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Rewari News: ओटीपी-यूपीआई पिन साझा न करने और संदिग्ध लिंक से बचने की दी सलाह
Sun, 04 Oct 2026 12:01 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Sun, 04 Oct 2026 12:01 AM IST
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रेवाड़ी। साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने और आमजन को जागरूक करने के लिए रेवाड़ी पुलिस का जागरूकता अभियान जारी है। पुलिस टीम ने शनिवार को दिल्ली रोड स्थित कृष्णा मशीनरी पहुंचकर कर्मचारियों और अधिकारियों को साइबर ठगी से बचाव के तरीके बताए।
साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक रविंद्र सिंह के नेतृत्व में पहुंची टीम ने कर्मचारियों को बताया कि साइबर अपराधी रोज नए तरीकों से लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। पीएसआई रोहित और एचसी हरिओम ने ऑनलाइन जॉब व टास्क के नाम पर होने वाली ठगी, फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक और डिजिटल अरेस्ट जैसी धोखाधड़ी से सावधान रहने की अपील की।
उन्होंने कहा कि किसी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी, पासवर्ड, यूपीआई पिन, बैंक खाते या कार्ड से जुड़ी जानकारी साझा न करें। व्हाट्सएप, एसएमएस या ईमेल पर आए संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने और अप्रमाणित एप डाउनलोड करने से भी बचें।
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पुलिस टीम ने बताया कि क्यूआर कोड के जरिये पैसे प्राप्त करने के लिए यूपीआई पिन दर्ज करने की जरूरत नहीं होती।साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना देने और शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई। पुलिस ने बताया कि समय पर शिकायत मिलने से ठगी की रकम को रोकने की संभावना बढ़ जाती है।
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साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक रविंद्र सिंह के नेतृत्व में पहुंची टीम ने कर्मचारियों को बताया कि साइबर अपराधी रोज नए तरीकों से लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। पीएसआई रोहित और एचसी हरिओम ने ऑनलाइन जॉब व टास्क के नाम पर होने वाली ठगी, फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक और डिजिटल अरेस्ट जैसी धोखाधड़ी से सावधान रहने की अपील की।
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उन्होंने कहा कि किसी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी, पासवर्ड, यूपीआई पिन, बैंक खाते या कार्ड से जुड़ी जानकारी साझा न करें। व्हाट्सएप, एसएमएस या ईमेल पर आए संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने और अप्रमाणित एप डाउनलोड करने से भी बचें।
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पुलिस टीम ने बताया कि क्यूआर कोड के जरिये पैसे प्राप्त करने के लिए यूपीआई पिन दर्ज करने की जरूरत नहीं होती।साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना देने और शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई। पुलिस ने बताया कि समय पर शिकायत मिलने से ठगी की रकम को रोकने की संभावना बढ़ जाती है।