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Kurukshetra News: फर्नीचर वर्कशॉप और लकड़ी के गोदाम में भीषण आग
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आग में जलकर राख हुआ गोदाम में पड़ा सामान।
कुरुक्षेत्र। झांसा रोड स्थित एक फर्नीचर वर्कशाॅप व लकड़ी के गोदाम में अलसुबह भीषण आग लग गई। आग में गोदाम में बंधी एक गाय की जिंदा जलने से मौत हो गई और वर्कशॉप व गोदाम में रखा लाखों का सामान व एक मोटरसाइकिल जलकर राख हो गई। पड़ोसियों ने आग बुझाने की कोशिश की लेकिन आग ने तब तक भयंकर रूप ले लिया था।
आग लगने के घंटे बाद आई अग्निशामक की पांच गाड़ियों को आग बुझाने में चार घंटे से अधिक का समय लग गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग इतनी भीषण थी कि देखते ही देखते पूरे गोदाम व वर्कशाॅप को आग की लपटों ने अपनी चपेट में ले लिया। पड़ोसियों ने गोदाम में आग लगने की सूचना वर्कशाॅप के मालिक गांधीनगर निवासी जनार्दन को दी। दुकानदार ने मौके पर पहुंचकर अग्निशामक विभाग में इसकी सूचना दी।
जब तक दो अग्निशामक गाड़ियां मौके पर पहुंची। आग की लपटें इतनी तेजी से फैली की अग्निशामक गाड़ियों के पहुंचने से पहले सामान जलकर राख हो गया। आग पर काबू पाने के लिए अग्निशामक विभाग के कर्मचारियों को तीन गाड़ियां और बुलानी पड़ी इसके बाद सुबह नौ बजे तक लगातार चार घंटे तक कड़ी मेहनत करते रहे व आग पर काबू पाया। दुकानदार जनार्दन ने गोदाम किराए पर लिया हुआ है। आग से गोदाम को भी काफी नुकसान हुआ है। पड़ोसियों का कहना है कि अगर आग समय रहते काबू में नहीं आती तो आसपास की इमारतें भी चपेट में आ सकती थीं। शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट-सर्किट माना जा रहा है।
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वहीं गोदाम के मालिक जनार्दन ने आरोप लगाया कि काफी समय तक अग्निशामक विभाग का नंबर नहीं लगा। इसके बाद भी आग पर काबू पाने के लिए विभाग की गाड़ियां 45 मिनट लेट से आईं। अगर गाड़ियां समय रहते आ जाती तो शायद कुछ नुकसान कम होता।
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आग लगने के घंटे बाद आई अग्निशामक की पांच गाड़ियों को आग बुझाने में चार घंटे से अधिक का समय लग गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग इतनी भीषण थी कि देखते ही देखते पूरे गोदाम व वर्कशाॅप को आग की लपटों ने अपनी चपेट में ले लिया। पड़ोसियों ने गोदाम में आग लगने की सूचना वर्कशाॅप के मालिक गांधीनगर निवासी जनार्दन को दी। दुकानदार ने मौके पर पहुंचकर अग्निशामक विभाग में इसकी सूचना दी।
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जब तक दो अग्निशामक गाड़ियां मौके पर पहुंची। आग की लपटें इतनी तेजी से फैली की अग्निशामक गाड़ियों के पहुंचने से पहले सामान जलकर राख हो गया। आग पर काबू पाने के लिए अग्निशामक विभाग के कर्मचारियों को तीन गाड़ियां और बुलानी पड़ी इसके बाद सुबह नौ बजे तक लगातार चार घंटे तक कड़ी मेहनत करते रहे व आग पर काबू पाया। दुकानदार जनार्दन ने गोदाम किराए पर लिया हुआ है। आग से गोदाम को भी काफी नुकसान हुआ है। पड़ोसियों का कहना है कि अगर आग समय रहते काबू में नहीं आती तो आसपास की इमारतें भी चपेट में आ सकती थीं। शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट-सर्किट माना जा रहा है।
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वहीं गोदाम के मालिक जनार्दन ने आरोप लगाया कि काफी समय तक अग्निशामक विभाग का नंबर नहीं लगा। इसके बाद भी आग पर काबू पाने के लिए विभाग की गाड़ियां 45 मिनट लेट से आईं। अगर गाड़ियां समय रहते आ जाती तो शायद कुछ नुकसान कम होता।