{"_id":"5b80348c42c79246382cf456","slug":"15351287061220-hoshiarpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दुष्कर्म के दोषी को 20 साल बाद मिली सजा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
दुष्कर्म के दोषी को 20 साल बाद मिली सजा
Updated Fri, 24 Aug 2018 10:20 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दुष्कर्म के दोषी को 20 साल बाद 10 साल की कैद
होशियारपुर। करीब 20 साल पहले छात्रा के साथ दुष्कर्म करने के आरोपी को दोषी करार देते हुए अतिरिक्त जिला व सत्र न्यायाधीश प्रिया सूद की अदालत ने 10 साल की कैद व 60 हजार रुपये जुर्माना भरने की सजा सुनाई। जुर्माने में से 50 हजार रुपये पीड़िता को देने का आदेश अदालत ने दिया है। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को 1 साल की अतिरिक्त कैद काटनी होगी। गौरतलब है कि टांडा पुलिस ने पीड़िता के बयान पर आरोपी के खिलाफ 8 अगस्त 1998 को मामला दर्ज किया था। अपनी शिकायत में पीड़िता ने कहा था कि वह बीएससी पार्ट वन में पढ़ती थी और इंजीनियरिंग का टेस्ट क्लियर किया था। उसके भाई की दुकान पर आरोपी सुखदेव सिंह का आना जाना था। आरोपी ने उसके परिवार को भरोसा दिया कि वह उसकी इंटरव्यू क्लीयर करवा देगा, लेकिन जब वह यूनिर्वसिटी गए तो वहां पता चला कि पहले ही किसी ने टेस्ट के इंटरव्यू पर कोर्ट में स्टे ले लिया है। इसके बाद आरोपी उसे एक होटल में ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। टांडा पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म करने व अन्य धाराओं के अंतर्गत मामला दर्ज किया था जिसे अदालत ने दोषी करार देते हुए सजा सुना दी।
विज्ञापन
होशियारपुर। करीब 20 साल पहले छात्रा के साथ दुष्कर्म करने के आरोपी को दोषी करार देते हुए अतिरिक्त जिला व सत्र न्यायाधीश प्रिया सूद की अदालत ने 10 साल की कैद व 60 हजार रुपये जुर्माना भरने की सजा सुनाई। जुर्माने में से 50 हजार रुपये पीड़िता को देने का आदेश अदालत ने दिया है। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को 1 साल की अतिरिक्त कैद काटनी होगी। गौरतलब है कि टांडा पुलिस ने पीड़िता के बयान पर आरोपी के खिलाफ 8 अगस्त 1998 को मामला दर्ज किया था। अपनी शिकायत में पीड़िता ने कहा था कि वह बीएससी पार्ट वन में पढ़ती थी और इंजीनियरिंग का टेस्ट क्लियर किया था। उसके भाई की दुकान पर आरोपी सुखदेव सिंह का आना जाना था। आरोपी ने उसके परिवार को भरोसा दिया कि वह उसकी इंटरव्यू क्लीयर करवा देगा, लेकिन जब वह यूनिर्वसिटी गए तो वहां पता चला कि पहले ही किसी ने टेस्ट के इंटरव्यू पर कोर्ट में स्टे ले लिया है। इसके बाद आरोपी उसे एक होटल में ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। टांडा पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म करने व अन्य धाराओं के अंतर्गत मामला दर्ज किया था जिसे अदालत ने दोषी करार देते हुए सजा सुना दी।