{"_id":"6ad2998152a727778d02b6de","slug":"four-convicted-of-robbing-a-factory-operator-sentenced-to-10-years-in-prison-each-sonipat-news-c-197-1-snp1001-162500-2026-10-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonipat News: फैक्टरी संचालक से लूट के चार दोषियों को 10-10 साल की कैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonipat News: फैक्टरी संचालक से लूट के चार दोषियों को 10-10 साल की कैद
Sat, 17 Oct 2026 03:09 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Sat, 17 Oct 2026 03:09 AM IST
विज्ञापन
सोनीपत। रामनगर रोड पर फैक्टरी के संचालक की कार के शीशे तोड़कर व उन पर हमला कर नकदी और जमीन के दस्तावेज से भरा बैग लूटने के मामले में अदालत ने शुक्रवार को फैसला सुनाया।
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सरताज बसवाना ने चार दोषियों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषियों पर 25-25 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। मामले में दो चिल्ड्रन इन कॉन्फ्लिक्ट विद लॉ (सीसीएल) का मामला किशोर न्याय बोर्ड में चल रहा है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार दिल्ली के पीतमपुरा निवासी विनोद जिंदल ने 25 जून 2018 को मुरथल थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि रामनगर रोड पर उनकी फैक्टरी है।
विज्ञापन
घटना वाले दिन दोपहर करीब एक बजे वह कार से फैक्टरी के गेट पर पहुंचे थे। इसी दौरान कार सवार युवकों ने लोहे की रॉड और डंडों से उनकी कार पर हमला कर दिया था। हमलावरों ने कार के आगे और पीछे के शीशे तोड़ दिए और उन पर भी हमला कर चोटें पहुंचाईं थी।
हमलावर विनोद जिंदल की कार में रखा बैग छीनकर भाग गए थे। बैग में 60,000 रुपये नकद, गांव पिपली खेड़ा की करीब 27 कनाल जमीन के मूल दस्तावेज और गांव बड़ी की जमीन की 15 लाख रुपये की मूल रसीद रखी थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने हमलावरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की थी।
पुलिस ने जांच के दौरान सबसे पहले दो नाबालिग अभिरक्षा में लिए थे। उसके बाद मामले में गांव गुमड़ निवासी मनोज, दीपक, राहुल और गांव पांची निवासी संदीप उर्फ सिपा उर्फ नीना को गिरफ्तार किया था।
पुलिस के अनुसार आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल लोहे की रॉड, लूटा गया सामान व कार बरामद की थी। इसके बाद पुलिस ने चालान अदालत में पेश किया। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्य प्रस्तुत किए थे।
चार दोषियों को सजा :
अदालत ने मनोज, दीपक, राहुल और संदीप उर्फ सिपा उर्फ नीना को दोषी करार दिया। चारों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास और 25-25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई। अदालत ने जुर्माने की राशि में से 50,000 रुपये पीड़ित को मुआवजे के तौर पर देने के निर्देश भी दिए।
करीब आठ साल बाद आया मामले में फैसला :
25 जून 2018 को हुई इस वारदात के मामले में पुलिस की जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद शुक्रवार को फैसला सुनाया गया। अदालत ने गवाहों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर चारों दोषियों को सजा सुनाई। जुर्माना जमा न करने पर प्रत्येक दोषी को छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
विज्ञापन
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सरताज बसवाना ने चार दोषियों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषियों पर 25-25 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। मामले में दो चिल्ड्रन इन कॉन्फ्लिक्ट विद लॉ (सीसीएल) का मामला किशोर न्याय बोर्ड में चल रहा है।
विज्ञापन
अभियोजन पक्ष के अनुसार दिल्ली के पीतमपुरा निवासी विनोद जिंदल ने 25 जून 2018 को मुरथल थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि रामनगर रोड पर उनकी फैक्टरी है।
विज्ञापन
घटना वाले दिन दोपहर करीब एक बजे वह कार से फैक्टरी के गेट पर पहुंचे थे। इसी दौरान कार सवार युवकों ने लोहे की रॉड और डंडों से उनकी कार पर हमला कर दिया था। हमलावरों ने कार के आगे और पीछे के शीशे तोड़ दिए और उन पर भी हमला कर चोटें पहुंचाईं थी।
हमलावर विनोद जिंदल की कार में रखा बैग छीनकर भाग गए थे। बैग में 60,000 रुपये नकद, गांव पिपली खेड़ा की करीब 27 कनाल जमीन के मूल दस्तावेज और गांव बड़ी की जमीन की 15 लाख रुपये की मूल रसीद रखी थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने हमलावरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की थी।
पुलिस ने जांच के दौरान सबसे पहले दो नाबालिग अभिरक्षा में लिए थे। उसके बाद मामले में गांव गुमड़ निवासी मनोज, दीपक, राहुल और गांव पांची निवासी संदीप उर्फ सिपा उर्फ नीना को गिरफ्तार किया था।
पुलिस के अनुसार आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल लोहे की रॉड, लूटा गया सामान व कार बरामद की थी। इसके बाद पुलिस ने चालान अदालत में पेश किया। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्य प्रस्तुत किए थे।
चार दोषियों को सजा :
अदालत ने मनोज, दीपक, राहुल और संदीप उर्फ सिपा उर्फ नीना को दोषी करार दिया। चारों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास और 25-25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई। अदालत ने जुर्माने की राशि में से 50,000 रुपये पीड़ित को मुआवजे के तौर पर देने के निर्देश भी दिए।
करीब आठ साल बाद आया मामले में फैसला :
25 जून 2018 को हुई इस वारदात के मामले में पुलिस की जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद शुक्रवार को फैसला सुनाया गया। अदालत ने गवाहों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर चारों दोषियों को सजा सुनाई। जुर्माना जमा न करने पर प्रत्येक दोषी को छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।