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फजीहत के बाद याद आया केयू का नहीं है कोई ग्रेड
ब्यूरो/अमर उजाला/ कुरुक्षेत्र
Updated Tue, 16 Feb 2016 11:58 PM IST
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प्रदेश की पहली यूनिवर्सिटी के दस्तावेजों में अब ए ग्रेड कहीं नजर नहीं
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आएगा। अमर उजाला की ओर से यूनिवर्सिटी से दो वर्ष पहले ही ए ग्रेड की
मान्यता समाप्त हो जाने का मामला प्रकाशित करने के बाद केयू प्रशासन ने
संज्ञान लेते हुए सभी विभागों में आदेश जारी कर दिए हैं।
कुलपति की ओर से विभिन्न विभागों में भेजे गए पत्र में आदेश दिए हैं कि किसी भी दस्तावेज पर यूनिवर्सिटी का ए ग्रेड अंकित न किया जाए और न ही किसी दस्तावेज में 'ए' ग्रेड होने का दावा किया जाए।
बता दें कि प्रदेश की पहली कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी को नेशनल एक्रेडिएशन एवं एसेसमेंट काउंसिल (नैक) ने वर्ष 2004-2009 के लिए बी ग्रेड दिया था, लेकिन अगले टर्म में 2009-2014 में 'ए' ग्रेड से नवाजा था। लेकिन, इस मान्यता की मियाद वर्ष 2014 में समाप्त हो गई।
इसके बाद नैक की एक्रेडिएशन प्राप्त करने के लिए वर्ष 2014 में केयू प्रशासन को आवेदन करना था, लेकिन आवेदन नहीं किया गया। इसके बाद यूनिवर्सिटी ने वर्ष 2015 में भी एक्रेडिएशन के लिए आवेदन नहीं किया गया। लगातार दो वर्षों तक केयू प्रशासन एक्रेडिएशन समाप्त हो जाने के बाद भी ए ग्रेड होने का दंभ भरता रहा।
हाल ही में अमर उजाला ने 16 जनवरी के अंक में "केयू से दो साल पहले ही छिन चुका है ए ग्रेड शीर्षक से समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किया था। मामला प्रकाशित होने के बाद हुई फजीहत से बचने के लिए केयू कुलपति की ओर से बाकायदा आदेश जारी कर दिए हैं कि कहीं भी ए ग्रेड अंकित नहीं किया जाए।
11 फरवरी को जारी किया पत्र
केयू रजिस्ट्रार ने 11 फरवरी 2016 को जारी आदेशों में कहा है कि कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के नाम के साथ कहीं भी नैक ए ग्रेड मान्यता को अंकित न किया जाए। आदेशों में साफ किया है कि किसी भी लेटर हेड, प्रोसपेक्टस, डिग्री, डीएमसी के अलावा किसी भी विज्ञापन, नोटिस अथवा किसी टेंडर पर भी ए ग्रेड को अंकित न किया जाए। इन आदेशों की प्रति सभी विभागों को भेज दी गई है।
कशमकश में यूनिवर्सिटी प्रशासन, दौरा कराएं कि नहीं
कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी में नैक के दौरे को लेकर मंथन का दौर जारी है। एक ओर जहां यूनिवर्सिटी प्रशासन नैक के लिए आवेदन करने की तैयारी के लिए यूनिवर्सिटी एक्रेडिएशन कमेटी को आदेश कर चुका है।
इस बात को लेकर भी चर्चा है कि आईआईटी और डीयू की तर्ज पर नैक एक्रेडिएशन के लिए आवेदन करने से इनकार भी करने की सोच रहा है। इस बात को लेकर भी मंथन का दौर काफी तेजी से जारी है।
कुलपति की ओर से आदेश जारी किए गए हैं कि किसी भी स्थान, लेटर हैड, डिग्री अथवा डीएमसी आदि दस्तावेजों, विज्ञापन, टेंडर आदि पर कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के नाम के साथ नैक एक्रेडिएटेड ए ग्रेड का उल्लेख न किया जाए। सभी विभागों को इस संबंध में आदेश जारी कर पत्र भेजे गए हैं।
डॉ. प्रवीण सैनी, रजिस्ट्रार, कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी, कुरुक्षेत्र।
कुलपति की ओर से विभिन्न विभागों में भेजे गए पत्र में आदेश दिए हैं कि किसी भी दस्तावेज पर यूनिवर्सिटी का ए ग्रेड अंकित न किया जाए और न ही किसी दस्तावेज में 'ए' ग्रेड होने का दावा किया जाए।
बता दें कि प्रदेश की पहली कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी को नेशनल एक्रेडिएशन एवं एसेसमेंट काउंसिल (नैक) ने वर्ष 2004-2009 के लिए बी ग्रेड दिया था, लेकिन अगले टर्म में 2009-2014 में 'ए' ग्रेड से नवाजा था। लेकिन, इस मान्यता की मियाद वर्ष 2014 में समाप्त हो गई।
इसके बाद नैक की एक्रेडिएशन प्राप्त करने के लिए वर्ष 2014 में केयू प्रशासन को आवेदन करना था, लेकिन आवेदन नहीं किया गया। इसके बाद यूनिवर्सिटी ने वर्ष 2015 में भी एक्रेडिएशन के लिए आवेदन नहीं किया गया। लगातार दो वर्षों तक केयू प्रशासन एक्रेडिएशन समाप्त हो जाने के बाद भी ए ग्रेड होने का दंभ भरता रहा।
हाल ही में अमर उजाला ने 16 जनवरी के अंक में "केयू से दो साल पहले ही छिन चुका है ए ग्रेड शीर्षक से समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किया था। मामला प्रकाशित होने के बाद हुई फजीहत से बचने के लिए केयू कुलपति की ओर से बाकायदा आदेश जारी कर दिए हैं कि कहीं भी ए ग्रेड अंकित नहीं किया जाए।
11 फरवरी को जारी किया पत्र
केयू रजिस्ट्रार ने 11 फरवरी 2016 को जारी आदेशों में कहा है कि कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के नाम के साथ कहीं भी नैक ए ग्रेड मान्यता को अंकित न किया जाए। आदेशों में साफ किया है कि किसी भी लेटर हेड, प्रोसपेक्टस, डिग्री, डीएमसी के अलावा किसी भी विज्ञापन, नोटिस अथवा किसी टेंडर पर भी ए ग्रेड को अंकित न किया जाए। इन आदेशों की प्रति सभी विभागों को भेज दी गई है।
कशमकश में यूनिवर्सिटी प्रशासन, दौरा कराएं कि नहीं
कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी में नैक के दौरे को लेकर मंथन का दौर जारी है। एक ओर जहां यूनिवर्सिटी प्रशासन नैक के लिए आवेदन करने की तैयारी के लिए यूनिवर्सिटी एक्रेडिएशन कमेटी को आदेश कर चुका है।
इस बात को लेकर भी चर्चा है कि आईआईटी और डीयू की तर्ज पर नैक एक्रेडिएशन के लिए आवेदन करने से इनकार भी करने की सोच रहा है। इस बात को लेकर भी मंथन का दौर काफी तेजी से जारी है।
कुलपति की ओर से आदेश जारी किए गए हैं कि किसी भी स्थान, लेटर हैड, डिग्री अथवा डीएमसी आदि दस्तावेजों, विज्ञापन, टेंडर आदि पर कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के नाम के साथ नैक एक्रेडिएटेड ए ग्रेड का उल्लेख न किया जाए। सभी विभागों को इस संबंध में आदेश जारी कर पत्र भेजे गए हैं।
डॉ. प्रवीण सैनी, रजिस्ट्रार, कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी, कुरुक्षेत्र।