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दुष्यंत अपने आपको देवीलाल का खून मानते हैं तो भाजपा छोड़ किसानों का दें साथ : विद्यारानी
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नरवाना। महिला कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष विद्या रानी दनौदा ने कहा कि देश व प्रदेश की सरकार अपनी तानाशाही व हठधर्मिता छोड़ देश के अन्नदाता की आवाज सुनें। देश का अन्नदाता कड़कड़ाती ठंड में अपने हकों की लड़ाई के लिए दिल्ली बॉर्डर पर बैठा है। अब तक हुई पांच चरणों की मीटिंग में आश्वासनों के अलावा किसानों को कुछ भी हासिल नहीं हुआ है। विद्या रानी ने कहा कि प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला अपने आपको देवीलाल का खून मानते हैं तो वह तुंरत भाजपा का साथ छोड़कर किसानों के साथ खड़े हों।
बांगर नेताओं के बहिष्कार का फरमान खापों का नहीं, किसी का निजी फैसला : श्योकंद
उचाना। सफा खेड़ी गांव में चहल-दाडन खाप के लोगों की बैठक रविवार को दाडन खाप चबूतरा उचाना कलां के प्रधान सतपाल श्योकंद की अध्यक्षता में हुई। श्योकंद ने कहा कि कुछ लोग नेताओं के बहिष्कार की बात कहते सुने गए हैं। यह बहुत ही निदंनीय है। खापों के नाम पर राजनीति की जा रही है। पंचायत में जो फैसले पास हुए थे, उनमें किसी भी नेता का सामाजिक बहिष्कार करने का कोई भी प्रस्ताव नहीं था। कुछ लोगों ने यह बयान अपनी राजनीति चमकाने के लिए दिया है। इस मौके पर झील गांव के सरपंच प्रदीप मोर, पूर्व सरपंच धर्मेंद्र चहल, सुरेश तारखां, अनिल अलेवा, हरेंद्र सिंह, अभिमन्यु मौजूद रहे।
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बांगर नेताओं के बहिष्कार का फरमान खापों का नहीं, किसी का निजी फैसला : श्योकंद
उचाना। सफा खेड़ी गांव में चहल-दाडन खाप के लोगों की बैठक रविवार को दाडन खाप चबूतरा उचाना कलां के प्रधान सतपाल श्योकंद की अध्यक्षता में हुई। श्योकंद ने कहा कि कुछ लोग नेताओं के बहिष्कार की बात कहते सुने गए हैं। यह बहुत ही निदंनीय है। खापों के नाम पर राजनीति की जा रही है। पंचायत में जो फैसले पास हुए थे, उनमें किसी भी नेता का सामाजिक बहिष्कार करने का कोई भी प्रस्ताव नहीं था। कुछ लोगों ने यह बयान अपनी राजनीति चमकाने के लिए दिया है। इस मौके पर झील गांव के सरपंच प्रदीप मोर, पूर्व सरपंच धर्मेंद्र चहल, सुरेश तारखां, अनिल अलेवा, हरेंद्र सिंह, अभिमन्यु मौजूद रहे।
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