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रिश्वत लेने के आरोप में पटवारी काबू
जींद/ब्यूरो
Updated Thu, 19 Sep 2013 09:14 PM IST
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इंतकाल के नाम पर दो हजार रुपये रिश्वत लेने के आरोप में सतर्कता विभाग ने राजस्व विभाग के एक पटवारी को पटवारखाना से काबू किया है।
टीम पटवारी के पास से रिश्वत के तौर पर लिए गए रुपयों को बरामद नहीं कर पाई है। विजिलेंस ने पटवारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
गांव भंभेवा निवासी भगवान सिंह ने विजिलेंस को दी शिकायत में बताया कि उसने अपनी जमीन का खाता अलग करवाने के लिए इंतकाल करवाना था। इसके लिए वह पटवारी गांव भागखेड़ा निवासी सत्यवान से मिला। सत्यवान ने इंतकाल करवाने के नाम पर उससे दो हजार रुपये रिश्वत मांगी।
इससे पहले भी उसने सत्यवान को 1500 रुपये रिश्वत के तौर पर दिए। सतर्कता विभाग ने शिकायत पर कार्रवाई करते हुए छापामार दल का गठन किया। टीम में नायब तहसीलदार लखविंद्र सिंह और निरीक्षक देवीलाल शामिल रहे। टीम ने भगवान सिंह को दो हजार रुपये ड्यूटी मजिस्ट्रेट द्वारा हस्ताक्षरित करा पाउडर लगाकर दे दिए। इशारा मिलते ही सतर्कता विभाग की टीम ने सत्यवान को धर दबोचा।
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इसी दौरान सत्यवान ने रिश्वत के तौर पर लिए गए रुपयों को कहीं छिपा दिया। जब टीम ने पटवारी के हाथ धुलवाए तो उसके हाथ लाल हो गए। टीम पटवारी को सत्यवान को हिरासत में ले जींद कार्यालय ले आई। पुलिस सत्यवान से रिश्वत के तौर पर लिए गए रुपयों के बारे में पूछताछ कर रही है।
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टीम पटवारी के पास से रिश्वत के तौर पर लिए गए रुपयों को बरामद नहीं कर पाई है। विजिलेंस ने पटवारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
गांव भंभेवा निवासी भगवान सिंह ने विजिलेंस को दी शिकायत में बताया कि उसने अपनी जमीन का खाता अलग करवाने के लिए इंतकाल करवाना था। इसके लिए वह पटवारी गांव भागखेड़ा निवासी सत्यवान से मिला। सत्यवान ने इंतकाल करवाने के नाम पर उससे दो हजार रुपये रिश्वत मांगी।
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इससे पहले भी उसने सत्यवान को 1500 रुपये रिश्वत के तौर पर दिए। सतर्कता विभाग ने शिकायत पर कार्रवाई करते हुए छापामार दल का गठन किया। टीम में नायब तहसीलदार लखविंद्र सिंह और निरीक्षक देवीलाल शामिल रहे। टीम ने भगवान सिंह को दो हजार रुपये ड्यूटी मजिस्ट्रेट द्वारा हस्ताक्षरित करा पाउडर लगाकर दे दिए। इशारा मिलते ही सतर्कता विभाग की टीम ने सत्यवान को धर दबोचा।
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इसी दौरान सत्यवान ने रिश्वत के तौर पर लिए गए रुपयों को कहीं छिपा दिया। जब टीम ने पटवारी के हाथ धुलवाए तो उसके हाथ लाल हो गए। टीम पटवारी को सत्यवान को हिरासत में ले जींद कार्यालय ले आई। पुलिस सत्यवान से रिश्वत के तौर पर लिए गए रुपयों के बारे में पूछताछ कर रही है।