चंडीगढ़। पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या के मामले में मुख्य जांच अधिकारी के रूप में काम कर रहे आईपीएस हरगोबिंदर सिंह धालीवाल ने अंडमान एवं निकोबार के डीजीपी का मंगलवार को कार्यभार संभाला। वह मूल रूप से पंजाब के जिला मोगा के गांव जफरनामा के रहने वाले हैं। यहां तक कि वह चंडीगढ़ पुलिस में डेपुटेशन पर एसपी ऑपरेशन का कार्यभार भी संभाल चुके हैं। दिल्ली, हरियाणा और पंजाब में एक्टिव कई गैंगस्टरों के ग्रुप को खत्म करने में उनकी अहम भूमिका रही है। वह 1997 बैच के आईपीएस ऑफिसर हैं। आईपीएस अधिकारी हरगोबिंदर सिंह धालीवाल पंजाब का सिंगर सिद्धू मूसेवाला के अलावा कबड्डी खिलाड़ी संदीप नंगल अंबिया के कत्ल के मामलों को सुलझाने में अहम योगदान रहा है। 2022 में मानसा के गांव जवाहरके में प्रसिद्ध गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या को सुलझाने में हरगोबिंदर सिंह धालीवाल ने अहम भूमिका निभाई थी।
आईपीएस धालीवाल के नेतृत्व में दिल्ली पुलिस की विशेष टीम ने मूसेवाला हत्या मामले में छह शूटरों में से तीन आरोपियों प्रियव्रत फौजी, अंकित सेरसा और कशिश को दबोचा था। दिल्ली पुलिस ने चौथे शूटर दीपक मुंडी को नेपाल सीमा के पास से पकड़ने में भी योगदान दिया। उसे पंजाब पुलिस ने गिरफ्तार किया था। आईपीएस धालीवाल ने अंतरराष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी संदीप नांगल अंबिया की एक और सनसनीखेज हत्या का मामला भी सुलझाया था। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने इस मामले के वांछित शूटर हैरी को गिरफ्तार कर लिया है। हाल ही में आईपीएस धालीवाल ने गैंगस्टर दीपक बाॅक्सर की ओर से चलाए जा रहे जबरन वसूली रैकेट का भंडाफोड़ किया था, जिसे मैक्सिको से वापस भारत लाया गया था।