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Kaithal News: मांगों के समर्थन में लघु सचिवालय पर जताया रोष
Tue, 15 Aug 2023 01:07 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Tue, 15 Aug 2023 01:07 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। आशा वर्कर्स यूनियन की हड़ताल सोमवार को भी जारी रहीं। इस दौरान जिला सचिवालय पर कैथल और कलायत की आशा कर्मियों ने सभा की। इसकी अध्यक्षता कलायत की प्रवेश और कैथल की ज्योति ने की। इस दौरान आशा कर्मियों ने तिरंगा लेकर सचिवालय से बस स्टैंड तक रोष मार्च निकाला और अन्याय के खिलाफ लड़ाई लडऩे का निश्चय दोहराया।
इस अवसर पर मीणा संगतपुरा, कविता पट्टी अफगान, मीणा देबन, उषा क्योडक़, पूनम कुलतारण, राणो पिंजूपुरा व मंजू कुतबपुर ने कहा कि वे वर्षों से हेल्थ विभाग में काम कर रही हैं। जच्चा बच्चा की देखभाल, सभी तरह के टीकाकरण, अनेकों प्रकार के सर्वे करती है, लेकिन उनके मांग के मुद्दों को लगातार नकारा जा रहा है।
उन्हें वेतन के नाम पर चार हजार मासिक दिए जाते हैं। उन्होंने बताया कि 2018 के बाद उनके वेतन एक भी पैसे की बढ़ोतरी नहीं हुई है, जबकि महंगाई आसमान को छू रही है, उनकी मांग है कि उन्हें स्वास्थ्य कर्मी का दर्जा किया जाए, न्यूनतम वेतन 26 हजार रुपये दिए, ताकि वे ठीक प्रकार से अपने बच्चों व परिवार का गुजरा कर सकें।
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कैथल। आशा वर्कर्स यूनियन की हड़ताल सोमवार को भी जारी रहीं। इस दौरान जिला सचिवालय पर कैथल और कलायत की आशा कर्मियों ने सभा की। इसकी अध्यक्षता कलायत की प्रवेश और कैथल की ज्योति ने की। इस दौरान आशा कर्मियों ने तिरंगा लेकर सचिवालय से बस स्टैंड तक रोष मार्च निकाला और अन्याय के खिलाफ लड़ाई लडऩे का निश्चय दोहराया।
इस अवसर पर मीणा संगतपुरा, कविता पट्टी अफगान, मीणा देबन, उषा क्योडक़, पूनम कुलतारण, राणो पिंजूपुरा व मंजू कुतबपुर ने कहा कि वे वर्षों से हेल्थ विभाग में काम कर रही हैं। जच्चा बच्चा की देखभाल, सभी तरह के टीकाकरण, अनेकों प्रकार के सर्वे करती है, लेकिन उनके मांग के मुद्दों को लगातार नकारा जा रहा है।
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उन्हें वेतन के नाम पर चार हजार मासिक दिए जाते हैं। उन्होंने बताया कि 2018 के बाद उनके वेतन एक भी पैसे की बढ़ोतरी नहीं हुई है, जबकि महंगाई आसमान को छू रही है, उनकी मांग है कि उन्हें स्वास्थ्य कर्मी का दर्जा किया जाए, न्यूनतम वेतन 26 हजार रुपये दिए, ताकि वे ठीक प्रकार से अपने बच्चों व परिवार का गुजरा कर सकें।
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