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सोनीपत में रेलवे ट्रैक जाम करने पर 100 के खिलाफ मुकदमा दर्ज
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स्टेशन पर खड़ी ट्रेन के आगे रोष व्यक्त करते गन्नौर ब्लॉकध्यक्ष विरेंद्र पहल। संवाद
- फोटो : Sonipat
किसानों के रेल रोको अभियान के दौरान आरपीएफ अलर्ट रही और किसानों के वीडियो बनाती रही। इस दौरान पुलिस ने करीब 100 किसानों पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरपीएफ थाना प्रभारी युद्धवीर सिंह ने बताया कि मुख्यालय के निर्देश के अनुसार मुकदमा दर्ज कर लिया है।
देशभर में पूरी तरह सफल रहा किसानों का रेल रोको आंदोलन : एसकेएम
संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) का कहना है कि केंद्रीय गृह राज्य मंत्री को बर्खास्त करने व गिरफ्तारी के लिए किया गया रेल रोको आंदोलन पूरी तरह सफल रहा। एसकेएम के आह्वान पर देशभर में सैकड़ों स्थानों पर प्रदर्शनकारी किसानों ने छह घंटे से अधिक समय तक रेलवे ट्रैक पर रोष जताया। कई जगहों पर भारी बारिश के बीच पुरुष और महिलाएं रेल रोको आंदोलन में शामिल हुए। उनका दावा है कि करीब 290 से अधिक ट्रेनें प्रभावित हुईं और 40 से अधिक ट्रेनें रद्द कर दी गईं। यूपी व एमपी में पुलिस ने किसान नेताओं को कई जगहों पर हिरासत में ले लिया है।
एसकेएम समन्वय समिति के सदस्य डॉ. दर्शन पाल सिंह ने सोमवार को कुंडली बॉर्डर धरनास्थल पर बातचीत में बताया कि लखीमपुर खीरी किसान हत्याकांड में केंद्रीय राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी को बर्खास्त करके गिरफ्तारी की मांग के लिए सोमवार को देशभर में रेल रोको आंदोलन चलाया गया। इसके तहत देशभर में भारी संख्या महिला व पुरुषों ने भाग लिया। दावा है कि 290 से अधिक ट्रेन प्रभावित हुईं और 40 से अधिक ट्रेन रद्द कर दी गईं। यूपी में पुलिस ने किसान नेताओं को कई जगहों पर हिरासत में ले लिया। मध्य प्रदेश में पुलिस ने गुना, ग्वालियर, रीवा, बामनिया (झाबुआ) और अन्य जगहों पर प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। तेलंगाना के कांचीगुडा (हैदराबाद) में भी प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया।
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इसके अलावा पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, राजस्थान, मध्य प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना आदि से रेल रोको आंदोलन पूरी तरह से सफल रहा। उन्होंने कहा कि केंद्र की मोदी को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए नैसर्गिक न्याय दिलाने की दिशा में काम करना चाहिए ताकि लखीमपुर खीरी हत्याकांड के असली दोषियों और मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया जा सके। इससे नागरिक अपनी सरकार में विश्वास और सम्मान की कुछ झलक देख सकेंगे। एसकेएम ने यह भी चेतावनी दी है कि अगर लखीमपुर खीरी नरसंहार में न्याय की मांग पूरी नहीं की गई तो विरोध और तेज किया जाएगा।
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देशभर में पूरी तरह सफल रहा किसानों का रेल रोको आंदोलन : एसकेएम
संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) का कहना है कि केंद्रीय गृह राज्य मंत्री को बर्खास्त करने व गिरफ्तारी के लिए किया गया रेल रोको आंदोलन पूरी तरह सफल रहा। एसकेएम के आह्वान पर देशभर में सैकड़ों स्थानों पर प्रदर्शनकारी किसानों ने छह घंटे से अधिक समय तक रेलवे ट्रैक पर रोष जताया। कई जगहों पर भारी बारिश के बीच पुरुष और महिलाएं रेल रोको आंदोलन में शामिल हुए। उनका दावा है कि करीब 290 से अधिक ट्रेनें प्रभावित हुईं और 40 से अधिक ट्रेनें रद्द कर दी गईं। यूपी व एमपी में पुलिस ने किसान नेताओं को कई जगहों पर हिरासत में ले लिया है।
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एसकेएम समन्वय समिति के सदस्य डॉ. दर्शन पाल सिंह ने सोमवार को कुंडली बॉर्डर धरनास्थल पर बातचीत में बताया कि लखीमपुर खीरी किसान हत्याकांड में केंद्रीय राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी को बर्खास्त करके गिरफ्तारी की मांग के लिए सोमवार को देशभर में रेल रोको आंदोलन चलाया गया। इसके तहत देशभर में भारी संख्या महिला व पुरुषों ने भाग लिया। दावा है कि 290 से अधिक ट्रेन प्रभावित हुईं और 40 से अधिक ट्रेन रद्द कर दी गईं। यूपी में पुलिस ने किसान नेताओं को कई जगहों पर हिरासत में ले लिया। मध्य प्रदेश में पुलिस ने गुना, ग्वालियर, रीवा, बामनिया (झाबुआ) और अन्य जगहों पर प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। तेलंगाना के कांचीगुडा (हैदराबाद) में भी प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया।
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इसके अलावा पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, राजस्थान, मध्य प्रदेश, कर्नाटक, तेलंगाना आदि से रेल रोको आंदोलन पूरी तरह से सफल रहा। उन्होंने कहा कि केंद्र की मोदी को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए नैसर्गिक न्याय दिलाने की दिशा में काम करना चाहिए ताकि लखीमपुर खीरी हत्याकांड के असली दोषियों और मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया जा सके। इससे नागरिक अपनी सरकार में विश्वास और सम्मान की कुछ झलक देख सकेंगे। एसकेएम ने यह भी चेतावनी दी है कि अगर लखीमपुर खीरी नरसंहार में न्याय की मांग पूरी नहीं की गई तो विरोध और तेज किया जाएगा।