सोनीपत में बोले डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला: धरने पर बैठे आंदोलनकारियों की मंशा माहौल खराब करने की
सोनीपत में किसान आंदोलनकारियों पर हरियाणा के डिप्टी सीएम ने निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इनकी मंशा सरकार से बात करने की नहीं है। ये केवल प्रदेश का माहौल खराब करना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि फॉगिंग को लेकर सरकार गंभीर है और कई गांवों को इससे संबंधित मशीनें बांटी गई हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने सोनीपत में कहा कि कृषि कानूनों को रद्द करवाने की मांग को लेकर धरने पर बैठे आंदोलनकारियों की सरकार से बातचीत करने की मंशा नहीं है। वे प्रदेश का माहौल खराब करना चाहते हैं। यह उनकी गतिविधियों से जाहिर भी हो चुका है। उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला सेक्टर-15 में आयोजित निजी कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे थे। उनके साथ सांसद रमेश कौशिक भी मौजूद रहे। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार किसानों से बातचीत करने को तैयार है, किसान आगे आएंगे तो बातचीत करवाने को वे खुद तैयार हैं।
से भी पढ़ें-बेखौफ बदमाश: स्कूटी सवारों ने थाने से एक किमी दूर दो युवकों को गोलियां मारीं, फिर राहगीर से कार लूटकर हुए फरार
उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से हाई पावर कमेटी बनाई गई, लेकिन मुरथल विवि में हाई पावर कमेटी के पास बातचीत करने के लिए किसानों की तरफ से कोई नहीं पहुंचा। इससे किसानों की मंशा साफ हो गई है कि वह सरकार से बातचीत कर अपनी बात नहीं मनवाना चाहते। उनकी मंशा केवल प्रदेश में माहौल खराब करना है। देश और प्रदेश में जिस प्रकार से स्थानीय गतिविधियां बढ़ रही है। उससे न केवल आंदोलन खराब हो रहा है, बल्कि सामाजिक भावना को भी ठेस और नुकसान पहुंच रहा है।
से भी पढ़ें-हरियाणा: गृह मंत्री अनिल विज का बड़ा बयान-डेंगू मरीजों का मुफ्त इलाज कर रहे, किट की प्रदेश में कमी नहीं
आंदोलन के कारण उद्योगों के नुकसान के सवाल पर उप मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थानीय लोगों को किसान आंदोलन के जत्थेबंदियों से बातचीत करनी चाहिए और मसले का हल निकलवाना चाहिए। गांवों में फॉगिंग के मामले में उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में पांच हजार ग्राम पंचायतों को चिह्नित कर फॉगिंग मशीनें वितरित की जाएंगी। सभी जिलों में बीडीपीओ की ड्यूटी लगाई गई है और सभी 22 जिलों में 500-500 मशीनें वितरित भी की जा चुकी हैं। जिस गांव को मशीन मिली है, उसके साथ लगते अन्य गांव को भी फॉगिंग मशीन का फायदा मिलेगा।