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मरने के चार साल बाद भी लेते रहे पेंशन
नीलोखेड़ी
Updated Wed, 18 Sep 2013 11:22 PM IST
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पधाना गांव में एक व्यक्ति करीब चार साल तक और एक महिला अपनी मृत्यु के डेढ़ साल बाद भी पेंशन लेते रहे। आरटीआई में इसका खुलासा होने के बाद जब मामले की शिकायत बीडीपीओ के पास पहुंची तो जांच तुरंत शुरू कर दी गई।
बुधवार को बीडीपीओ जगबीर सिंह दलाल ने सरपंच और शिकायतकर्ता के बयान दर्ज किए। पधाना गांव के युवक नरेश ने जिला समाज कल्याण अधिकारी करनाल से सूचना अधिकार अधिनियम के तहत जानकारी मांगी थी कि पधाना गांव के माइधन उर्फ माइराम पुत्र कुंदन और सुषमा पत्नी रमेश ने किस वर्ष तक विभाग से पेंशन प्राप्त की है।
समाज कल्याण विभाग ने अपने पत्र में जानकारी दी कि माइधन पुत्र कुंदन ने जून 2013 और सुषमा पत्नी रमेश ने दिसंबर 2012 तक पेंशन प्राप्त की है। अधिनियम के तहत जानकारी मिलने के बाद नरेश व प्रवीण ने 27 अगस्त को मामले की शिकायत बीडीपीओ को की। दोनों ने बीडीपीओ को भेजी शिकायत में आरोप लगाया कि माईधन उर्फ माइराम की मृत्यु 18 नवंबर 2009 और सुषमा की मृत्यु 15 मई 2011 को हो चुकी है और दोनों की पेंशन हड़पी जा रही है।
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शिकायतकर्ताओं ने शिकायत पत्र के साथ दोनों की मृत्यु के प्रमाणपत्र संलग्न करते हुए जांच की मांग की। इस पर बीडीपीओ ने जांच शुरू कर दी है। बीडीपीओ जगबीर सिंह दलाल ने बताया कि पधाना गांव के नरेश व प्रवीण ने शिकायत की थी कि एक पुरुष व महिला की मृत्यु के बाद भी उनके नाम की पेंशन हड़पी गई है। संबंधित रिकॉर्ड मंगवाया गया है और दोनाें पक्षों के बयान लिए गए हैं।
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बुधवार को बीडीपीओ जगबीर सिंह दलाल ने सरपंच और शिकायतकर्ता के बयान दर्ज किए। पधाना गांव के युवक नरेश ने जिला समाज कल्याण अधिकारी करनाल से सूचना अधिकार अधिनियम के तहत जानकारी मांगी थी कि पधाना गांव के माइधन उर्फ माइराम पुत्र कुंदन और सुषमा पत्नी रमेश ने किस वर्ष तक विभाग से पेंशन प्राप्त की है।
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समाज कल्याण विभाग ने अपने पत्र में जानकारी दी कि माइधन पुत्र कुंदन ने जून 2013 और सुषमा पत्नी रमेश ने दिसंबर 2012 तक पेंशन प्राप्त की है। अधिनियम के तहत जानकारी मिलने के बाद नरेश व प्रवीण ने 27 अगस्त को मामले की शिकायत बीडीपीओ को की। दोनों ने बीडीपीओ को भेजी शिकायत में आरोप लगाया कि माईधन उर्फ माइराम की मृत्यु 18 नवंबर 2009 और सुषमा की मृत्यु 15 मई 2011 को हो चुकी है और दोनों की पेंशन हड़पी जा रही है।
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शिकायतकर्ताओं ने शिकायत पत्र के साथ दोनों की मृत्यु के प्रमाणपत्र संलग्न करते हुए जांच की मांग की। इस पर बीडीपीओ ने जांच शुरू कर दी है। बीडीपीओ जगबीर सिंह दलाल ने बताया कि पधाना गांव के नरेश व प्रवीण ने शिकायत की थी कि एक पुरुष व महिला की मृत्यु के बाद भी उनके नाम की पेंशन हड़पी गई है। संबंधित रिकॉर्ड मंगवाया गया है और दोनाें पक्षों के बयान लिए गए हैं।