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बच्ची को किए थे अश्लील इशारे, मिली तीन साल कैद
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कैथल। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश पूनम सुनेजा की अदालत ने छह साल की बच्ची को अश्लील इशारे करने के जुर्म में नंदकरण माजरा को तीन साल कैद व 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर चार महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। इस बारे में थाना राजौंद में धारा 354 आईपीसी और धारा 12 पोक्सो एकट के तहत केस दर्ज किया गया था। सरकार की ओर से केस की पैरवी उप जिला न्यायवादी जय भगवान गोयल ने की।
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता के भाई की छह वर्षीय पौत्री अपने घर के बाहर खेल रही थी। खेलते-खेलते वह पड़ौसी रामेश्वर के घर के पास चली गई। वहां घर के बाहर बने बाथरूम में रामेश्वर खड़ा था। बच्ची को देखकर रामेश्वर ने उसकी ओर गंदे, अश्लील इशारे किए और उसे गलत हरकत करने के लिए बुलाने लगा। यह सब देखकर बच्ची घबरा गई और चिल्लाते हुए घर की ओर भागी। फिर दादी को घटना बताई। दादी ने वाकया अपने जेठ को बताया।
इसके बाद शिकायतकर्ता अपने चचेरे भाई के साथ रामेश्वर के घर गया लेकिन वह मिला नहीं। इसके बाद घटना की शिकायत पुलिस को दी गई। पुलिस ने केस दर्ज करके जांच की और अदालत में चालान पेश किया। दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे पूनम सुनेजा की अदालत ने रामेश्वर को दोषी पाया और तीन साल के कारावास तथा 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जमानत न होने के कारण रामेश्वर पहले से ही जेल में है।
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जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता के भाई की छह वर्षीय पौत्री अपने घर के बाहर खेल रही थी। खेलते-खेलते वह पड़ौसी रामेश्वर के घर के पास चली गई। वहां घर के बाहर बने बाथरूम में रामेश्वर खड़ा था। बच्ची को देखकर रामेश्वर ने उसकी ओर गंदे, अश्लील इशारे किए और उसे गलत हरकत करने के लिए बुलाने लगा। यह सब देखकर बच्ची घबरा गई और चिल्लाते हुए घर की ओर भागी। फिर दादी को घटना बताई। दादी ने वाकया अपने जेठ को बताया।
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इसके बाद शिकायतकर्ता अपने चचेरे भाई के साथ रामेश्वर के घर गया लेकिन वह मिला नहीं। इसके बाद घटना की शिकायत पुलिस को दी गई। पुलिस ने केस दर्ज करके जांच की और अदालत में चालान पेश किया। दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे पूनम सुनेजा की अदालत ने रामेश्वर को दोषी पाया और तीन साल के कारावास तथा 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जमानत न होने के कारण रामेश्वर पहले से ही जेल में है।
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