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राज्य चौकसी ब्यूरो ने 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते एसआई को किया काबू
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विजिलेंस टीम की गिरफ्त में आरोपी एसआई बलराज। संवाद
- फोटो : Kurukshetra
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। सुभाष मंडी पुलिस चौकी में तैनात एसआई को राज्य चौकसी ब्यूरो (विजिलेंस) की टीम ने 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी एसआई ने मारपीट के मामले को रफा-दफा करने की एवज में 50 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। आरोपी के कब्जे से टीम ने रिश्वत के 40 हजार रुपये भी बरामद किए हैं। शनिवार को आरोपी को अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस विभाग ने उसे नौकरी से डिसमिस करने की तैयारी शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक गांव बहादुरपुरा के रहने वाले अनुज कुमार ने एसआई बलराज के खिलाफ राज्य चौकसी ब्यूरो को शिकायत सौंपी थी। अनुज पर कृष्णा गेट पुलिस थाने में मारपीट का मुकदमा नंबर 462 दर्ज था। इस मामले की जांच एसआई बलराज कर रहा था। इस मामले में अनुज ने खुद को निर्दोष बता रहा था। अनुज ने मामले की एक सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस को मुहैया कराई थी। बावजूद एसआई बलराज डीएसपी का नाम लेकर उस पर दबाव बना रहा था।
डीएसपी विजिलेंस सरीफ ने बताया कि आरोपी एसआई बलराज को रंगे हाथ रिश्वत लेते काबू किया गया है, जिसके कब्जे से 40 हजार रुपये बरामद हुए हैं। आरोपी को रिमांड पर लेकर गहन पूछताछ की जाएगी। रिश्वतखोरी के इस खेल में जो-जो शामिल होगा उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
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इस मामले को लेकर शिकायतकर्ता अनुज ने बलराज के खिलाफ पुलिस प्रशासन को एक शिकायत भी सौंपी थी, जिस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो राज्य चौकसी ब्यूरो को शिकायत देकर कार्रवाई की गुहार लगाई थी। उधर, एसपी सुरेंद्र भौरिया का कहना है कि आरोपी एसआई बलराज को डिसमिस किया जाएगा, जिसके लिए कार्यवाही शुरू कर दी गई है। भ्रष्टाचार किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डीएसपी का नाम सामने आने को लेकर विजिलेंस विभाग की रिपोर्ट के आधार पर आगे जांच की जाएगी। खाकी के दागदार होने का यह कोई पहला मामला नहीं है। गत पांच माह में एक चौकी प्रभारी एसआई, महिला एएसआई सहित चार पुलिसकर्मी रिश्वत के आरोप में पकड़े जा चुके हैं।
खाकी पर लग रहे दाग, थम नहीं रहा भ्रष्टाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। सरकार की सख्ती के बावजूद जिला पुलिस में भ्रष्टाचार थमने का नाम नहीं ले रहा है, जिससे खाकी लगातार दागदार हो रही है। पिछले पांच माह में ही एक महिला सहित चार पुलिसकर्मी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। लगातार सामने आ रहे मामलों के चलते पुलिस की कार्यशैली पर सवालिया निशान लग रहे हैं तो आम लोगों में भी पुलिस के प्रति गलत संदेश जा रहा है।
ताजा मामला शुक्रवार को सामने आया। सुभाष मंडी चौकी में तैनात एएसआई को राज्य चौकसी ब्यूरो की टीम ने 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी एसआई ने मारपीट के मामले को रफा-दफा करने की एवज में 50 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। आरोपी के कब्जे से टीम ने रिश्वत के 40 हजार रुपये भी बरामद किए गए।
शिकायतकर्ता अनुज ने शिकायत में बताया कि आरोपी एसआई बलराज ने केस रफा-दफा करने की एवज में 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। एसआई ने यह रिश्वत डीएसपी को देने के लिए कहा था। अनुज ने कहा था कि वह शहर के एक निजी अस्पताल में मात्र 12 हजार रुपये में बतौर नर्सिंग नौकरी कर रहा है। वह इतने रुपये नहीं दे सकता। तब आरोपी एसआई ने उससे 40 हजार रुपये में सेटलमेंट कराने का आश्वासन दिया था।
इससे पहले 27 सितंबर को विजिलेंस टीम ने थाना शहर पिहोवा में कार्यरत एक एएसआई जयभगवान को छह हजार रुपये रिश्वत लेते काबू किया था। आरोपी ने लेनदेन के मामले में समझौता कराने के एवज में 20 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। वहीं 16 जून को विजिलेंस टीम ने सेक्टर सात चौकी प्रभारी जयकरण और महिला एएसआई किरण को 60 हजार की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया था। आरोपियों ने छेड़छाड़ व मारपीट के मामले को रफा-दफा करने के एवज में 60 हजार रुपये मांगे थे।
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कुरुक्षेत्र। सुभाष मंडी पुलिस चौकी में तैनात एसआई को राज्य चौकसी ब्यूरो (विजिलेंस) की टीम ने 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी एसआई ने मारपीट के मामले को रफा-दफा करने की एवज में 50 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। आरोपी के कब्जे से टीम ने रिश्वत के 40 हजार रुपये भी बरामद किए हैं। शनिवार को आरोपी को अदालत में पेश किया जाएगा। पुलिस विभाग ने उसे नौकरी से डिसमिस करने की तैयारी शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक गांव बहादुरपुरा के रहने वाले अनुज कुमार ने एसआई बलराज के खिलाफ राज्य चौकसी ब्यूरो को शिकायत सौंपी थी। अनुज पर कृष्णा गेट पुलिस थाने में मारपीट का मुकदमा नंबर 462 दर्ज था। इस मामले की जांच एसआई बलराज कर रहा था। इस मामले में अनुज ने खुद को निर्दोष बता रहा था। अनुज ने मामले की एक सीसीटीवी फुटेज भी पुलिस को मुहैया कराई थी। बावजूद एसआई बलराज डीएसपी का नाम लेकर उस पर दबाव बना रहा था।
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डीएसपी विजिलेंस सरीफ ने बताया कि आरोपी एसआई बलराज को रंगे हाथ रिश्वत लेते काबू किया गया है, जिसके कब्जे से 40 हजार रुपये बरामद हुए हैं। आरोपी को रिमांड पर लेकर गहन पूछताछ की जाएगी। रिश्वतखोरी के इस खेल में जो-जो शामिल होगा उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
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इस मामले को लेकर शिकायतकर्ता अनुज ने बलराज के खिलाफ पुलिस प्रशासन को एक शिकायत भी सौंपी थी, जिस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो राज्य चौकसी ब्यूरो को शिकायत देकर कार्रवाई की गुहार लगाई थी। उधर, एसपी सुरेंद्र भौरिया का कहना है कि आरोपी एसआई बलराज को डिसमिस किया जाएगा, जिसके लिए कार्यवाही शुरू कर दी गई है। भ्रष्टाचार किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डीएसपी का नाम सामने आने को लेकर विजिलेंस विभाग की रिपोर्ट के आधार पर आगे जांच की जाएगी। खाकी के दागदार होने का यह कोई पहला मामला नहीं है। गत पांच माह में एक चौकी प्रभारी एसआई, महिला एएसआई सहित चार पुलिसकर्मी रिश्वत के आरोप में पकड़े जा चुके हैं।
खाकी पर लग रहे दाग, थम नहीं रहा भ्रष्टाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। सरकार की सख्ती के बावजूद जिला पुलिस में भ्रष्टाचार थमने का नाम नहीं ले रहा है, जिससे खाकी लगातार दागदार हो रही है। पिछले पांच माह में ही एक महिला सहित चार पुलिसकर्मी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। लगातार सामने आ रहे मामलों के चलते पुलिस की कार्यशैली पर सवालिया निशान लग रहे हैं तो आम लोगों में भी पुलिस के प्रति गलत संदेश जा रहा है।
ताजा मामला शुक्रवार को सामने आया। सुभाष मंडी चौकी में तैनात एएसआई को राज्य चौकसी ब्यूरो की टीम ने 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी एसआई ने मारपीट के मामले को रफा-दफा करने की एवज में 50 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। आरोपी के कब्जे से टीम ने रिश्वत के 40 हजार रुपये भी बरामद किए गए।
शिकायतकर्ता अनुज ने शिकायत में बताया कि आरोपी एसआई बलराज ने केस रफा-दफा करने की एवज में 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। एसआई ने यह रिश्वत डीएसपी को देने के लिए कहा था। अनुज ने कहा था कि वह शहर के एक निजी अस्पताल में मात्र 12 हजार रुपये में बतौर नर्सिंग नौकरी कर रहा है। वह इतने रुपये नहीं दे सकता। तब आरोपी एसआई ने उससे 40 हजार रुपये में सेटलमेंट कराने का आश्वासन दिया था।
इससे पहले 27 सितंबर को विजिलेंस टीम ने थाना शहर पिहोवा में कार्यरत एक एएसआई जयभगवान को छह हजार रुपये रिश्वत लेते काबू किया था। आरोपी ने लेनदेन के मामले में समझौता कराने के एवज में 20 हजार रुपये रिश्वत मांगी थी। वहीं 16 जून को विजिलेंस टीम ने सेक्टर सात चौकी प्रभारी जयकरण और महिला एएसआई किरण को 60 हजार की रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया था। आरोपियों ने छेड़छाड़ व मारपीट के मामले को रफा-दफा करने के एवज में 60 हजार रुपये मांगे थे।