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पलवल मंडी में तीसरे दिन नहीं आया गेहूं
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पलवल। गेहूं खरीद प्रक्रिया के तीसरे दिन शनिवार को जिले की सबसे बड़ी पलवल अनाज मंडी में एक दाना भी नहीं आया। किसानों के पास पोर्टल से मैसेज नहीं पहुंचने के कारण वे अपनी फसल लेकर मंडी नहीं आ पा रहे हैं। हालांकि जो किसान बिना मैसेज के फसल लेकर पहुंच रहे हैं, उन्हें वापस लौटा दिया जा रहा है। वहीं जिले की अन्य मंडियों में गेहूं की भारी आवक हो रही है।
पलवल अनाज मंडी में गेहूं लेकर पहुंचे किसानों को उनके पास मैसेज न आने पर काफी रोष है। किसानों का आरोप है कि उनके द्वारा पोर्टल पर सबसे पहले पंजीकरण कराने के बावजूद मैसेज नहीं भेजे जा रहे हैं, जबकि जिन किसानों की फसल अभी तक खेतों में खड़ी है, उनके पास मैसेज आ रहे हैं। सरकार किसानों का शोषण कर रही है। जिले की अधिकांश मंडियों को यह देखने को मिला। मैसेज न होने से किसानों को गेहूं लेकर वापस जाना पड़ रहा है।
होडल में हुई 15 हजार क्विंटल की खरीद
शनिवार को होडल में 200 गेट पास के द्वारा 15 हजार क्विंटल, वहीं हथीन में 188 गेट पास बने, हालांकि शाम तक गेहूं खरीद नहीं शुरू हो सकी, बडौली चार गेट पास के द्वारा 641 क्विंटल, हसनपुर में 151 गेट पास के द्वारा 8,500 क्विंटल, खांबी में 34 गेट पास के 3300 क्विंटल, धतीर में 41 गेट पास के द्वारा 3300 क्विंटल गेहूं की खरीद हुई। सबसे बड़ी पलवल मंडी में एक भी गेट पास नहीं कटा, न ही एक भी दाना खरीद हुई। चांदहट मडी में भी अभी खरीद शुरू नहीं हुई है।
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काम की तलाश में बैठे रहे मजदूर
पलवल अनाज मंडी में तीसरे दिन गेहूं की आवक न होने से मजदूर खाली बैठे रहे। बिना काम के उनको अब रोजी-रोटी की चिंता सता रही है। मजदूरों का कहना है कि यदि मंडी में काम शुरू नहीं हुआ तो उन्हें दूसरी जगह काम ढूंढना पड़ेगा।
हथीन-पलवल रोड पर लगा जाम, पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत
हथीन। अनाज मंडी में गेहूं की सरकारी खरीद शुरू होने के बाद से किसान लगातार ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में भरकर अपनी फसल ला रहे हैं। फसल बेचने से पहले धर्मकांटा पर तुलाई कराने के लिए हथीन-पलवल रोड पर बने दो धर्मकांटों पर सुबह से ही ट्रैक्टरों की भीड़ लग जाती है। ऐसे में शनिवार को भी सुबह से ही इस मार्ग पर लंबा जाम लगा रहा। हालांकि यातायात व्यवस्था सुचारू बनाने के लिए मौके पर पुलिस तैनात रही। पूेर दिन पुलिसकर्मियों को जाम खुलवाने के लिए भारी मशक्कत करनी पड़ी।
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पलवल अनाज मंडी में गेहूं लेकर पहुंचे किसानों को उनके पास मैसेज न आने पर काफी रोष है। किसानों का आरोप है कि उनके द्वारा पोर्टल पर सबसे पहले पंजीकरण कराने के बावजूद मैसेज नहीं भेजे जा रहे हैं, जबकि जिन किसानों की फसल अभी तक खेतों में खड़ी है, उनके पास मैसेज आ रहे हैं। सरकार किसानों का शोषण कर रही है। जिले की अधिकांश मंडियों को यह देखने को मिला। मैसेज न होने से किसानों को गेहूं लेकर वापस जाना पड़ रहा है।
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होडल में हुई 15 हजार क्विंटल की खरीद
शनिवार को होडल में 200 गेट पास के द्वारा 15 हजार क्विंटल, वहीं हथीन में 188 गेट पास बने, हालांकि शाम तक गेहूं खरीद नहीं शुरू हो सकी, बडौली चार गेट पास के द्वारा 641 क्विंटल, हसनपुर में 151 गेट पास के द्वारा 8,500 क्विंटल, खांबी में 34 गेट पास के 3300 क्विंटल, धतीर में 41 गेट पास के द्वारा 3300 क्विंटल गेहूं की खरीद हुई। सबसे बड़ी पलवल मंडी में एक भी गेट पास नहीं कटा, न ही एक भी दाना खरीद हुई। चांदहट मडी में भी अभी खरीद शुरू नहीं हुई है।
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काम की तलाश में बैठे रहे मजदूर
पलवल अनाज मंडी में तीसरे दिन गेहूं की आवक न होने से मजदूर खाली बैठे रहे। बिना काम के उनको अब रोजी-रोटी की चिंता सता रही है। मजदूरों का कहना है कि यदि मंडी में काम शुरू नहीं हुआ तो उन्हें दूसरी जगह काम ढूंढना पड़ेगा।
हथीन-पलवल रोड पर लगा जाम, पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत
हथीन। अनाज मंडी में गेहूं की सरकारी खरीद शुरू होने के बाद से किसान लगातार ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में भरकर अपनी फसल ला रहे हैं। फसल बेचने से पहले धर्मकांटा पर तुलाई कराने के लिए हथीन-पलवल रोड पर बने दो धर्मकांटों पर सुबह से ही ट्रैक्टरों की भीड़ लग जाती है। ऐसे में शनिवार को भी सुबह से ही इस मार्ग पर लंबा जाम लगा रहा। हालांकि यातायात व्यवस्था सुचारू बनाने के लिए मौके पर पुलिस तैनात रही। पूेर दिन पुलिसकर्मियों को जाम खुलवाने के लिए भारी मशक्कत करनी पड़ी।