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हरियाणा में गर्भपात के मामले में सनसनीखेज खुलासा
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sat, 04 Jan 2014 12:55 PM IST
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हरियाणा के गली मोहल्लों में खुलेआम चल रहा लिंग जांच का धंधा दिल्ली तक फैला है।
झोलाछाप डॉक्टर दिल्ली में ऐसे मामलों को जांच के लिए भेजते हैं। इसके बाद गर्भ में लड़की का भ्रूण होने पर उसका अवैध गर्भपात हरियाणा में बैठे झोलाछाप करते हैं।
बहादुरगढ़ में एक झोलाछाप पर की गई सख्ती से स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी दिल्ली तक पहुंच गए हैं।
देर शाम दिल्ली के रोहिणी इलाके में मारे गए छापे के बाद यह खुलासा हुआ है।
यहां हरियाणा स्वास्थ्य विभाग ने एक डिकोय पेशेंट (मरीज के रूप में महिला) को भेजा और स्वास्थ्य विभाग के जाल में अल्ट्रासाउंड सेंटर संचालक फंस गया।
हरियाणा के एनएचएम के एमडी ने इस मामले में दिल्ली सरकार के प्रमुख स्वास्थ्य सचिव सुभाष दास से बात की। उन्होंने दिल्ली के एसडीएम को मौके पर भेजा।
छह हजार रुपये लेकर अल्ट्रासाउंड संचालक ने महिला के गर्भ में पल रहे भ्रूण को लड़का घोषित कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग को दिल्ली के इस केंद्र का पता बहादुरगढ़ में पकड़ी गई महिला झोलाछाप डाक्टर से मिला था, जिसके आधार पर यह रेड की गई।
विभाग को यहां से बरामद एक डायरी से 500 गर्भपात होने का पता चला था, जिनके तार झज्जर, बहादुरगढ़ और फरीदाबाद के भी अल्ट्रासाउंड सेंटरों से जुड़े थे। यहां पर छापे मारे जा चुके हैं।
पूरी संभावना है कि दिल्ली से अल्ट्रासाउंड करवाने के बाद मरीज बहादुरगढ़ की महिला झोलाछाप के पास गर्भपात करवाने आते रहे होंगे। हम इस मामले की सभी पर्तें उधेड़ रहे हैं।
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- डा. राकेश गुप्ता, एमडी, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, हरियाणा
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झोलाछाप डॉक्टर दिल्ली में ऐसे मामलों को जांच के लिए भेजते हैं। इसके बाद गर्भ में लड़की का भ्रूण होने पर उसका अवैध गर्भपात हरियाणा में बैठे झोलाछाप करते हैं।
बहादुरगढ़ में एक झोलाछाप पर की गई सख्ती से स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी दिल्ली तक पहुंच गए हैं।
देर शाम दिल्ली के रोहिणी इलाके में मारे गए छापे के बाद यह खुलासा हुआ है।
यहां हरियाणा स्वास्थ्य विभाग ने एक डिकोय पेशेंट (मरीज के रूप में महिला) को भेजा और स्वास्थ्य विभाग के जाल में अल्ट्रासाउंड सेंटर संचालक फंस गया।
हरियाणा के एनएचएम के एमडी ने इस मामले में दिल्ली सरकार के प्रमुख स्वास्थ्य सचिव सुभाष दास से बात की। उन्होंने दिल्ली के एसडीएम को मौके पर भेजा।
छह हजार रुपये लेकर अल्ट्रासाउंड संचालक ने महिला के गर्भ में पल रहे भ्रूण को लड़का घोषित कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग को दिल्ली के इस केंद्र का पता बहादुरगढ़ में पकड़ी गई महिला झोलाछाप डाक्टर से मिला था, जिसके आधार पर यह रेड की गई।
विभाग को यहां से बरामद एक डायरी से 500 गर्भपात होने का पता चला था, जिनके तार झज्जर, बहादुरगढ़ और फरीदाबाद के भी अल्ट्रासाउंड सेंटरों से जुड़े थे। यहां पर छापे मारे जा चुके हैं।
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पूरी संभावना है कि दिल्ली से अल्ट्रासाउंड करवाने के बाद मरीज बहादुरगढ़ की महिला झोलाछाप के पास गर्भपात करवाने आते रहे होंगे। हम इस मामले की सभी पर्तें उधेड़ रहे हैं।
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- डा. राकेश गुप्ता, एमडी, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, हरियाणा