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Kaithal News: बालू में मिले बर्तन, अवशेषों का होगा अध्ययन
Sat, 01 Jul 2023 01:22 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 01 Jul 2023 01:22 AM IST
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कलायत/कैथल। हड़प्पा कालीन टीले से कुछ दूरी पर वीरवार को तालाब की खोदाई के दौरान मिले प्राचीन कुएं, मिट्टी के बर्तन और अन्य अवशेषों की जांच के लिए शुक्रवार को पुरातत्व विभाग की टीम बालू गांव में पहुंची। मौका मुआयना के बाद टीम के सदस्यों ने कहा कि अवशेषों का अध्ययन करने के बाद एक सप्ताह में स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
उन्होंने कहा कि अवशेषों को लेकर हरियाणा पुरातत्व विभाग मुख्यालय चंडीगढ़ में अध्ययन करेगा। गांव बालू पहुंचे पुरातत्ववेत्ता रविअत्री ने बताया कि विभाग की उप निदेशक डॉ. बनानी भट्टाचार्य के निर्देश पर तालाब में मिले कुएं के निर्माण में प्रयुक्त ईंटों और अन्य अवशेषों के नमूने एकत्रित किए गए हैं। टीम के निरीक्षण के समय सामाजिक कार्यकर्ता व काफी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। तालाब के ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए हरियाणा पुरातत्व विभाग ने जिला प्रशासन के माध्यम से तालाब की खोदाई का कार्य तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया है। जिस स्थान पर कुआं मिला है, वहां बैरिकेड लगा दिए गए हैं। आरटीआई कार्यकर्ता गुरदेव सिंह, हरि राम, शमशेर सिंह, सोना राम, रामफल, पंजाब सिंह, नसीब, विशाल, वीरेंद्र, अजय, सुनील और दूसरे बड़े-बुजुर्गों का कहना है कि तालाब से जिस प्रकार निरंतर प्राचीन काल के अवशेषों के मिलने का क्रम जारी है। इसमें इनकी पहचान करते हुए जीर्णाेद्धार जरूरी है।
हरियाणा पुरातत्व विभाग की उप निदेशक डॉ. बनानी भट्टाचार्य ने कहा कि गांव बालू के तालाब से कुएं और इसके आसपास मिले मिट्टी के बर्तनों के सैंपल टीम ने लिए हैं।
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विभाग के चंडीगढ़ मुख्यालय पर इन नमूनों की जांच होगी। अवशेषों और धरोहर के संरक्षण को लेकर विभाग के साथ जिला प्रशासन द्वारा प्रभावी कदम उठाने का कार्य जारी है।
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उन्होंने कहा कि अवशेषों को लेकर हरियाणा पुरातत्व विभाग मुख्यालय चंडीगढ़ में अध्ययन करेगा। गांव बालू पहुंचे पुरातत्ववेत्ता रविअत्री ने बताया कि विभाग की उप निदेशक डॉ. बनानी भट्टाचार्य के निर्देश पर तालाब में मिले कुएं के निर्माण में प्रयुक्त ईंटों और अन्य अवशेषों के नमूने एकत्रित किए गए हैं। टीम के निरीक्षण के समय सामाजिक कार्यकर्ता व काफी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे। तालाब के ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए हरियाणा पुरातत्व विभाग ने जिला प्रशासन के माध्यम से तालाब की खोदाई का कार्य तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया है। जिस स्थान पर कुआं मिला है, वहां बैरिकेड लगा दिए गए हैं। आरटीआई कार्यकर्ता गुरदेव सिंह, हरि राम, शमशेर सिंह, सोना राम, रामफल, पंजाब सिंह, नसीब, विशाल, वीरेंद्र, अजय, सुनील और दूसरे बड़े-बुजुर्गों का कहना है कि तालाब से जिस प्रकार निरंतर प्राचीन काल के अवशेषों के मिलने का क्रम जारी है। इसमें इनकी पहचान करते हुए जीर्णाेद्धार जरूरी है।
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हरियाणा पुरातत्व विभाग की उप निदेशक डॉ. बनानी भट्टाचार्य ने कहा कि गांव बालू के तालाब से कुएं और इसके आसपास मिले मिट्टी के बर्तनों के सैंपल टीम ने लिए हैं।
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विभाग के चंडीगढ़ मुख्यालय पर इन नमूनों की जांच होगी। अवशेषों और धरोहर के संरक्षण को लेकर विभाग के साथ जिला प्रशासन द्वारा प्रभावी कदम उठाने का कार्य जारी है।