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मां-बेटे ने मिली भगत करके वीजा कंसल्टेंसी संचालकों से 4 लाख 41 हजार की मारी ठगी
Updated Sun, 01 Apr 2018 10:45 PM IST
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वीजा कंसल्टेंसी संचालकों से धोखाधड़ी का आरोप
पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ किया मामला दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
मोगा।
मोगा और बठिंडा स्थित वीजा कंसल्टेंसी के संचालकों ने फिरोजपुर के गांव ढंडिया के व्यक्ति पर अपनी मां और जीजा से मिलकर उनसे 4 लाख 41 हजार की ठगी करने का आरोप लगाया है। इस मामले की जांच डीएसपी सिटी केसर सिंह ने की। जांच के बाद शिकायतकर्ता के आरोप सही पाए जाने पर तेजिन्द्र सिंह, उसकी मां सुखदीप कौर और जीजा हरजिन्द्र सिंह हैरी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोपों के तहत थाना सिटी मोगा में मामला दर्ज किया गया। सहायक थानेदार अमरजीत सिंह ने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी बाकी है।
जिला पुलिस अधीक्षक को दिए शिकायत पत्र में वीजा कंसल्टेंसी के मालिक दीपक कुमार और स्टडी वीजा कंसल्टेंसी बठिंडा के संचालक राकेश कुमार ने कहा कि तेजिंद्र सिंह निवासी गांव ढंडिया (जीरा) ने स्टडी वीजा पर न्यूजीलैंड जाने के लिए उनके माध्यम से केस अप्लाई किया था। इसकी फीस उन्होंने संबंधित कॉलेज में जमा करवा दी थी, लेकिन वीजा रद्द हो गया। कॉलेज की फीस 8 लाख 71 हजार रुपये उनके एचडीएफसी. बैंक अकाउंट के खाते में कॉलेज की ओर से आ गए। वहीं लीविंग कास्ट के पैसे आने बाकी थे, जो केनरा बैंक कोटकपूरा में तेजिंद्र सिंह के खाते में आने थे।
आरोपी उनके पास से 6 लाख रुपये का चेक जो यस बैंक का था, ले गए। कहने लगे कि हमें पैसों की सख्त जरूरत है। जब लीविंग कास्ट के पैसे आए, तो हमने आपको उक्त पैसे काटकर बाकी 4 लाख 41 हजार रुपये वापस कर देंगे। उन्होंने हमें 6 लाख रुपये का चेक केनरा बैंक कोटकपूरा हमारे पक्ष में दे दिया और साथ हलफिया बयान सिक्योरिटी के तौर पर दिया, ताकि एक-दूसरे पर भरोसा बना रह सके। इसके बाद उन्होंने हमारा 6 लाख रुपये का चेक कैश करवा लिया। उन्होंने कहा कि 31 अक्तूबर 2016 को तेजिंद्र सिंह की लीविंग कास्ट के पैसे भी न्यूजीलैंड कॉलेज से वापस आ गए। वह न्यूजीलैंड चला गया और उसने जाने से पहले हमें दिए हुए चेक वाली चेक बुक को गुम होने का हवाला देकर बैंक से नई चेक बुक जारी करवा ली और न्यूजीलैंड चला गया। इस तरह हमारे साथ धोखाधड़ी की।
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पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ किया मामला दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
मोगा।
मोगा और बठिंडा स्थित वीजा कंसल्टेंसी के संचालकों ने फिरोजपुर के गांव ढंडिया के व्यक्ति पर अपनी मां और जीजा से मिलकर उनसे 4 लाख 41 हजार की ठगी करने का आरोप लगाया है। इस मामले की जांच डीएसपी सिटी केसर सिंह ने की। जांच के बाद शिकायतकर्ता के आरोप सही पाए जाने पर तेजिन्द्र सिंह, उसकी मां सुखदीप कौर और जीजा हरजिन्द्र सिंह हैरी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोपों के तहत थाना सिटी मोगा में मामला दर्ज किया गया। सहायक थानेदार अमरजीत सिंह ने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी बाकी है।
जिला पुलिस अधीक्षक को दिए शिकायत पत्र में वीजा कंसल्टेंसी के मालिक दीपक कुमार और स्टडी वीजा कंसल्टेंसी बठिंडा के संचालक राकेश कुमार ने कहा कि तेजिंद्र सिंह निवासी गांव ढंडिया (जीरा) ने स्टडी वीजा पर न्यूजीलैंड जाने के लिए उनके माध्यम से केस अप्लाई किया था। इसकी फीस उन्होंने संबंधित कॉलेज में जमा करवा दी थी, लेकिन वीजा रद्द हो गया। कॉलेज की फीस 8 लाख 71 हजार रुपये उनके एचडीएफसी. बैंक अकाउंट के खाते में कॉलेज की ओर से आ गए। वहीं लीविंग कास्ट के पैसे आने बाकी थे, जो केनरा बैंक कोटकपूरा में तेजिंद्र सिंह के खाते में आने थे।
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आरोपी उनके पास से 6 लाख रुपये का चेक जो यस बैंक का था, ले गए। कहने लगे कि हमें पैसों की सख्त जरूरत है। जब लीविंग कास्ट के पैसे आए, तो हमने आपको उक्त पैसे काटकर बाकी 4 लाख 41 हजार रुपये वापस कर देंगे। उन्होंने हमें 6 लाख रुपये का चेक केनरा बैंक कोटकपूरा हमारे पक्ष में दे दिया और साथ हलफिया बयान सिक्योरिटी के तौर पर दिया, ताकि एक-दूसरे पर भरोसा बना रह सके। इसके बाद उन्होंने हमारा 6 लाख रुपये का चेक कैश करवा लिया। उन्होंने कहा कि 31 अक्तूबर 2016 को तेजिंद्र सिंह की लीविंग कास्ट के पैसे भी न्यूजीलैंड कॉलेज से वापस आ गए। वह न्यूजीलैंड चला गया और उसने जाने से पहले हमें दिए हुए चेक वाली चेक बुक को गुम होने का हवाला देकर बैंक से नई चेक बुक जारी करवा ली और न्यूजीलैंड चला गया। इस तरह हमारे साथ धोखाधड़ी की।
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