फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Delhi used to get farmers going to punjab

किसानों के समर्थन में ग्रामीणों ने चलाया अटूट लंगर

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 11 Dec 2020 02:20 AM IST
विज्ञापन
Delhi used to get farmers going to punjab
दिल्ली में चल रहे किसानों के धरने में पहुंचने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग पर पंजाब के किसानों का तांता लगा हुआ है। हर घंटे करीब 100 वाहन यहां से गुजर रहे हैं। दिल्ली से वापसी पंजाब की ओर भी ट्रैक्टर-ट्रालियों में किसान लौट रहे हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग पर ओएसिस पर्यटन केंद्र के समीप स्थानीय किसानों ने आंदोलनकारी किसानों के लिए अटूट लंगर चलाया हुआ है। पिछले पांच दिन से यहां लगातार भोजन व चाय-पानी की सेवा चल रही है। धरने से लौटने वाले किसान यहां कुछ देर भोजन-पानी ग्रहण कर पंजाब और दिल्ली की ओर रवाना हो रहे हैं।
विज्ञापन

कुराली गांव के किसानों ने यह व्यवस्था पहले अपने गांव के समीप इंद्री स्टेट हाइवे पर की थी। उसके बाद जीटी रोड पर भोजन की व्यवस्था की। उसके बाद दरड़, सलारू व अन्य गांवों के किसानों ने इस सेवा कार्य में सहयोग किया है। यहां सुबह पांच बजे से चाय शुरू हो जाती है। वहीं दिन में करीब छह से सात हजार लोग भोजन करते हैं। प्रतिदिन पांच से सात क्विंटल तक दूध किसानों द्वारा एकत्रित करके यहां भेजा जा रहा है। कुराली के किसानों ने कहा कि जब तक दिल्ली में आंदोलन चलेगा, तब तक यह लंगर टूटने नहीं दिया जाएगा। सेवादारों ने कहा कि यह व्यवस्था न केवल किसानों के लिए बल्कि आम यात्री कोई भी यहां किसानों के लंगर में खाना ले सकता है। रात के दस बजे तक भोजन उपलब्ध है। लंगर व्यवस्था में सेवादारों में उत्साह देखने लायक है। पुरुषों के साथ ही महिलाएं भी लंगर सेवा में जुटी हुईं हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed