फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Haren adulterated rice seeds to farmers on

धान का मिलावटी बीज देने पर बिफरे किसान

Fri, 20 Sep 2013 10:07 PM IST
करनाल
करनाल Updated Fri, 20 Sep 2013 10:07 PM IST
विज्ञापन
Haren adulterated rice seeds to farmers on
गांव शेखपुरा सुहाना के किसान को धान का मिलावटी बीज देने के विरोध में किसानों ने नारेबाजी कर जमकर बवाल काटा। विरोध करने पहुंचे भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रतन मान ने कहा कि किसान का नुकसान किसी हाल नहीं होने दिया जाएगा।
विज्ञापन


दुकानदार पर इस मामले में शिकायत मिलने के बावजूद भी कार्रवाई नहीं कराने वाले अधिकारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कराएंगे। पूरे मामले को अब किसान नहीं, बल्कि यूनियन अपने स्तर पर लेगी। किसानों के कडे़ तेवर देखकर दुकानदार और कृषि अधिकारियों के रंग उड़ गए।
विज्ञापन


कृषि अधिकारियों ने बिना किसी देरी के मामले की गहनता से जांच कराने के लिए तीन सदस्यों की कमेटी का गठन किया है, जो शनिवार को खेत में जाकर जांच करेगी। गांव शेखपुरा निवासी किसान सतीश कुमार ने धान की किस्म पीआर 114 का तीन एकड़ का बीज खरीदा था। किसान के मुताबिक धान हरी भरी रही लेकिन निसार के समय खेत पर साफ नजर आया कि किसान के साथ बीज देने के नाम पर ठगी की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उससे अच्छे और एक वैराइटी के बीज का पैसा लिया गया और मिलावटी बीज थमा दिया गया। धान के पेड़ों पर निसार ढंग से नहीं हुआ। कहीं निसार है तो कहीं अभी निसार नहीं है। दो प्रकार के बीज एक ही खेत में लगवा देने पर किसान को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।

एक आधे खेत पर खड़ी धान की फसल अगले सप्ताह तक पकाई पर होगी और आधे पर पकाई होनी में अभी बीस दिन भी लग सकते हैं। ऐसे में किसान धान की कटाई किस ढंग से कराए। कंबाइन भी नहीं लगाई जा सकती है और मजदूर भी कटाई नहीं कर सकते हैं।

इसकी शिकायत दुकानदार से की गई तो दुकानदार ने किसान को बुरी तरह धमकाया। किसान ने आरोप लगाया कि कार्रवाई की तो उसे जान से मार देने की धमकी दी गई। इस पर किसान ने संबंधित कृषि अधिकारी को शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।

परेशान किसान ने भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रतन मान के समक्ष रोना रोया। पूरा मामला सामने आने पर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रतन मान शुक्रवार को किसान के खेत पर हालात देखने पहुंचे। उनके साथ भाकियू रोहतक मंडल के अध्यक्ष प्रेमचंद शाहपुर, श्यामसिंह मान, सलिंद्र सांगवान, चांदवीर सुहाना, राजेंद्र, प्रीतमसिंह, जरनैल सिंह, दुलीचंद, लख्मीचंद, सुमेरसिंह सहित अन्य मौजूद थे।

किसान प्रतिनिधिमंडल के लोगों ने खेत पर धान की फसल का हाल देखा तो पूरी स्थिति का पता चल गया। विरोध में उन लोगों ने खेत पर ही दुकानदार और कृषि विभाग के अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी की। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने खेत से ही संबंधित कृषि अधिकारी को पूरे मामले की जानकारी दी।

अधिकारियों को पूरी जानकारी हुई तो दुकानदार और अधिकारी के रंग उड़ गए। बिना देरी के किसानों को कृषि कार्यालय बुलाया गया और तीन सदस्यों की टीम गठित की गई। यह टीम शनिवार को खेत पर जाकर निरीक्षण करेगी और मामले की जांच कराएगी।
 
जान से मारने की धमकी का आरोप
उसने धान की रोपाई के समय में बेहतर और एक वैराइटी के बीज होने के दुकानदार के दावे के बाद बीज खरीदा था। अब धान के निसार के समय धान की पकाई कहीं देरी से तो कहीं जल्दी होने की बात सामने आ रही है। उसने अपनी फसल से फल लेने के लिए पूरी मेहनत की है।

वैज्ञानिकों के दृष्टिकोण के अनुसार वह खेती का काम करता रहा है। इसके बावजूद उसे कुछ मिलने की संभावना नहीं। शिकायत करने पर दुकानदार बदतमीजी करता है और उसे जान से मारने की धमकी दे रहा है। उधर, कृषि विभाग के अधिकारी भी मामले को ढीला लिए हुए थे।

सतीश कुमार, पीड़ित किसान, शेखपुरा

किसान को दिलाएंगे न्याय
वे लोग इस मामले को ढीला नहीं पड़ने देंगे। कुछ भी हो किसान को न्याय दिलाएंगे। मामले की पूरी जांच होनी चाहिए। ऐसा नहीं है कि वह किसान का बेवजह पक्ष करेंगे लेकिन उसे नाजायज तौर पर मरने नहीं देंगे। किसान के साथ सरेआम ज्यादती हुई है। दुकानदार और संबंधित कृषि अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई कराएंगे। वह न्याय के लिए संघर्ष करते हैं। न्याय पाने के लिए उन्हें जो करना पडे़, करेंगे।
रतन मान, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, भारतीय किसान यूनियन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed