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Kaithal News: बसों की कमी से संगतपुरा-धनौरी रूट बंद, बढ़ी मुश्किलें
Tue, 12 May 2026 12:19 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Tue, 12 May 2026 12:19 AM IST
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बस स्टैंड कैथल पर खड़े यात्रियों की फोटो।
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिले में रोडवेज बसों की लगातार घटती संख्या का असर अब रात्रि ठहराव सेवाओं पर भी दिखाई देने लगा है। बसों की कमी के चलते कैथल से संगतपुरा-धनौरी रूट की बस सेवा बंद पड़ी है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कैथल से दोपहर 2:40 बजे चलने वाली संगतपुरा बस गढ़ी, पाडला, मालखेड़ी, दिल्लोवाली, सांघन, नंद सिंह खेड़ा और संगतपुरा गांवों से होकर गुजरती थी। ग्रामीणों के अनुसार यह बस नौकरीपेशा लोगों, विद्यार्थियों और रोजाना सफर करने वाले यात्रियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण थी। बस सेवा बंद होने के बाद लोगों को निजी वाहनों और महंगे साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है।
वहीं चीका रात्रि ठहराव सेवा भी प्रभावित हो रही है। पहले शाम साढ़े चार बजे बस अड्डा कैथल से चीका के लिए नियमित बस संचालित होती थी, लेकिन अब बसों की उपलब्धता कम होने के कारण इसका संचालन प्रभावित हो गया है। सुबह साढ़े चार बजे लौटने वाली सेवा भी अनियमित चल रही है।
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यात्री संदीप, राजेश, मनोज और नरपाल सिंह ने बताया कि दोनों बस सेवाएं बंद होने से समय पर गंतव्य तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। कई बार यात्रियों को घंटों बस स्टैंड पर इंतजार करना पड़ता है। विद्यार्थियों और कर्मचारियों को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने मांग की कि दोनों बस सेवाओं को जल्द बहाल किया जाए, ताकि लोगों को आने-जाने में दिक्कत न हो और वे समय पर अपने कार्यस्थल तक पहुंच सकें।
250 बसों की जरूरत, डिपो में केवल 158 बसें
कैथल जिले में हर वर्ष रोडवेज बसों की संख्या घटती जा रही है। वर्तमान में डिपो में केवल 158 बसें ही बची हैं, जबकि विभिन्न रूटों पर सुचारु संचालन के लिए करीब 250 बसों की आवश्यकता बताई जा रही है। ऐसे में डिपो को अभी भी लगभग 92 अतिरिक्त बसों की जरूरत है।
वर्जन-
नई बसों की मांग भेजी गई
टीएम विपुल कुमार ने बताया कि पुरानी बसें जर्जर हुई है। विभाग की ओर से मुख्यालय को नई बसों की मांग भेजी गई है। नई बसें मिलने की उम्मीद है। रूटों पर यात्रियों को परेशानी नहीं आने दी जा रही है।
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कैथल। जिले में रोडवेज बसों की लगातार घटती संख्या का असर अब रात्रि ठहराव सेवाओं पर भी दिखाई देने लगा है। बसों की कमी के चलते कैथल से संगतपुरा-धनौरी रूट की बस सेवा बंद पड़ी है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कैथल से दोपहर 2:40 बजे चलने वाली संगतपुरा बस गढ़ी, पाडला, मालखेड़ी, दिल्लोवाली, सांघन, नंद सिंह खेड़ा और संगतपुरा गांवों से होकर गुजरती थी। ग्रामीणों के अनुसार यह बस नौकरीपेशा लोगों, विद्यार्थियों और रोजाना सफर करने वाले यात्रियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण थी। बस सेवा बंद होने के बाद लोगों को निजी वाहनों और महंगे साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है।
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वहीं चीका रात्रि ठहराव सेवा भी प्रभावित हो रही है। पहले शाम साढ़े चार बजे बस अड्डा कैथल से चीका के लिए नियमित बस संचालित होती थी, लेकिन अब बसों की उपलब्धता कम होने के कारण इसका संचालन प्रभावित हो गया है। सुबह साढ़े चार बजे लौटने वाली सेवा भी अनियमित चल रही है।
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यात्री संदीप, राजेश, मनोज और नरपाल सिंह ने बताया कि दोनों बस सेवाएं बंद होने से समय पर गंतव्य तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। कई बार यात्रियों को घंटों बस स्टैंड पर इंतजार करना पड़ता है। विद्यार्थियों और कर्मचारियों को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने मांग की कि दोनों बस सेवाओं को जल्द बहाल किया जाए, ताकि लोगों को आने-जाने में दिक्कत न हो और वे समय पर अपने कार्यस्थल तक पहुंच सकें।
250 बसों की जरूरत, डिपो में केवल 158 बसें
कैथल जिले में हर वर्ष रोडवेज बसों की संख्या घटती जा रही है। वर्तमान में डिपो में केवल 158 बसें ही बची हैं, जबकि विभिन्न रूटों पर सुचारु संचालन के लिए करीब 250 बसों की आवश्यकता बताई जा रही है। ऐसे में डिपो को अभी भी लगभग 92 अतिरिक्त बसों की जरूरत है।
वर्जन-
नई बसों की मांग भेजी गई
टीएम विपुल कुमार ने बताया कि पुरानी बसें जर्जर हुई है। विभाग की ओर से मुख्यालय को नई बसों की मांग भेजी गई है। नई बसें मिलने की उम्मीद है। रूटों पर यात्रियों को परेशानी नहीं आने दी जा रही है।