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‘व्यवहार का ज्ञान व शरीर की अंत: सुंदरता है योग’
ब्यूरो/अमर उजाला, सोनीपत
Updated Wed, 22 Jun 2016 12:17 AM IST
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योग शिविर के दौरान योग करते हुए कुलपति व छात्राएं
- फोटो : bureau
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गांव खानपुर कलां स्थित भगत फूल सिंह महिला विश्वविदयालय में मंगलवार को अंतराष्ट्रीय योग दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। अध्यक्षता छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो महेश दाधीच ने की। जबकि कुलपति प्रो. आशा कादियान ने मुख्य प्रशिक्षु बन योग शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की।
प्रो. काद्यान ने कहा की योग व्यवहार का ज्ञान है, शरीर की अंत: सुंदरता योग से है। योग अभ्यास है, अत: योग को शारीरिक व अध्यात्मिक रूप से अपनाएं। योग हमारी बहुत ही पुरानी धरोहर है। योग न केवल मनुष्य को शारीरिक रूप से निरोग बनता है, अपितु मानसिक रूप से भी स्वस्थ बनाता है। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री जी के प्रयास से पूरी दुनिया योग को कर रही है तथा उनका सपना है कि जन-जन योग सीखे और अपनी संस्कृति और प्रकृति से जुड़े। ऐसी कोई भी बीमारी नहीं, जिसका ईलाज योग से न हो सके। उन्होंने योग सत्र में भाग ले रही छात्राओं से कहा कि इसे न केवल शिविर तक ही सीमित रखे, बल्कि योग का प्रचार करे और इसे अपने जीवन का अभिन्न अंग बनाए। इस अवसर पर निबंध प्रतियोगिता, पोस्टर मेकिंग तथा बेस्ट योगा कैडेट प्रतियोगिता की विजेता छात्राओं को भी कुलपति ने सम्मानित किया। इस मौके पर रजिस्ट्रार प्रो. कविता चक्रवर्ती, डॉ. रेणुका शर्मा, डॉ. कोकिला मलिक, डॉ. अर्चना मलिक, डॉ. आरडी शर्मा, डॉ. मूर्ति मलिक, डॉ. शीला मलिक, राजेश मलिक, श्रीलेखा चौबे, डॉ. सविना, डॉ. पीयूष चौधरी, डॉ. वीना व सरोज सिंह सहित अनेक शिक्षक व गैर शिक्षक स्टाफ ने भाग लिया।
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प्रो. काद्यान ने कहा की योग व्यवहार का ज्ञान है, शरीर की अंत: सुंदरता योग से है। योग अभ्यास है, अत: योग को शारीरिक व अध्यात्मिक रूप से अपनाएं। योग हमारी बहुत ही पुरानी धरोहर है। योग न केवल मनुष्य को शारीरिक रूप से निरोग बनता है, अपितु मानसिक रूप से भी स्वस्थ बनाता है। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री जी के प्रयास से पूरी दुनिया योग को कर रही है तथा उनका सपना है कि जन-जन योग सीखे और अपनी संस्कृति और प्रकृति से जुड़े। ऐसी कोई भी बीमारी नहीं, जिसका ईलाज योग से न हो सके। उन्होंने योग सत्र में भाग ले रही छात्राओं से कहा कि इसे न केवल शिविर तक ही सीमित रखे, बल्कि योग का प्रचार करे और इसे अपने जीवन का अभिन्न अंग बनाए। इस अवसर पर निबंध प्रतियोगिता, पोस्टर मेकिंग तथा बेस्ट योगा कैडेट प्रतियोगिता की विजेता छात्राओं को भी कुलपति ने सम्मानित किया। इस मौके पर रजिस्ट्रार प्रो. कविता चक्रवर्ती, डॉ. रेणुका शर्मा, डॉ. कोकिला मलिक, डॉ. अर्चना मलिक, डॉ. आरडी शर्मा, डॉ. मूर्ति मलिक, डॉ. शीला मलिक, राजेश मलिक, श्रीलेखा चौबे, डॉ. सविना, डॉ. पीयूष चौधरी, डॉ. वीना व सरोज सिंह सहित अनेक शिक्षक व गैर शिक्षक स्टाफ ने भाग लिया।
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