{"_id":"6a008e6e0a810d3bc40cf6e4","slug":"one-who-follows-dharma-is-never-troubled-gupti-sagar-sonipat-news-c-197-1-snp1007-153764-2026-05-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"धर्म के अनुसार चलने वाला कभी परेशान नहींं होता : गुप्ति सागर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धर्म के अनुसार चलने वाला कभी परेशान नहींं होता : गुप्ति सागर
Sun, 10 May 2026 07:25 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Sun, 10 May 2026 07:25 PM IST
विज्ञापन
फोटो: जीटी रोड स्थित गुप्तिधाम में प्रवचन करते गुप्ति सागर महाराज। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
गन्नौर। जीटी रोड स्थित गुप्तिधाम में रविवार को आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में उपाध्याय 108 गुप्ति सागर महाराज ने कहा कि जो इंसान धर्म के अनुसार चलता है वह कभी परेशान नहीं होता। धर्म मानव को सही दिशा देता है लेकिन जो व्यक्ति धर्म को अपने हिसाब से चलाने की कोशिश करता है वह सच्चा सुख प्राप्त नहीं कर सकता है।
गुप्ति सागर महाराज ने कहा कि आज मनुष्य भौतिक सुखों के पीछे भाग रहा है। धर्म, संयम व संस्कारों से दूर होता जा रहा है। इसी कारण जीवन में तनाव और अशांति बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि सत्य, अहिंसा, करुणा, सेवा और सदाचार ही धर्म का वास्तविक स्वरूप है।
इन मूल्यों को अपनाने से ही मनुष्य को सच्चे सुख की अनुभूति होती है। उन्होंने युवाओं से भारतीय संस्कृति और धार्मिक मूल्यों को अपनाने की अपील की है।
विज्ञापन
गन्नौर। जीटी रोड स्थित गुप्तिधाम में रविवार को आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में उपाध्याय 108 गुप्ति सागर महाराज ने कहा कि जो इंसान धर्म के अनुसार चलता है वह कभी परेशान नहीं होता। धर्म मानव को सही दिशा देता है लेकिन जो व्यक्ति धर्म को अपने हिसाब से चलाने की कोशिश करता है वह सच्चा सुख प्राप्त नहीं कर सकता है।
गुप्ति सागर महाराज ने कहा कि आज मनुष्य भौतिक सुखों के पीछे भाग रहा है। धर्म, संयम व संस्कारों से दूर होता जा रहा है। इसी कारण जीवन में तनाव और अशांति बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि सत्य, अहिंसा, करुणा, सेवा और सदाचार ही धर्म का वास्तविक स्वरूप है।
विज्ञापन
इन मूल्यों को अपनाने से ही मनुष्य को सच्चे सुख की अनुभूति होती है। उन्होंने युवाओं से भारतीय संस्कृति और धार्मिक मूल्यों को अपनाने की अपील की है।