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Panchkula News: एमसीएच बिल्डिंग में एंट्री पास के बाद अब कैमरों से निगरानी
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चोरी की घटनाएं बढ़ने पर दो पीटीजेड कैमरे लगाए, 10 और खरीदने की तैयारी; संवेदनशील स्थानों की रिपोर्ट मांगी
संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। सेक्टर-6 स्थित जिला नागरिक अस्पताल की मदर एंड चाइल्ड हेल्थ (एमसीएच) बिल्डिंग की सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। बिना पास के प्रवेश पर रोक लगाने के बाद अब अस्पताल प्रशासन ने निगरानी के लिए दो हाई रिजॉल्यूशन पीटीजेड (पैन-टिल्ट-ज़ूम) कैमरे लगाए हैं। अस्पताल परिसर में चोरी की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए 10 और पीटीजेड कैमरे खरीदने की तैयारी है। नए कैमरे कहां-कहां लगाए जाएं, इसके लिए मेंटेनेंस विंग से संवेदनशील स्थानों की रिपोर्ट मांगी गई है।
अस्पताल सूत्रों के अनुसार, हाल के दिनों में मरीजों और उनके परिजनों के मोबाइल, पर्स और अस्पताल के सामान चोरी होने की शिकायतें सामने आई थीं। इसके बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की गई। अस्पताल में पहले से करीब 120 सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। अब पीटीजेड कैमरों के जरिए ऐसे स्थानों पर भी निगरानी बढ़ाई जा रही है, जहां सामान्य कैमरों की पहुंच सीमित है।
एक कैमरे की कीमत करीब 1.50 लाख रुपये
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार लगाए गए दो पीटीजेड कैमरों की मदद से पुलिस को चोरी की घटनाओं में आरोपियों तक पहुंचने में भी मदद मिली है। इसके बाद 10 और कैमरे लगाने की योजना तैयार की जा रही है। ये कैमरे 360 डिग्री तक घूमकर निगरानी कर सकेंगे और रात में भी स्पष्ट तस्वीर उपलब्ध कराएंगे। अस्पताल के तकनीकी विभाग ने कैमरों की खरीद के लिए प्रस्ताव तैयार किया है। एक पीटीजेड कैमरे की अनुमानित लागत करीब 1.50 लाख रुपये बताई गई है। खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई जाएगी। नए कैमरों के लिए जगह चिह्नित करने को मेंटेनेंस विंग से रिपोर्ट मांगी गई है।
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एंट्री पास के बाद अब निगरानी की दोहरी व्यवस्था
कुछ दिन पहले ही एमसीएच बिल्डिंग में बिना पास के प्रवेश पर रोक लगाई गई थी। अब कैमरों की निगरानी शुरू होने से अस्पताल प्रशासन को उम्मीद है कि संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखना आसान होगा और चोरी की घटनाओं पर भी अंकुश लगेगा।
मरीजों के टोकन की एंट्री एचआईएमएस पोर्टल पर होगी
मरीजों की सुविधा और व्यवस्था में पारदर्शिता के लिए अस्पताल प्रशासन ने एक और बदलाव किया है। अब मरीजों को दिए जाने वाले टोकन की एंट्री उनके ओपीडी कार्ड के साथ सीधे एचआईएमएस पोर्टल पर की जाएगी। गत मंगलवार को जिला अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) विवेक आर्य ने सिविल अस्पताल के औचक निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को इसके निर्देश दिए।
कोट
अस्पताल की सुरक्षा के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं। एमसीएच में रात के समय एक लिफ्ट संचालित की जा रही है और अज्ञात लोगों पर कैमरों से नजर रखी जा रही है। अस्पताल और एमसीएच बिल्डिंग में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
- डॉ. आरएस चौहान, सिविल अस्पताल
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संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। सेक्टर-6 स्थित जिला नागरिक अस्पताल की मदर एंड चाइल्ड हेल्थ (एमसीएच) बिल्डिंग की सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। बिना पास के प्रवेश पर रोक लगाने के बाद अब अस्पताल प्रशासन ने निगरानी के लिए दो हाई रिजॉल्यूशन पीटीजेड (पैन-टिल्ट-ज़ूम) कैमरे लगाए हैं। अस्पताल परिसर में चोरी की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए 10 और पीटीजेड कैमरे खरीदने की तैयारी है। नए कैमरे कहां-कहां लगाए जाएं, इसके लिए मेंटेनेंस विंग से संवेदनशील स्थानों की रिपोर्ट मांगी गई है।
अस्पताल सूत्रों के अनुसार, हाल के दिनों में मरीजों और उनके परिजनों के मोबाइल, पर्स और अस्पताल के सामान चोरी होने की शिकायतें सामने आई थीं। इसके बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की गई। अस्पताल में पहले से करीब 120 सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। अब पीटीजेड कैमरों के जरिए ऐसे स्थानों पर भी निगरानी बढ़ाई जा रही है, जहां सामान्य कैमरों की पहुंच सीमित है।
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एक कैमरे की कीमत करीब 1.50 लाख रुपये
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार लगाए गए दो पीटीजेड कैमरों की मदद से पुलिस को चोरी की घटनाओं में आरोपियों तक पहुंचने में भी मदद मिली है। इसके बाद 10 और कैमरे लगाने की योजना तैयार की जा रही है। ये कैमरे 360 डिग्री तक घूमकर निगरानी कर सकेंगे और रात में भी स्पष्ट तस्वीर उपलब्ध कराएंगे। अस्पताल के तकनीकी विभाग ने कैमरों की खरीद के लिए प्रस्ताव तैयार किया है। एक पीटीजेड कैमरे की अनुमानित लागत करीब 1.50 लाख रुपये बताई गई है। खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई जाएगी। नए कैमरों के लिए जगह चिह्नित करने को मेंटेनेंस विंग से रिपोर्ट मांगी गई है।
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एंट्री पास के बाद अब निगरानी की दोहरी व्यवस्था
कुछ दिन पहले ही एमसीएच बिल्डिंग में बिना पास के प्रवेश पर रोक लगाई गई थी। अब कैमरों की निगरानी शुरू होने से अस्पताल प्रशासन को उम्मीद है कि संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखना आसान होगा और चोरी की घटनाओं पर भी अंकुश लगेगा।
मरीजों के टोकन की एंट्री एचआईएमएस पोर्टल पर होगी
मरीजों की सुविधा और व्यवस्था में पारदर्शिता के लिए अस्पताल प्रशासन ने एक और बदलाव किया है। अब मरीजों को दिए जाने वाले टोकन की एंट्री उनके ओपीडी कार्ड के साथ सीधे एचआईएमएस पोर्टल पर की जाएगी। गत मंगलवार को जिला अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) विवेक आर्य ने सिविल अस्पताल के औचक निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को इसके निर्देश दिए।
कोट
अस्पताल की सुरक्षा के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं। एमसीएच में रात के समय एक लिफ्ट संचालित की जा रही है और अज्ञात लोगों पर कैमरों से नजर रखी जा रही है। अस्पताल और एमसीएच बिल्डिंग में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
- डॉ. आरएस चौहान, सिविल अस्पताल