{"_id":"2fb8223802688a7408dc595fc3eef76a","slug":"punjabi-fraternity-has-collected-rs-10-lakh-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":" पंजाबी बिरादरी ने किए 10 लाख रुपये एकत्रित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंजाबी बिरादरी ने किए 10 लाख रुपये एकत्रित
अमर उजाला ब्यूरो/कैथल
Updated Sun, 28 Feb 2016 11:22 PM IST
विज्ञापन
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान उपद्रवियों के कहर से पीड़ित हुए लोगों की मदद के लिए रविवार को समस्त बिरादरी के हाथ एक साथ उठे। गीता भवन मंदिर में पंजाबी समुदाय से जुड़ी सभी संस्थाओं के प्रतिनिधि एक मंच पर एकत्रित हुए और उन्होंने सभी का आह्वान करते हुए दंगा पीड़ितों के लिए एक आवाज पर पहले चरण में लगभग 10 लाख रुपये की राशि एकत्रित की। यह राशि उपद्रवियों द्वारा किसी भी वर्ग और समुदाय के लोगों के प्रतिष्ठानों को किए गए नुकसान की भरपाई के रूप में यथासंभव दी जाएगी।
पंजाबी महापंचायत में सर्वसम्मति से यह निर्णय भी हुआ कि 1 मार्च, मंगलवार को जाट आरक्षण के दौरान हुए घटनाक्रमों के विरोध में 35 बिरादरी के साथ सामूहिक रोष मार्च निकाला जाएगा। गीता भवन परिसर में एकत्रित पंजाबी बिरादरी के सैंकड़ों लोगों ने एकमत से समाजसेवी शिव शंकर पाहवा को इस मुहिम की कमान सौंपी। पंजाबी समुदाय से जुड़ी जिन संस्थाओं के प्रतिनिधि इस मुहिम को आगे बढ़ाने के लिए गीता भवन में पहुंचे, उनमें पंजाबी वेल्फेयर सभा, गीता भवन मंदिर सभा, पंजाबी सेवा सदन, पंजाबी विकास सभा, शिव वाटिका, अरोड़ा वंश शक्तिपीठ इत्यादि शामिल हैं। शिव शंकर पाहवा ने लोगों को आहन किया कि वे पीड़ा और संवेदना की इस घड़ी में एक दूसरे के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलने के लिए तैयार रहे। दंगा पीड़ितों को पूरा मुआवजा दिलाने के लिए प्रदेश सरकार पर पंजाबी समुदाय ने एकजुट होकर दबाव डालना है।
समाजसेवी कैलाश भगत ने एकजुटता बनाने और पंजाबी समाज के संगठन को मजबूत करने की अपील करते हुए कहा कि हम सबको अपनी लड़ाई मिलजुलकर लडनी है ताकि पीड़ितों को मदद हो। सुधीर मेहत्ता, विनोद मिड्डा, इंद्रजीत सरदाना सहित अन्य ने कहा कि इस तरह की पुनर्रावत्ति कहीं होती दिखाई देती है तो तुरंत सोशल मीडिया या दूरभाष का प्रयोग करके एक-दूसरे को इसकी सूचना दें। ताकि समय रहते किसी भी नुकसान से लोगों को बचाया जा सके। इस अवसर पर सुभाष कथूरिया, प्रदर्शन परुथी ने कहा कि भारत के बंटवारे के बाद से अब तक किसी न किसी अवसर पर किसी न किसी बहाने पंजाबी बिरादरी को निशाना बनाया जाता रहा है।
विज्ञापन
यह समुदाय केवल मेहनत में विश्वास रखता है और एक दूसरे को लड़ाने की फिराक में इस समुदाय ने कभी कोई ऐसा कदम नहीं उठाया है। इस मौके पर सतीश राजपाल, अनिल आहुजा, महेश दुआ, पार्षद कृष्ण गांधी, सुषम कपूर, विनोद खंडूजा, विक्रमजीत मुल्तानी, सुशील चोपड़ा, हरचरण छाबड़ा, सोनू सेठ ने भी अपने विचार रखे। मंच का संचालन अशोक भारती ने किया। इस अवसर पर तुलसीदास सचदेवा, कृष्ण मिगलानी, ओमप्रकाश दुआ, डा. कश्मीरी लाल कुमार, रमेश डेमला, कृष्ण नारंग, सुभाष नारंग, दिलबाग डोरा, पवन भारती, टेकचंद बहल, रामप्रकाश कालरा, पवन थरेजा, सुरेंद्र गुगलानी, सुनील बतरा, सतीश सोनी, राजेंद्र खुराना आदि मौजूद रहे।
उपद्रवियों से पीड़ित ने भी दी सहायता राशि
पद्मा सिटी मॉल और जन्नत होटल को आरक्षण आंदोलन के दौरान तोड़ा फोड़ा गया। लेकिन उनके संचालकों ने भी सहायता राशि दी है। पद्मा सिटी मॉल के संचालक मुरारी लाल ने 21 हजार रुपये की सहायता राशि और जन्नत होटल के संचालक ने भी 11 हजार रुपये की सहायता राशि दी है।
विज्ञापन
पंजाबी महापंचायत में सर्वसम्मति से यह निर्णय भी हुआ कि 1 मार्च, मंगलवार को जाट आरक्षण के दौरान हुए घटनाक्रमों के विरोध में 35 बिरादरी के साथ सामूहिक रोष मार्च निकाला जाएगा। गीता भवन परिसर में एकत्रित पंजाबी बिरादरी के सैंकड़ों लोगों ने एकमत से समाजसेवी शिव शंकर पाहवा को इस मुहिम की कमान सौंपी। पंजाबी समुदाय से जुड़ी जिन संस्थाओं के प्रतिनिधि इस मुहिम को आगे बढ़ाने के लिए गीता भवन में पहुंचे, उनमें पंजाबी वेल्फेयर सभा, गीता भवन मंदिर सभा, पंजाबी सेवा सदन, पंजाबी विकास सभा, शिव वाटिका, अरोड़ा वंश शक्तिपीठ इत्यादि शामिल हैं। शिव शंकर पाहवा ने लोगों को आहन किया कि वे पीड़ा और संवेदना की इस घड़ी में एक दूसरे के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलने के लिए तैयार रहे। दंगा पीड़ितों को पूरा मुआवजा दिलाने के लिए प्रदेश सरकार पर पंजाबी समुदाय ने एकजुट होकर दबाव डालना है।
विज्ञापन
समाजसेवी कैलाश भगत ने एकजुटता बनाने और पंजाबी समाज के संगठन को मजबूत करने की अपील करते हुए कहा कि हम सबको अपनी लड़ाई मिलजुलकर लडनी है ताकि पीड़ितों को मदद हो। सुधीर मेहत्ता, विनोद मिड्डा, इंद्रजीत सरदाना सहित अन्य ने कहा कि इस तरह की पुनर्रावत्ति कहीं होती दिखाई देती है तो तुरंत सोशल मीडिया या दूरभाष का प्रयोग करके एक-दूसरे को इसकी सूचना दें। ताकि समय रहते किसी भी नुकसान से लोगों को बचाया जा सके। इस अवसर पर सुभाष कथूरिया, प्रदर्शन परुथी ने कहा कि भारत के बंटवारे के बाद से अब तक किसी न किसी अवसर पर किसी न किसी बहाने पंजाबी बिरादरी को निशाना बनाया जाता रहा है।
विज्ञापन
यह समुदाय केवल मेहनत में विश्वास रखता है और एक दूसरे को लड़ाने की फिराक में इस समुदाय ने कभी कोई ऐसा कदम नहीं उठाया है। इस मौके पर सतीश राजपाल, अनिल आहुजा, महेश दुआ, पार्षद कृष्ण गांधी, सुषम कपूर, विनोद खंडूजा, विक्रमजीत मुल्तानी, सुशील चोपड़ा, हरचरण छाबड़ा, सोनू सेठ ने भी अपने विचार रखे। मंच का संचालन अशोक भारती ने किया। इस अवसर पर तुलसीदास सचदेवा, कृष्ण मिगलानी, ओमप्रकाश दुआ, डा. कश्मीरी लाल कुमार, रमेश डेमला, कृष्ण नारंग, सुभाष नारंग, दिलबाग डोरा, पवन भारती, टेकचंद बहल, रामप्रकाश कालरा, पवन थरेजा, सुरेंद्र गुगलानी, सुनील बतरा, सतीश सोनी, राजेंद्र खुराना आदि मौजूद रहे।
उपद्रवियों से पीड़ित ने भी दी सहायता राशि
पद्मा सिटी मॉल और जन्नत होटल को आरक्षण आंदोलन के दौरान तोड़ा फोड़ा गया। लेकिन उनके संचालकों ने भी सहायता राशि दी है। पद्मा सिटी मॉल के संचालक मुरारी लाल ने 21 हजार रुपये की सहायता राशि और जन्नत होटल के संचालक ने भी 11 हजार रुपये की सहायता राशि दी है।