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एसडीएम आयुष सिन्हा को महंगा पड़ा लठ मारने का आदेश देना
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। भाजपा की बैठक का विरोध कर रहे किसानों पर पुलिस कर्मियों को लठ मारने के निर्देश देना करनाल के आईएएस एसडीएम आयुष सिन्हा को महंगा पड़ गया है। हरियाणा सरकार ने अब उनका तबादला कर अतिरिक्त सचिव (नागरिक संसाधन संपर्क विभाग) बना दिया है। माना जा रहा है कि एसडीएम के साथ खड़ी नजर आ रही सरकार ने उन्हें करनाल से हटाने का निर्णय किसानों व विपक्षियों के बढ़ते दबाव के कारण लिया है।
शनिवार को करनाल में भाजपा की प्रदेशस्तरीय सांगठनिक बैठक थी, जिसमें मुख्यमंत्री मनोहर लाल भी पहुंचे। वहीं आंदोलनकारी किसानों ने इस बैठक में पहुंचने वाले भाजपा नेताओं का विरोध करने का एलान किया था। बैठक को निर्विघ्न संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने भी बड़ी तैयारी की थी। इसी दिन किसानों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। इसी दिन एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें एसडीएम आयुष सिन्हा सुरक्षा में लगे पुलिस कर्मियों को दिशा निर्देश देते नजर आ रहे थे। आरोप है कि इसमें एसडीएम ने लठ मारने के सीधे तौर पर निर्देश दे दिए। इस वीडियो ने किसानों का आक्रोश बढ़ा दिया और विपक्षियों ने भी इसे मुद्दा बनाने में देर नहीं लगाई।
भाकियू, संयुक्त किसान मोर्चा तो लाठीचार्ज के लिए सीधे तौर पर एसडीएम आदि अफसरों पर केस दर्ज करने की मांग कर चुका है। कांग्रेस, वामपंथी दल आदि विपक्षी संगठनों के भी एसडीएम निशाने पर हैं। ये संगठन उन पर मुकदमा दर्ज कर बर्खास्तगी की मांग कर रहे हैं। हालांकि हरियाणा सरकार ने बुधवार को एसडीएम आयुष सिन्हा के साथ प्रदेश में कई अन्य अधिकारियों के भी तबादले किए हैं।
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करनाल। भाजपा की बैठक का विरोध कर रहे किसानों पर पुलिस कर्मियों को लठ मारने के निर्देश देना करनाल के आईएएस एसडीएम आयुष सिन्हा को महंगा पड़ गया है। हरियाणा सरकार ने अब उनका तबादला कर अतिरिक्त सचिव (नागरिक संसाधन संपर्क विभाग) बना दिया है। माना जा रहा है कि एसडीएम के साथ खड़ी नजर आ रही सरकार ने उन्हें करनाल से हटाने का निर्णय किसानों व विपक्षियों के बढ़ते दबाव के कारण लिया है।
शनिवार को करनाल में भाजपा की प्रदेशस्तरीय सांगठनिक बैठक थी, जिसमें मुख्यमंत्री मनोहर लाल भी पहुंचे। वहीं आंदोलनकारी किसानों ने इस बैठक में पहुंचने वाले भाजपा नेताओं का विरोध करने का एलान किया था। बैठक को निर्विघ्न संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने भी बड़ी तैयारी की थी। इसी दिन किसानों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। इसी दिन एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें एसडीएम आयुष सिन्हा सुरक्षा में लगे पुलिस कर्मियों को दिशा निर्देश देते नजर आ रहे थे। आरोप है कि इसमें एसडीएम ने लठ मारने के सीधे तौर पर निर्देश दे दिए। इस वीडियो ने किसानों का आक्रोश बढ़ा दिया और विपक्षियों ने भी इसे मुद्दा बनाने में देर नहीं लगाई।
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भाकियू, संयुक्त किसान मोर्चा तो लाठीचार्ज के लिए सीधे तौर पर एसडीएम आदि अफसरों पर केस दर्ज करने की मांग कर चुका है। कांग्रेस, वामपंथी दल आदि विपक्षी संगठनों के भी एसडीएम निशाने पर हैं। ये संगठन उन पर मुकदमा दर्ज कर बर्खास्तगी की मांग कर रहे हैं। हालांकि हरियाणा सरकार ने बुधवार को एसडीएम आयुष सिन्हा के साथ प्रदेश में कई अन्य अधिकारियों के भी तबादले किए हैं।
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