{"_id":"8324bd5e6968a3f0818ec81a50fc325e","slug":"parole-on-the-murder-fugitive-arrested-in-punjab","type":"story","status":"publish","title_hn":"पत्नी को मारने वाला पंजाब से पकड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पत्नी को मारने वाला पंजाब से पकड़ा
अमर उजाला ब्यूरो/ कैथल
Updated Mon, 19 May 2014 12:23 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुल्हाड़ी से पत्नी की हत्या के दोष में उम्रकैद की सजा काट रहा कैदी पैरोल के बाद फरार था। सीआईए पुलिस ने पटियाला के पंजाब से कैदी को गिरफ्तार कर लिया है।
कैथल पुलिस के इस मोस्टवांटेड इस्तहारी भगोड़े की गिरफ्तारी पर डीजीपी की ओर से 10 हजार रुपये ईनाम की घोषणा की गई थी।
आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस प्रवक्ता रोशन लाल खटकड़ ने बताया 3 जनवरी 2007 की रात अर्जुन नगर कैथल वासी जसवंत सिंह ने रात के समय घर सोई हुई पत्नी मंगती देवी की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी।
आरोपी ने करीब 10 वर्षीय पुत्री पर भी जानलेवा हमला किया। जो सौभाग्य से बच गई। मृतका के 12 वर्षीय व 5 वर्षीय दो बेटे एवं 10 वर्षीय पुत्री थी।
घरेलू विवाद के चलते इससे पूर्व मंगती देवी कई वर्ष से बच्चों के साथ चक्कूलदाना में भाई इंद्र सिंह के पास रह रही थी। जिसे आरोपी करीब एक वर्ष पूर्व ही अर्जुन नगर लाया था।
विज्ञापन
6 जनवरी को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। न्यायालय ने 3 दिसंबर 08 को उम्रकैद की सजा सुनाई। प्रवक्ता ने बताया बाद में दोषी 4 सप्ताह के पैरोल पर छुट्टी आया था।
उसे 4 जुलाई 2012 को जेल में आत्मसमर्पण करना था। समय पर वापस नहीं पहुंचने पर डिप्टी सुपरिंटेंडेंट जिला जेल कैथल रामकुमार की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ हरियाणा कैदी सदाचार आचरण अधिनियम की धाराओं तहत 4 अगस्त 12 को मामला दर्ज कर दिया गया।
आरोपी के काबू नहीं आने पर पुलिस ने अदालत के जरिए इस्तहार जारी कराए। इसके बाद उसे भगोड़ा करार देते हुए एक अन्य मामला थाना शहर में दर्ज कर दिया गया।
मोस्टवांटेड जसवंत की गिरफ्तारी पर डीजीपी हरियाणा एसएन वशिष्ठ ने 10 हजार रुपये इनाम की घोषणा की थी। प्रवक्ता ने बताया सीआईए प्रभारी सत्यवान की अगुवाई में एएसआई कुलदीप सिंह की टीम ने पटियाला में रेड मारते हुए आरोपी जसवंत वासी अर्जुन नगर को गिरफ्तार कर लिया है।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि वह पुलिस से छिपते हुए कभी पंजाब की कंबाइनों पर गुजरात व मध्यप्रदेश में चला जाता तथा बाद में ट्रक यूनियनों के माध्यम से बाहर जाने वाले ट्रक चालकों के साथ 100 रुपये प्रतिदिन की दिहाड़ी पर हेल्पर के तौर पर काम करते हुए जाकर छिपता रहा।
विज्ञापन
कैथल पुलिस के इस मोस्टवांटेड इस्तहारी भगोड़े की गिरफ्तारी पर डीजीपी की ओर से 10 हजार रुपये ईनाम की घोषणा की गई थी।
आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस प्रवक्ता रोशन लाल खटकड़ ने बताया 3 जनवरी 2007 की रात अर्जुन नगर कैथल वासी जसवंत सिंह ने रात के समय घर सोई हुई पत्नी मंगती देवी की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी।
विज्ञापन
आरोपी ने करीब 10 वर्षीय पुत्री पर भी जानलेवा हमला किया। जो सौभाग्य से बच गई। मृतका के 12 वर्षीय व 5 वर्षीय दो बेटे एवं 10 वर्षीय पुत्री थी।
घरेलू विवाद के चलते इससे पूर्व मंगती देवी कई वर्ष से बच्चों के साथ चक्कूलदाना में भाई इंद्र सिंह के पास रह रही थी। जिसे आरोपी करीब एक वर्ष पूर्व ही अर्जुन नगर लाया था।
विज्ञापन
6 जनवरी को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। न्यायालय ने 3 दिसंबर 08 को उम्रकैद की सजा सुनाई। प्रवक्ता ने बताया बाद में दोषी 4 सप्ताह के पैरोल पर छुट्टी आया था।
उसे 4 जुलाई 2012 को जेल में आत्मसमर्पण करना था। समय पर वापस नहीं पहुंचने पर डिप्टी सुपरिंटेंडेंट जिला जेल कैथल रामकुमार की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ हरियाणा कैदी सदाचार आचरण अधिनियम की धाराओं तहत 4 अगस्त 12 को मामला दर्ज कर दिया गया।
आरोपी के काबू नहीं आने पर पुलिस ने अदालत के जरिए इस्तहार जारी कराए। इसके बाद उसे भगोड़ा करार देते हुए एक अन्य मामला थाना शहर में दर्ज कर दिया गया।
मोस्टवांटेड जसवंत की गिरफ्तारी पर डीजीपी हरियाणा एसएन वशिष्ठ ने 10 हजार रुपये इनाम की घोषणा की थी। प्रवक्ता ने बताया सीआईए प्रभारी सत्यवान की अगुवाई में एएसआई कुलदीप सिंह की टीम ने पटियाला में रेड मारते हुए आरोपी जसवंत वासी अर्जुन नगर को गिरफ्तार कर लिया है।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि वह पुलिस से छिपते हुए कभी पंजाब की कंबाइनों पर गुजरात व मध्यप्रदेश में चला जाता तथा बाद में ट्रक यूनियनों के माध्यम से बाहर जाने वाले ट्रक चालकों के साथ 100 रुपये प्रतिदिन की दिहाड़ी पर हेल्पर के तौर पर काम करते हुए जाकर छिपता रहा।