कैथल। जिले में रविवार सुबह होते ही तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश से जहां एक ओर लोगों को गर्मी से राहत मिली, वहीं दूसरी ओर निचले इलाकों में जलभराव के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। वहीं, शहर के अधिकतर इलाकों में जलभराव ने संबंधित विभाग के पानी निकासी के दावों की पोल खोल दी।
बारिश से शहर के माता गेट, डोगरा गेट, प्रताप गेट,अर्जुन नगर ,ऋषि नगर, ढांड रोड, अंबाला रोड, विश्वकर्मा चौक सहित कई अन्य इलाकों में जलभराव हो गया। सड़कों पर पानी भरने से लोगों को आने-जाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। दुकानदारों को अपने दुकानों के बाहर पानी निकालने में मशक्कत करनी पड़ी। स्थानीय लोगों ने जल निकासी की व्यवस्था को लेकर नाराजगी जताई। उनका कहना था कि हर बार बारिश होते ही यही स्थिति बनती है, लेकिन स्थाई समाधान की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा। कृषि विज्ञान केंद्र के मुख्य समन्वयक डाॅ. रमेश चंद्र वर्मा ने बताया कि तेज बारिश होने सब्जियों की फसलों को नुकसान हो सकता हैं। वहीं, मौसम विभाग के पूर्वानुमान अनुसार तीन सितंबर तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अत्यधिक जलभराव वाले क्षेत्रों से बचें और सावधानी बरतें। रविवार को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बारिश के चलते तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। संवाद

10 कैथल। बारिश के बाद अंबाला रोड पर हुआ जलभराव। संवाद

10 कैथल। बारिश के बाद अंबाला रोड पर हुआ जलभराव। संवाद

10 कैथल। बारिश के बाद अंबाला रोड पर हुआ जलभराव। संवाद

10 कैथल। बारिश के बाद अंबाला रोड पर हुआ जलभराव। संवाद

10 कैथल। बारिश के बाद अंबाला रोड पर हुआ जलभराव। संवाद

10 कैथल। बारिश के बाद अंबाला रोड पर हुआ जलभराव। संवाद