ेगी या फिर सरकार उसकी संपत्ति की कुर्की कर लेगी। दुर्भाग्य से सरकार को यह भी मालूम नहीं कि अधिग्रहण की गई भूमि पर सड़क और राष्ट्रीय राजमार्ग के पुल भी बन चुके हैं। इस दौरान शाहबाद के पूर्व विधायक अनिल धंतोड़ी और यमुनानगर से किसान कांग्रेस अध्यक्ष सतीश सांगवान, अग्रणी किसान नेता बलविंद्र संधाय, भारतीय किसान यूनियन के नेताओं में हरपाल सिंह, राजेश दहिया, बाबूराम, सुखवीर, अर्जुन ने भी संबोधित किया। विरोध-प्रदर्शन में कुरुक्षेत्र, यमुनानगर और अंबाला जिले से आए सैकड़ों किसानों ने हिस्सा लिया।
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ये रहे मौजूद
विरोध प्रदर्शन को पूर्व मंत्री बचन सिंह आर्य, पूर्व विधायक रमेश गुप्ता, पूर्व विधायक फूल सिंह खेड़ी, पूर्व विधायक पवन दीवान, पूर्व विधायक राधेश्याम शर्मा, महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष सुमित्रा चौहान, प्रदेश कांग्रेस महासचिव, वीरेंद्र राठौर, संजय छोकर, सुरेश यूनिसपुर और नाहर सिंह संधू व रमेश चौधरी व सतबीर भाणा, हरियाणा किसान खेत मजदूर किसान कांग्रेस के अध्यक्ष भूपेंद्र फोगाट, हरियाणा कृषक समाज के अध्यक्ष ईश्वर दनौदा, परमजीत राणा, रुद्र प्रताप, सचिन, महावीर गुर्जर, उषा कमल, राकेश साढौरा, गोविंद साढौरा, लकी रादौर, नरेश वाल्मीकि, शिवचरण, नरेंद्रपाल मोंटी, राजेश चौधरी, रंजीता मेहता, रणधीर राणा, अमन चीमा, वीरेंद्र जागलान, सुरेश रोड आदि मौजूद रहे।
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