{"_id":"68c4676b85d3e8268a0a98e0","slug":"delivery-of-pregnant-women-should-be-done-in-chc-dochana-narnol-news-c-196-1-nnl1003-129590-2025-09-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahendragarh-Narnaul News: गर्भवतियों की डिलीवरी सीएचसी दोचाना में हो","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahendragarh-Narnaul News: गर्भवतियों की डिलीवरी सीएचसी दोचाना में हो
Sat, 13 Sep 2025 12:03 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Sat, 13 Sep 2025 12:03 AM IST
विज्ञापन
फोटो नंबर-13पीएचसी बलहा कलां में आशा मासिक बैठक को संबोधित करते हुए समंवयक प्रवीण शर्मा। स्र
नारनौल। पीएचसी बलाहा कलां में शुक्रवार को आशा मासिक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक डॉ. नवीन यादव की अध्यक्षता में हुई। इसमें खंड आशा समन्वयक प्रवीण शर्मा ने सभी आशा कार्यकर्ताओं को मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य से जुड़े दिशा-निर्देश दिए।
कहा गया कि पीएचसी बलाहा कलां के अधीन आने वाली सभी गर्भवतियों की डिलीवरी अनिवार्य रूप से सीएचसी दोचाना में करवाई जाए। इसके साथ ही, प्रत्येक आशा कार्यकर्ता को अपने क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं का 10 सप्ताह के भीतर पंजीकरण करवाना होगा। समन्वयक ने स्पष्ट किया कि उच्च जोखिम गर्भवती महिलाओं को अतिरिक्त देखभाल की आवश्यकता है तथा उन्हें प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस कैंप में हर तीन माह में जांच के लिए अनिवार्य रूप से लाना होगा।
खंड आशा समन्वयक ने सख्त निर्देश दिए कि यदि किसी सहेली का 12 सप्ताह या उससे अधिक का गर्भपात होता है तो उसकी सूचना संबंधित आशा द्वारा 24 घंटे के भीतर विभाग को अनिवार्य रूप से दी जानी चाहिए। बैठक के अंत में सभी आशाओं को यह आश्वासन दिया गया कि विभाग उनके सहयोग से सुरक्षित मातृत्व, बेटियों की सुरक्षा और लिंग अनुपात सुधार की दिशा में निरंतर कार्य करता रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
कहा गया कि पीएचसी बलाहा कलां के अधीन आने वाली सभी गर्भवतियों की डिलीवरी अनिवार्य रूप से सीएचसी दोचाना में करवाई जाए। इसके साथ ही, प्रत्येक आशा कार्यकर्ता को अपने क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं का 10 सप्ताह के भीतर पंजीकरण करवाना होगा। समन्वयक ने स्पष्ट किया कि उच्च जोखिम गर्भवती महिलाओं को अतिरिक्त देखभाल की आवश्यकता है तथा उन्हें प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस कैंप में हर तीन माह में जांच के लिए अनिवार्य रूप से लाना होगा।
विज्ञापन
खंड आशा समन्वयक ने सख्त निर्देश दिए कि यदि किसी सहेली का 12 सप्ताह या उससे अधिक का गर्भपात होता है तो उसकी सूचना संबंधित आशा द्वारा 24 घंटे के भीतर विभाग को अनिवार्य रूप से दी जानी चाहिए। बैठक के अंत में सभी आशाओं को यह आश्वासन दिया गया कि विभाग उनके सहयोग से सुरक्षित मातृत्व, बेटियों की सुरक्षा और लिंग अनुपात सुधार की दिशा में निरंतर कार्य करता रहेगा।
विज्ञापन