फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   कुरुक्षेत्र में यात्रियों की संख्या में भारी गिरावट

कुरुक्षेत्र में यात्रियों की संख्या में भारी गिरावट

Mon, 28 Aug 2017 12:33 AM IST
Updated Mon, 28 Aug 2017 12:33 AM IST
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र में यात्रियों की संख्या में भारी गिरावट
फोटो 22 से 29 और पिहोवा 30,31
विज्ञापन

कारोबार से लेकर मंदिर के चढ़ावे तक पर पड़ा है असर
-तीर्थों और दर्शनीय स्थलों के आसपास छोटे दुकानदार भी प्रभावित
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र ।
अधिकांश एटीएम मशीनों कैश नहीं, स्वैप मशीनों से खरीदारी ठप और ये हालात एक बार फिर लोगों को नोटबंदी के दिनों की याद करा रहे हैं। जाहिर है कि पिछले आठ दिनों में सिर्फ तीन दिन बैंकों का ताला खुला है। इस बीच बैंकों के बंद होने के दौरान लेनदेन भी पूरी तरह प्रभावित रहा। इसका सीधा असर कैश पर भी पड़ा है।
गौरतलब है कि 20 अगस्त को रविवार की छुट्टी के बाद 21 तारीख को बैंक खुला था, लेकिन अगले दिन 22 अगस्त को देशव्यापी हड़ताल के चलते बैंक बंद रहे थे। इसके बाद अगले दिन 23 और 24 को बैंक खुले थे और उसके बाद डेरा सच्चा सौदा मामले के चलते दो दिन बैंक बंद रहे और आज रविवार की छुट्टी के कारण बैंक बंद हैं। डेरा प्रकरण के कारण तीन दिनों से छोटे बड़े कारोबारी परेशान हैं। इन हालात में गत तीन दिनों से पर्यटकों की संख्या में गिरावट आई है। तीर्र्थों,धर्मस्थलों और कुरुक्षेत्र के अन्य प्रमुख दर्शनीय स्थलों के आसपास स्थित दुकानदारों को नुकसान झेलना पड़ा रहा है। इनमें ज्यादातर छोटे दुकानदार और रेहड़ी,फड़ी वाले शामिल हैं। दुकानदारों का कहना है कि डेरा सच्चा सौदा प्रकरण पर फैसला आने से पहले दुकानों पर पर्यटकों की चहल पहल थी, मगर पिछले तीन दिनों से ब्रह्मसरोवर, सन्निहित सरोवर, ज्योतिसर, भद्रकाली शक्तिपीठ, श्रीकृष्ण म्यूजियम, पैनोरमा, बाण गंगा के आसपास स्थित दुकानों से ग्राहक नदारद हैं। दुकानदार राममेहर ने बताया कि 28 अगस्त का सजा का फैसला आना है। इस वजह से अभी भी यह कहना मुश्किल है कि अगले दिनों में भी हालात सामान्य होंगे या नहीं। उन्होंने बताया कि पिछले तीन दिनों से कई दुकानें पूर्णत: बंद रहीं और जो खुली रहीं, उन पर ग्राहक बहुत कम हैं। दुकानदार के मुताबिक लगभग 90 प्रतिशत कारोबार ठप है।
विज्ञापन


आने जाने का किराया भी पूरा नही हो पा रहा
ब्रह्मसरोवर स्थित मूर्ति, सजावटी सामान व अन्य सामग्री की बिक्री करने वाले दुकानदार अनिल यादव ने बताया कि पिछले तीन दिनों से कारोबार चौपट है। प्रदेश में तनावपूर्ण हालात के चलते लोग घरों से बाहर ही नहीं निकल पा रहे हैं। उन्होंने बताया कि ब्रह्मसरोवर पर जहां शनिवार और रविवार को खासी चहल पहल होती थी और यात्रियों की खरीद फरोख्त से कारोबार अच्छा होता था,वहीं अधिकांश दुकानदार पिछले तीन दिनों से खाली हाथ घर लौटते हैं। अकेले उनकी पिछले तीन दिनों में पंद्रह हजार की सेल कम हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


सारा काम पूरी तरह ठप हो गया
ब्रह्मसरोवर स्थित चाय दुकानदार गुरदयाल ने बताया कि पिछले लगभग पांच दिनों से काम ठप हो गया है। मेरी प्रतिदिन की कमाई 1500 के लगभग थी, लेकिन बाबा राम रहीम के मामले के कारण दुकानदारी में एक दम गिरावट आ गई हैं, स्थानीय लोग भी घरों से बाहर नहीं निकल रहे हैं इस डर से कही कोई उपद्रव न हो जाए। सन्निहित सरोवर स्थित दुकानदार अशोक कुमार ने बताया कि डेरा प्रकरण ने छोटे कारोबारियों को भी भारी क्षति पहुंचाई है। पिछले तीन दिनों से श्रदालुओं के वाहनों की एंट्री भी नहीं हो रही है और ना ही स्थानीय वासी बाहर निकल रहे हैं। इसकी वजह से पूरा कामकाज ठप है। अशोक के मुताबिक पहले उसकी दुकान पर रोजाना पंद्रह लीटर दूध लगता था, लेकिन पिछले पांच दिनों से चार लीटर दूध की खपत हो रही है।

दर्शन करने के लिए नहीं आ पा रहे श्रद्धालु
सन्निहित तीर्थ स्थित प्राचीन लक्ष्मी नारायण मंदिर के महंत स्वामी हरिनारायण गिरि महाराज ने एक घटना के कारण हरियाणा और आसपास के राज्यों के लोग परेशानी झेल रहे हैं। इसका असर उन श्रद्धालुओं पर भी पड़ रहा है,जोकि धर्मनगरी के दर्शनार्थ विशेषकर शनिवार और रविवार को कुरुक्षेत्र पहुंचते हैं। महंत हरिनारायण गिरी के मुताबिक कुरुक्षेत्र के तीर्थो और मंदिरों और दर्शनीय स्थलों पर लोगों की संख्या में 95 प्रतिशत की गिरावट आई है। उन्होंने बताया कि इस दौरान जहां मंदिर में सुबह से शाम तक भक्तों का तांता लगा रहता था और बाहर से श्रद्धालुओं की गाड़ियां भी काफी संख्या में दर्शन करने के यहां पहुंचती थी, वे बिगड़े हालात की वजह से यहां नहीं पहुंच रहे। एक सवाल के उत्तर में उन्होंने कहा कि इसका असर सिर्फ चढ़ावे पर नहीं, बल्कि फूल सामग्री व मंदिरों में चढ़ावे के लिए उपयोगी अन्य सामान की बिक्री करने वालों छोटे दुकानदारों पर भी पड़ा है।

कैसल माल में लौटी रौनक
पिछले दो दिन बाद कैसल मॉल के सिनेमा संचालकों, शोरूम मालिकों को आज थोड़ी राहत मिली है। तोड़फोड़ के भय के कारण यहां पिछले दो दिनों से यहां वीरानगी छायी हुई थी,लेकिन रविवार को पार्किंग में वाहन की भीड़ और सिनेमाघरों में दर्शकों की रौनक दिखी। हालांकि तीसरे दिन कैसल माल के शोरुम व अन्य आउटलेट खुले जरूर,लेकिन कारोबार में तेजी आज भी दर्ज नहीं हो सकी।

पिहोवा में 70 प्रतिशत कम पहुंचे श्रद्धालु
दिल्ली से आए श्रद्धालु दलजीत सिंह ने बताया कि वे पिंडदान कराने के लिए पिहोवा आए थे। उन्हें यहां अपने निजी वाहन से पहुंचना पड़ा। हालांकि यदि बस सेवा सुचारु रुप से चलती रहती तो वे बस आ सकते थे। तीर्थ पुरोहित रवि रिष्याण ने बताया कि तीर्थ पर आम दिनों हजारों श्रद्धालु पिंडदान करवाने के लिए पहुंचते थे। लेकिन अब यह संख्या बहुत कम है। उन्होंने बताया कि रविवार को शाम तक करीब 70 श्रद्धालु ही पहुंच पाए। वो भी अपने निजी वाहनों से ही यहां पहुंचे थे।


धर्मशालाओं के कमरे खाली हैं
पिहोवा सरस्वती तीर्थ पर पूजा सामग्री विक्रेता सुंदर लाल ने बताया कि यात्रियों की संख्या कम है। इसका असर उनकी दुकानदारी पर भी पड़ रहा है। यात्री कम आने से बिक्री असर पड़ा है। वहीं बाला सुंदरी मंदिर कमेटी के प्रधान संजय गुप्ता ने बताया कि डेरे मामले को लेकर बस व रेल सेवा प्रभावित हुई है। आम दिनों में धर्मशाला में 100 से ज्यादा यात्री ठहरते थे। लेकिन इस मामले के बाद यात्रियों आधे ही रह गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed