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Sirsa News: प्रो. अनेजा बोले- जैविक कचरा प्रबंधन में सहायक हैं सूक्ष्मजीव, सीडीएलयू में पर्यावरण संरक्षण पर रखे विचार

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 17 Nov 2025 11:38 PM IST
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Prof. Aneja said - Microorganisms are helpful in managing organic waste, views on environmental protection shared at CDL University
सिरसा में विद्या​र्थियों को संबोधत करते माइक्रोबायोलॉजी विशेषज्ञ के प्रो केआर अनेजा।  - फोटो : 1
सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय (सीडीएलयू) के ऊर्जा एवं पर्यावरण विज्ञान विभाग तथा वनस्पति विज्ञान विभाग के संयुक्त तत्वाधान में सी.वी. रमन सेमिनार हॉल में सोमवार को ऑर्गेनिक वेस्ट के सतत प्रबंधन में विविध सूक्ष्मजीवों के अनुप्रयोग विषय पर एक विशेष व्याख्यान आयोजित किया गया। मुख्य वक्ता कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के जीव विज्ञान विभाग के पूर्व अध्यक्ष एवं माइक्रोबायोलॉजी विशेषज्ञ प्रो. केआर अनेजा ने कहा कि फसल अवशेष, किचन वेस्ट, गार्डन वेस्ट, सीवरेज और पशु-अपशिष्ट को सूक्ष्मजीवी प्रक्रियाओं के माध्यम से उपयोगी उत्पादों में बदला जा सकता है, जिससे पर्यावरण प्रदूषण में उल्लेखनीय कमी आती है।
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प्रो. अनेजा ने कहा कि फंगी, बैक्टीरिया सहित विभिन्न प्रकार के सूक्ष्मजीव जैविक कचरे के वैज्ञानिक और टिकाऊ प्रबंधन में अत्यंत प्रभावी भूमिका निभाते हैं। उन्होंने बताया कि सूक्ष्मजीवों की पहचान, उनकी विविधता व टैक्सोनॉमी को समझना किसी भी वैज्ञानिक प्रबंधन का आधार है। जितनी गहरी समझ सूक्ष्मजीवी तंत्र की होगी, उतनी ही प्रभावी और सतत तकनीकें विकसित की जा सकती हैं।
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उन्होंने कहा कि सूक्ष्मजीव आधारित समाधान न केवल जैविक कचरे के प्रबंधन में उपयोगी हैं, बल्कि वैश्विक सतत विकास लक्ष्यों की प्राप्ति में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। उन्होंने बेसिक माइक्रोबायोलॉजी से लेकर विभिन्न अनुप्रयोग के उदाहरणों के माध्यम से स्पष्ट किया कि भविष्य के पर्यावरणीय समाधान सूक्ष्मजीव विज्ञान पर आधारित होंगे। चेयरपर्सन प्रो. मोहम्मद काशिफ किदवई ने बताया कि कुलपति प्रो. विजय कुमार के दिशा-निर्देशन में यह व्याख्यान विद्यार्थियों और शोधार्थियों को आधुनिक जैव-वैज्ञानिक पद्धतियों से परिचित कराने का उत्कृष्ट अवसर प्रदान करता है। इस अवसर पर प्रो. राजकुमार सालार, डॉ. संजू बाला, डॉ. ज्योति, विश्वविद्यालय के पर्यावरण मामलों के सलाहकार मितर सैन आदि माैजूद रहे।
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