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Jind News: किसी भी आयु में हो सकता है स्ट्रोक

Tue, 29 Oct 2024 12:19 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद Updated Tue, 29 Oct 2024 12:19 AM IST
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Stroke can happen at any age
28जेएनडी04 : नागरिक अस्पताल में मरीजों का उपचार करते फिजि​शियन डॉ. नरेश वर्मा। संवाद
जींद। मस्तिष्क में रक्त का प्रवाह रुक जाना या फिर नस का फट जाना स्ट्रोक कहलाता है। स्ट्रोक के कारण व्यक्ति जीवनभर के लिए अचेत हो जाता है या फिर उसे अपंग होने का खतरा अधिक रहता है। इसका मुख्य कारण ब्लड प्रेशर अधिक या फिर कोलेस्ट्राल की मात्रा अधिक होना है। समय पर शरीर की जांच करवाने से स्ट्रोक से बचा जा सकता है। चिकित्सकों के अनुसार यह किसी भी आयु में हो सकता है।
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नागरिक अस्पताल के फिजिशियन डॉ. नरेश वर्मा ने बताया कि स्ट्रोक या मस्तिष्क का दौरा तब होता है, जब मस्तिष्क में रक्त का प्रवाह रुक जाता है। यह एक आपातकालीन स्थिति है। रक्तवाहिका में थक्का बनना, रक्तवाहिका का फटना या लीक होना स्ट्रोक का मुख्य कारण है। स्ट्रोक की वजह से मस्तिष्क को स्थायी नुकसान, लंबे समय तक दिव्यांगता या मौत हो सकती है।
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डॉ. वर्मा ने बताया कि चेहरे, हाथ या पैर में अचानक कमजोरी या सुन्न रहना, अचानक भ्रम होना या बोलने में दिक्कत होना, आंखों में देखने में अचानक दिक्कत आना, अचानक चलने में दिक्कत होना, चक्कर आना या संतुलन में दिक्कत होना, बिना किसी वजह अचानक सिरदर्द होना इसके लक्षण हैं।
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कारण
उच्च रक्तचाप, धूम्रपान या धूम्रपान वालों के संपर्क में आना, कोलेस्ट्रॉल की मात्रा अधिक होना, शुगर, हृदय संबंधी बीमारी के कारण स्ट्रोक आ सकता है।
उपचार
समय-समय पर रक्त की जांच करवानी चाहिए। हर छह महीने में ब्लड प्रेशर, शुगर तथा कोलेस्ट्राॅल की जांच करवानी चाहिए। खानपान पर अधिक ध्यान देना चाहिए। तली या बाहर की चीजें नहीं खानी चाहिए। प्रतिदिन व्यायाम या योग करने से स्ट्रोक से बचा जा सकता है।

स्ट्रोक होने की कोई आयु नहीं होती है। कोलेस्ट्रॉल अधिक होने से नशों में खून का धक्का बन जाता है। यदि अधिक ब्लड प्रेशर हो तो नस फटने का भय रहता है, इसलिए हर छह महीने में अपने रक्त की जांच करवाना उचित है। जांच रिपोर्ट के आधार पर चिकित्सक जो भी परामर्श दे, उसके अनुसार दवा या भोजन लेना चाहिए। धूम्रपान और शराब से दूर रहना चाहिए। -डॉ. नरेश वर्मा, फिजिशियन, नागरिक अस्पताल, जींद।

28जेएनडी04 : नागरिक अस्पताल में मरीजों का उपचार करते फिजिशियन डॉ. नरेश वर्मा। संवाद

28जेएनडी04 : नागरिक अस्पताल में मरीजों का उपचार करते फिजिशियन डॉ. नरेश वर्मा। संवाद

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