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Kaithal News: एमएसएमई की विभिन्न योजनाओं से कराया परिचित
Tue, 07 Oct 2025 12:51 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Tue, 07 Oct 2025 12:51 AM IST
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MSME बारे छात्र-छात्राओं को किया परिचित।
- फोटो : katra news
संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। आरकेएसडी कॉलेज के सायंकालीन सत्र के अर्थशास्त्र विभाग द्वारा “सफल उद्यमी कैसे बने” विषय पर एक व्याख्यान आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों को सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) की विभिन्न योजनाओं और उनके लाभों के बारे में परिचित कराया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ सायंकालीन सत्र के प्राचार्य प्रभारी डॉ. हरिंदर गुप्ता ने एमएसएमई टीम से आए प्रवक्ताओं का फूल देकर औपचारिक स्वागत करके किया। सेमिनार में सबसे पहले विकास कश्यप, डीआरपी, पीएमएफएमई ने अपने व्याख्यान में बताया कि उद्यमी बनने के लिए सबसे पहले बाजार में समस्या की पहचान करना और उसका समाधान करना आवश्यक है, यही उद्यमिता की नींव है।
दूसरे प्रवक्ता प्रवेश मोर, एलडीएम पीएनबी ने विद्यार्थियों को डिजिटल फ्रॉड से बचने के उपायों से अवगत कराया। इसके बाद बलदेव आर्य, इंडस्ट्रियल एक्सटेंशन ऑफिसर ने एमएसएमई की विभिन्न स्कीमों और उनके लाभों के बारे में जानकारी दी। इसी संदर्भ में डॉ. सूरज वालिया ने कहा कि सफल उद्यमी बनने के लिए एमएसएमई की स्कीमें सहायक होती हैं। विद्यार्थियों ने एमएसएमई के महत्व को समझने के लिए स्लोगन भी तैयार किए, जिससे उनकी सृजनात्मक सोच और जागरूकता बढ़ी। कार्यक्रम के अंत में एमएसएमई टीम को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्रो. अंकित गर्ग, डॉ. मीनू अग्रवाल, डॉ. हिमानी अग्रवाल, प्रो. रेनू, प्रो. रेखा गुप्ता, डॉ. संयोगिता और डॉ. मीनू रानी सहित अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।
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कैथल। आरकेएसडी कॉलेज के सायंकालीन सत्र के अर्थशास्त्र विभाग द्वारा “सफल उद्यमी कैसे बने” विषय पर एक व्याख्यान आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों को सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) की विभिन्न योजनाओं और उनके लाभों के बारे में परिचित कराया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ सायंकालीन सत्र के प्राचार्य प्रभारी डॉ. हरिंदर गुप्ता ने एमएसएमई टीम से आए प्रवक्ताओं का फूल देकर औपचारिक स्वागत करके किया। सेमिनार में सबसे पहले विकास कश्यप, डीआरपी, पीएमएफएमई ने अपने व्याख्यान में बताया कि उद्यमी बनने के लिए सबसे पहले बाजार में समस्या की पहचान करना और उसका समाधान करना आवश्यक है, यही उद्यमिता की नींव है।
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दूसरे प्रवक्ता प्रवेश मोर, एलडीएम पीएनबी ने विद्यार्थियों को डिजिटल फ्रॉड से बचने के उपायों से अवगत कराया। इसके बाद बलदेव आर्य, इंडस्ट्रियल एक्सटेंशन ऑफिसर ने एमएसएमई की विभिन्न स्कीमों और उनके लाभों के बारे में जानकारी दी। इसी संदर्भ में डॉ. सूरज वालिया ने कहा कि सफल उद्यमी बनने के लिए एमएसएमई की स्कीमें सहायक होती हैं। विद्यार्थियों ने एमएसएमई के महत्व को समझने के लिए स्लोगन भी तैयार किए, जिससे उनकी सृजनात्मक सोच और जागरूकता बढ़ी। कार्यक्रम के अंत में एमएसएमई टीम को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्रो. अंकित गर्ग, डॉ. मीनू अग्रवाल, डॉ. हिमानी अग्रवाल, प्रो. रेनू, प्रो. रेखा गुप्ता, डॉ. संयोगिता और डॉ. मीनू रानी सहित अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।
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