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केंद्र ने धान मिलिंग में एक फीसदी की छूट दी
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 05 Jan 2014 01:02 AM IST
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केंद्र ने हरियाणा के चार जिलों यमुनानगर, पलवल, कुरुक्षेत्र और करनाल के राइस मिलरों को चावल डैमेज में एक फीसदी की छूट दी है। इससे चावल मिल मालिकों को काफी राहत मिली है।
राइस मिलर एसोसिएशन के प्रधान राजेंद्र अग्रवाल, पूर्व प्रधान आजाद सिंह राठी और प्रवक्ता आशीष मेहता ने बताया कि केंद्र ने दो जनवरी को पत्र जारी किया है।
पत्र के अनुसार चार जिलों के चावलों का सैंपल लिया गया था। परिणाम आने के बाद केंद्र ने चार जिलों में चावल डैमेज तीन से बढ़ाकर चार फीसदी कर दिया है।
उन्होंने बताया कि इन चार जिलों में अब तक केवल पांच फीसदी धान की मिलिंग हुई है क्योंकि चावल में डैमेज तीन फीसदी से ज्यादा आ रहा था और एफसीआई उसे लौटा रहा था या डैमेज के पैसे का बोझ राइस शेलर मालिक पर पड़ रहे थे। एक राइस मिलर पर करीब साढ़े तीन लाख रुपये का डैमेज पड़ चुका है।
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अग्रवाल ने बताया कि शनिवार को राइस मिलरों ने मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा से मिलकर उनका आभार जताया है क्योंकि मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री को पत्र लिखकर छूट देने की मांग की थी।
उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की है कि वे अंबाला और पंचकूला जिलों में भी यह छूट दिलवाएं क्योंकि बारिश के कारण इन जिलों में भी धान गीली हुई थी।
मुख्यमंत्री ने खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के प्रधान सचिव टीवीएसएन प्रसाद से कहा कि अगर अंबाला और पंचकूला में मिलिंग किए हुए चावल लौटाए जाते हैं तो उन्हें एफसीआई से चेक करवाएं।
मिलरों ने सीएम से मांग की है कि अब तक उन पर जो डैमेज चार्जेज पड़े हैं, उनकी भरपाई की जाए।
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राइस मिलर एसोसिएशन के प्रधान राजेंद्र अग्रवाल, पूर्व प्रधान आजाद सिंह राठी और प्रवक्ता आशीष मेहता ने बताया कि केंद्र ने दो जनवरी को पत्र जारी किया है।
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पत्र के अनुसार चार जिलों के चावलों का सैंपल लिया गया था। परिणाम आने के बाद केंद्र ने चार जिलों में चावल डैमेज तीन से बढ़ाकर चार फीसदी कर दिया है।
उन्होंने बताया कि इन चार जिलों में अब तक केवल पांच फीसदी धान की मिलिंग हुई है क्योंकि चावल में डैमेज तीन फीसदी से ज्यादा आ रहा था और एफसीआई उसे लौटा रहा था या डैमेज के पैसे का बोझ राइस शेलर मालिक पर पड़ रहे थे। एक राइस मिलर पर करीब साढ़े तीन लाख रुपये का डैमेज पड़ चुका है।
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अग्रवाल ने बताया कि शनिवार को राइस मिलरों ने मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा से मिलकर उनका आभार जताया है क्योंकि मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री को पत्र लिखकर छूट देने की मांग की थी।
उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की है कि वे अंबाला और पंचकूला जिलों में भी यह छूट दिलवाएं क्योंकि बारिश के कारण इन जिलों में भी धान गीली हुई थी।
मुख्यमंत्री ने खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के प्रधान सचिव टीवीएसएन प्रसाद से कहा कि अगर अंबाला और पंचकूला में मिलिंग किए हुए चावल लौटाए जाते हैं तो उन्हें एफसीआई से चेक करवाएं।
मिलरों ने सीएम से मांग की है कि अब तक उन पर जो डैमेज चार्जेज पड़े हैं, उनकी भरपाई की जाए।